Sunrisers Hyderabad ने IPL 2026 के 63वें मुकाबले में Chennai Super Kings को 5 विकेट से हराकर प्लेऑफ में अपनी जगह पक्की कर ली। लेकिन मैच के बाद सबसे ज्यादा चर्चा जीत से ज्यादा Ishan Kishan के सोशल मीडिया पोस्ट की हो रही है। चेपॉक में मिली इस बड़ी जीत के बाद ईशान किशन ने इंस्टाग्राम पर एक ऐसा कैप्शन पोस्ट किया, जिसे कई फैंस CSK पर सीधा तंज मान रहे हैं। 70 रन की मैच विनिंग पारी चेन्नई के M. A. Chidambaram Stadium में खेले गए मुकाबले में सनराइजर्स हैदराबाद ने शानदार प्रदर्शन किया। पहले बल्लेबाजी करते हुए CSK ने 20 ओवर में 180 रन बनाए। टीम के लिए Dewald Brevis ने 44 रन और कार्तिक शर्मा ने 32 रन की उपयोगी पारी खेली। जवाब में SRH ने 19 ओवर में 5 विकेट खोकर लक्ष्य हासिल कर लिया। ईशान किशन ने 47 गेंदों पर 70 रन की शानदार पारी खेली, जबकि Heinrich Klaasen ने 47 रन बनाकर टीम की जीत में अहम भूमिका निभाई। इंस्टाग्राम पोस्ट ने खींचा ध्यान मैच खत्म होने के बाद ईशान किशन ने इंस्टाग्राम पर पोस्ट शेयर करते हुए लिखा: “One thing louder than the whistle was the bat. Into the playoffs.” इस 12 शब्दों के कैप्शन को सोशल मीडिया पर तेजी से शेयर किया जा रहा है। कई फैंस इसे CSK के मशहूर नारे “Whistle Podu” पर तंज के तौर पर देख रहे हैं। चेन्नई सुपर किंग्स के घरेलू मुकाबलों में फैंस बड़ी संख्या में व्हिसल लेकर स्टेडियम पहुंचते हैं और टीम को सपोर्ट करते हैं। ऐसे में ईशान का यह पोस्ट सोशल मीडिया पर बहस का विषय बन गया। मैदान पर भी दिखा अलग अंदाज रिपोर्ट्स के मुताबिक, मैच खत्म होने के बाद ईशान किशन ने मैदान पर मौजूद दर्शकों की तरफ व्हिसल बजाने का इशारा किया और फिर हाथ के इशारे से “घर जाने” का संकेत भी दिया। यह मुकाबला CSK के घरेलू मैदान चेपॉक में खेला गया था, इसलिए इस प्रतिक्रिया को लेकर सोशल मीडिया पर काफी चर्चा हो रही है। शुभमन गिल भी कर चुके हैं ऐसा पोस्ट इससे पहले Shubman Gill भी CSK के खिलाफ जीत के बाद व्हिसल बजाते हुए फोटो पोस्ट कर चुके हैं। अब ईशान किशन का पोस्ट भी उसी तरह वायरल हो रहा है। प्लेऑफ में पहुंची SRH इस जीत के साथ सनराइजर्स हैदराबाद के 13 मैचों में 16 अंक हो गए हैं और टीम पॉइंट्स टेबल में तीसरे स्थान पर पहुंच गई है। अब SRH की नजरें टॉप-2 फिनिश पर होंगी। वहीं चेन्नई सुपर किंग्स के लिए प्लेऑफ की राह अब बेहद मुश्किल हो गई है।
चेन्नई, एजेंसियां। चेपॉक में CSK के आखिरी लीग मैच के दौरान एमएस धोनी इनिंग्स ब्रेक में मैदान पर आए और पूरी टीम के साथ ग्रुप फोटो खिंचवाई। इसके बाद वे ड्रेसिंग रूम लौट गए। फैंस के लिए यह पल बेहद खास रहा, क्योंकि धोनी के भविष्य और संभावित आखिरी IPL सीजन को लेकर लगातार चर्चाएं चल रही हैं। इससे ये संकेत भी गया है कि संभवतः धोनी अब मैदान पर खेलते हुए नहीं दिखें।
Mahendra Singh Dhoni को लेकर एक बार फिर संन्यास की चर्चाएं तेज हो गई हैं। इसी बीच Chennai Super Kings ने IPL 2026 में अपने घरेलू मैदान पर आखिरी मुकाबला खेला, जिसके बाद चेपॉक स्टेडियम का माहौल बेहद भावुक नजर आया। सीजन के 63वें मुकाबले में Sunrisers Hyderabad ने चेन्नई सुपर किंग्स को 5 विकेट से हराया। इस हार के बाद CSK की प्लेऑफ की राह बेहद मुश्किल हो गई है, लेकिन मैच के बाद जो दृश्य देखने को मिला, उसने फैंस को भावुक कर दिया। टीम के साथ मैदान का चक्कर लगाते दिखे धोनी मैच खत्म होने के बाद चेन्नई सुपर किंग्स की पूरी टीम ने चेपॉक स्टेडियम में “लैप ऑफ ऑनर” लिया। खिलाड़ी मैदान के चारों ओर घूमते हुए फैंस का अभिवादन स्वीकार करते नजर आए। स्टेडियम में मौजूद दर्शकों को पहले ही मैच के बाद रुकने की जानकारी दे दी गई थी। ऐसे में कई फैंस को उम्मीद थी कि धोनी अपने भविष्य को लेकर कोई बड़ा ऐलान कर सकते हैं, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। हालांकि, धोनी का टीम के साथ मैदान का चक्कर लगाना और फैंस का जोरदार समर्थन इस पल को बेहद खास बना गया। चेपॉक में दिखा इमोशनल माहौल लैप ऑफ ऑनर के दौरान पूरा M. A. Chidambaram Stadium “धोनी-धोनी” के नारों से गूंज उठा। फैंस लगातार अपने पसंदीदा खिलाड़ी की एक झलक पाने के लिए उत्साहित नजर आए। धोनी इस सीजन चोट की वजह से मैदान पर एक भी मुकाबला नहीं खेल पाए हैं। जुलाई में वह 45 साल के हो जाएंगे, ऐसे में उनके अगले सीजन खेलने को लेकर अब भी संशय बना हुआ है। सुरेश रैना से गले मिले धोनी मैच के बाद एक और खास पल देखने को मिला जब धोनी ने अपने पुराने साथी Suresh Raina को गले लगाया। रैना लंबे समय तक CSK का अहम हिस्सा रहे हैं और इस मुकाबले में कमेंट्री की भूमिका निभा रहे थे। दोनों दिग्गज खिलाड़ियों की यह मुलाकात सोशल मीडिया पर भी चर्चा का विषय बन गई। पीली जर्सी में दिखे धोनी, गूंज उठा स्टेडियम इससे पहले चेन्नई सुपर किंग्स की पारी खत्म होने के बाद टीम का फोटोशूट हुआ। इस दौरान महेंद्र सिंह धोनी पीली CSK जर्सी पहनकर मैदान पर पहुंचे। धोनी को देखते ही पूरा स्टेडियम अपनी सीटों से खड़ा हो गया और जोरदार तालियों व नारों से उनका स्वागत किया गया। दिलचस्प बात यह रही कि इस सीजन मैच डे पर धोनी पहली बार स्टेडियम में नजर आए। वह अब तक टीम के मुकाबलों के दौरान मैदान में नहीं दिखे थे। क्या यह धोनी का आखिरी IPL सीजन है? फिलहाल महेंद्र सिंह धोनी ने अपने IPL भविष्य को लेकर कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया है। लेकिन चेपॉक में उनके सम्मान में उमड़ा भावनाओं का सैलाब इस बात का संकेत जरूर दे रहा है कि फैंस हर पल को खास बनाकर जीना चाहते हैं। अब सभी की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि क्या धोनी अगले सीजन भी पीली जर्सी में नजर आएंगे या यह चेपॉक में उनका आखिरी भावुक पल था।
चेन्नई, एजेंसियां। चेपॉक में सोमवार को खेले गए IPL 2026 के मुकाबले में सनराइजर्स हैदराबाद ने चेन्नई सुपर किंग्स को 5 विकेट से हरा दिया। चेन्नई ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में 7 विकेट पर 180 रन बनाए। जवाब में हैदराबाद ने 19 ओवर में 5 विकेट खोकर टारगेट हासिल कर लिया। इसी जीत के साथ हैदराबाद की टीम प्लेऑफ के लिए क्वालिफाई कर गई हैं। वहीं, चेन्नई की टीम के लिए टॉप-4 में पहुंचना काफी मुश्किल है। ईशान ने 70 रन की पारी खेली हैदराबाद की जीत के हीरो ईशान किशन रहे, जिन्होंने 47 गेंदों में 70 रन की शानदार पारी खेली। उनके अलावा हेनरिक क्लासन ने 26 गेंदों में 47 रन बनाकर रनचेज को मजबूती दी। अंत में सलील अरोड़ा (10) और आर स्मरण (5) ने तेजी से रन बनाकर मैच खत्म किया। चेन्नई की ओर से मुकेश चौधरी ने 2 विकेट लिए, जबकि अकील हुसैन, नूर अहमद और अंशुल कम्बोज को 1-1 सफलता मिली। ब्रेविस ने 44 रन बनाए चेन्नई की शुरुआत शानदार रही, संजू सैमसन ने सिर्फ 13 गेंदों में 27 रन ठोक दिए। इसके बाद कार्तिक शर्मा ने 19 गेंदों पर 32 रन की तेज पारी खेली, जबकि डेवाल्ड ब्रेविस ने 27 गेंदों में 44 रन बनाकर पारी को संभाला। अंत में शिवम दूबे ने 26 रन का योगदान दिया। ब्रेविस और शिवम के बीच पांचवें विकेट के लिए 59 रन की साझेदारी हुई। गेंदबाजी में पैट कमिंस सबसे सफल रहे। उन्होंने 4 ओवर में सिर्फ 28 रन देकर 3 बड़े विकेट झटके। साकिब हुसैन ने 2 विकेट लिए, जबकि ईशान मलिंगा और प्रफुल हिंगे को 1-1 सफलता मिली।
आईपीएल 2026 का रोमांच अपने चरम पर पहुंच चुका है। लीग स्टेज के 63वें मुकाबले में Sunrisers Hyderabad ने Chennai Super Kings को 5 विकेट से हराकर प्लेऑफ में अपनी जगह पक्की कर ली। इस जीत के साथ अब प्लेऑफ की तस्वीर लगभग साफ हो गई है और तीन टीमें आधिकारिक तौर पर क्वालीफाई कर चुकी हैं। Royal Challengers Bengaluru पहले ही अंतिम चार में पहुंच चुकी थी, जबकि अब Gujarat Titans और सनराइजर्स हैदराबाद ने भी प्लेऑफ का टिकट हासिल कर लिया है। हालांकि चौथे स्थान की जंग अभी बेहद दिलचस्प बनी हुई है, जहां पांच टीमें अब भी रेस में बनी हुई हैं। पॉइंट्स टेबल में किस टीम की क्या स्थिति? 13 मैचों में 9 जीत और 18 अंकों के साथ आरसीबी अंक तालिका में शीर्ष पर कायम है। गुजरात टाइटंस और सनराइजर्स हैदराबाद दोनों के 16-16 अंक हैं, लेकिन बेहतर नेट रन रेट के चलते गुजरात दूसरे स्थान पर है। चौथे स्थान के लिए सबसे मजबूत दावेदारी फिलहाल Punjab Kings की नजर आ रही है, जिनके 13 अंक हैं। वहीं Rajasthan Royals, चेन्नई सुपर किंग्स, Delhi Capitals और Kolkata Knight Riders भी प्लेऑफ की उम्मीदें बनाए हुए हैं। अपडेटेड IPL 2026 पॉइंट्स टेबल स्थान टीम मैच जीत हार अंक नेट रन रेट 1 RCB (Q) 13 9 4 18 +1.065 2 गुजरात टाइटंस (Q) 13 8 5 16 +0.400 3 सनराइजर्स हैदराबाद (Q) 13 8 5 16 +0.350 4 पंजाब किंग्स 13 6 6 13 +0.227 5 राजस्थान रॉयल्स 12 6 6 12 +0.027 6 चेन्नई सुपर किंग्स 13 6 7 12 -0.016 7 दिल्ली कैपिटल्स 13 6 7 12 -0.871 8 कोलकाता नाइट राइडर्स 12 5 6 11 -0.038 9 मुंबई इंडियंस (E) 12 4 8 8 -0.504 10 लखनऊ सुपर जायंट्स (E) 12 4 8 -0.701 मैच का पूरा हाल चेन्नई सुपर किंग्स ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में 8 विकेट पर 180 रन बनाए। टीम के लिए Dewald Brevis ने सबसे ज्यादा 44 रन बनाए। इसके अलावा कार्तिक शर्मा ने 32, Sanju Samson ने 27 और Shivam Dube ने 26 रनों का योगदान दिया। हैदराबाद की ओर से Pat Cummins ने शानदार गेंदबाजी करते हुए 3 विकेट झटके, जबकि साकिब हुसैन ने 2 विकेट हासिल किए। 181 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी सनराइजर्स हैदराबाद ने 19 ओवर में 5 विकेट गंवाकर मुकाबला अपने नाम कर लिया। Ishan Kishan ने 70 रनों की बेहतरीन पारी खेली, जबकि Heinrich Klaasen ने 47 और Abhishek Sharma ने 26 रन बनाए। चेन्नई के लिए मुकेश चौधरी ने 2 विकेट लिए, लेकिन वह टीम को हार से नहीं बचा सके। अब आईपीएल 2026 का अंतिम लीग चरण बेहद रोमांचक हो गया है, जहां चौथे प्लेऑफ स्थान के लिए हर मुकाबला करो या मरो जैसा होने वाला है।
मुंबई, एजेंसियां। रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु ने IPL 2026 में पंजाब किंग्स को हराकर प्लेऑफ में जगह पक्की कर ली। टीम 13 मैचों में 18 पॉइंट्स के साथ टेबल के टॉप पर हैं। RCB अब लीग स्टेज में टॉप-2 से बाहर नहीं हो सकती, इसलिए उसका क्वालीफायर-1 खेलना भी तय हो गया है। पंजाब की लगातार छठी हार दूसरी ओर पंजाब किंग्स को लगातार छठी हार मिली, जिससे टीम के नाकआउट स्टेज में पहुंचने के चांस कम हो गए हैं। वहीं दिल्ली कैपिटल्स ने राजस्थान रॉयल्स को हराकर एक स्थान की छलांग लगाई। टीम 12 पॉइंट्स के साथ सातवें स्थान पर पहुंच गई है। चेन्नई सुपर किंग्स, कोलकाता नाइट राइडर्स और दिल्ली कैपिटल्स अब भी प्लेऑफ की रेस में बनी हुई हैं। बेंगलुरु टॉप पर RCB 13 मैचों में 9 जीत और 18 पॉइंट्स के साथ पहले स्थान पर है। टीम का नेट रनरेट +1.065 है, जो लीग में सबसे बेहतर है। बेंगलुरु अब अधिकतम 20 पॉइंट्स तक पहुंच सकती है। ऐसे में टीम का क्वालीफायर-1 खेलना तय हो गया है। बेंगलुरु का आखिरी लीग मैच 22 मई को सनराइजर्स हैदराबाद से होगा। 18 पॉइंट्स पर बेंगलुरु को टॉप-2 से हटाना नामुमकिन है। पॉइंट्स टेबल में हैदराबाद और गुजरात 18 पॉइंट्स तक पहुंच सकते हैं। लेकिन, बेंगलुरु के रनरेट को पीछे छोड़ना मुश्किल है। इसके लिए दोनों टीमों को अपने दोनों मैच बड़े मार्जिन से जीतने होंगे। गुजरात दूसरे स्थान पर कायम गुजरात टाइटंस 16 पॉइंट्स के साथ दूसरे स्थान पर बनी हुई है। टीम का आखिरी मुकाबला चेन्नई सुपर किंग्स से है। गुजरात यह मैच जीतती है तो टॉप-2 में जगह लगभग पक्की कर लेगी। हैदराबाद तीसरे पायदान पर सनराइजर्स हैदराबाद 14 पॉइंट्स के साथ तीसरे स्थान पर है। टीम को अब चेन्नई और बेंगलुरु से खेलना है। आज 18 मई को चेन्नई को हराकर टीम अपनी प्लेऑफ खेलने की स्थिति मजबूत कर सकती है। पंजाब और राजस्थान के लिए हर मैच अहम पंजाब किंग्स 13 मैचों में 13 पॉइंट्स के साथ चौथे स्थान पर है। टीम लगातार 6 मैच हार चुकी है। पंजाब का आखिरी मुकाबला लखनऊ से है। प्लेऑफ की उम्मीद बनाए रखने के लिए उसे हर हाल में जीत दर्ज करनी होगी। राजस्थान रॉयल्स 12 पॉइंट्स के साथ छठे स्थान पर पहुंच गई है। टीम का रनरेट (+0.27) चेन्नई के बराबर हैं। राजस्थान को अब लखनऊ और मुंबई से मुकाबले खेलने हैं। टॉप-4 में पहुंचने के लिए टीम को दोनों मैच जीतने होंगे। चेन्नई, कोलकाता और दिल्ली की उम्मीदें बाकी चेन्नई सुपर किंग्स 12 पॉइंट्स के साथ पांचवें स्थान पर है। टीम को हैदराबाद और 21 मई को गुजरात से मैच खेलना है। प्लेऑफ की दौड़ में बने रहने के लिए CSK को दोनों मुकाबले जीतने होंगे। दिल्ली की जीत से कोलकाता नाइट राइडर्स को नुकसान हुआ है। टीम 11 पॉइंट्स के साथ 8वें स्थान पर खिसक गई हैं। कोलकाता को अब मुंबई और दिल्ली से मैच खेलने हैं। KKR को प्लेऑफ में पहुंचने के लिए दोनों मैच जीतने होंगे और दूसरी टीमों के नतीजों पर भी निर्भर रहना पड़ेगा। दिल्ली कैपिटल्स 12 पॉइंट्स के साथ सातवें स्थान पर पहुंच गई हैं। टीम को प्लेऑफ में जाने के लिए 24 मई को कोलकाता के खिलाफ बड़े अंतर से जीतना होगा। साथ ही दूसरी टीमों के नतीजों पर भी नजर रखनी होगी। मुंबई और लखनऊ पहले ही बाहर मुंबई इंडियंस और लखनऊ सुपर जायंट्स 8-8 पॉइंट्स के साथ क्रमश: नौवें और दसवें स्थान पर हैं। दोनों टीमें प्लेऑफ की रेस से बाहर हो चुकी हैं।
Chennai Super Kings और Sunrisers Hyderabad के बीच आज आईपीएल 2026 का 63वां मुकाबला चेन्नई के एमए चिदंबरम स्टेडियम यानी चेपॉक में खेला जाएगा। प्लेऑफ की रेस अब बेहद रोमांचक मोड़ पर पहुंच चुकी है और ऐसे में यह मुकाबला दोनों टीमों के लिए किसी फाइनल से कम नहीं माना जा रहा। ऋतुराज गायकवाड़ की कप्तानी वाली चेन्नई सुपर किंग्स के लिए यह मैच “करो या मरो” की स्थिति में है। पिछले मुकाबले में लखनऊ से मिली हार के बाद टीम पर दबाव बढ़ गया है। दूसरी ओर, पैट कमिंस की अगुवाई वाली हैदराबाद इस मैच को जीतकर प्लेऑफ का टिकट लगभग पक्का करना चाहेगी। हेड टू हेड में CSK का दबदबा दोनों टीमों के बीच अब तक कुल 23 मुकाबले खेले गए हैं। इनमें चेन्नई ने 15 मैच जीते हैं, जबकि हैदराबाद को 8 मुकाबलों में सफलता मिली है। हालांकि हालिया फॉर्म की बात करें तो सनराइजर्स का पलड़ा थोड़ा भारी नजर आता है। पिछले सीजन में भी हैदराबाद ने चेन्नई को हराया था और इस सीजन के पहले मुकाबले में भी SRH ने जीत दर्ज की थी। चेपॉक की पिच कैसी रहेगी? चेन्नई का चेपॉक स्टेडियम लंबे समय से स्पिन गेंदबाजों के लिए मददगार माना जाता रहा है, लेकिन इस सीजन में तस्वीर कुछ अलग दिखाई दी है। यहां बल्लेबाजों ने खुलकर रन बनाए हैं और कई बार 200 से ज्यादा का स्कोर भी देखने को मिला है। हालांकि पिच कुछ मौकों पर धीमी भी रही है, जिससे स्पिनर्स को टर्न और अतिरिक्त मदद मिली। ऐसे में आज का मुकाबला बैट और बॉल दोनों के बीच शानदार टक्कर वाला हो सकता है। टॉस बन सकता है बड़ा फैक्टर इस सीजन में चेपॉक में खेले गए 6 मुकाबलों में से 4 मैच लक्ष्य का पीछा करने वाली टीम ने जीते हैं। यही वजह है कि टॉस जीतने वाली टीम पहले गेंदबाजी का फैसला ले सकती है। चेपॉक में अब तक कुल 97 आईपीएल मैच खेले गए हैं: पहले बल्लेबाजी करने वाली टीम जीती – 51 बार लक्ष्य का पीछा करने वाली टीम जीती – 44 बार 2 मुकाबले टाई रहे मौसम बिगाड़ सकता है खेल चेन्नई में आज गर्मी और उमस काफी ज्यादा रहने वाली है। शाम के समय बादल छाए रहने और हल्की बारिश या गरज के आसार भी बताए जा रहे हैं। तापमान 36 डिग्री सेल्सियस तक जा सकता है, जबकि रात में यह 27 डिग्री के आसपास रह सकता है। ऐसे में खिलाड़ियों की फिटनेस भी अहम भूमिका निभाएगी। किसका पलड़ा भारी? अगर घरेलू परिस्थितियों और रिकॉर्ड की बात करें तो चेन्नई सुपर किंग्स को हल्का फायदा मिल सकता है। लेकिन मौजूदा फॉर्म और आक्रामक बल्लेबाजी को देखें तो सनराइजर्स हैदराबाद भी किसी तरह कमजोर नहीं दिख रही। चेन्नई के लिए ऋतुराज गायकवाड़, शिवम दुबे और स्पिन अटैक अहम होंगे, जबकि हैदराबाद को ट्रेविस हेड, अभिषेक शर्मा और पैट कमिंस से बड़ी उम्मीदें होंगी। आज का मुकाबला सिर्फ दो अंकों का नहीं, बल्कि प्लेऑफ की उम्मीदों और दबाव की असली परीक्षा भी होगा।
आईपीएल 2026 के 59वें मुकाबले में Lucknow Super Giants ने Chennai Super Kings को 7 विकेट से हराकर पॉइंट्स टेबल में बड़ा उलटफेर कर दिया। इस हार के बाद चेन्नई सुपर किंग्स को प्लेऑफ की रेस में बड़ा झटका लगा है और टीम पांचवें से फिसलकर छठे स्थान पर पहुंच गई है। लखनऊ की टीम भले ही प्लेऑफ की दौड़ से पहले ही बाहर हो चुकी हो, लेकिन इस जीत ने बाकी टीमों की गणित जरूर बिगाड़ दी है। अब चेन्नई के लिए आगे का रास्ता बेहद मुश्किल हो गया है। टीम को प्लेऑफ में जगह बनाने के लिए अपने बचे हुए दोनों मुकाबले हर हाल में जीतने होंगे। अपडेटेड IPL 2026 पॉइंट्स टेबल स्थान टीम मैच जीत हार अंक नेट रन रेट 1 Royal Challengers Bengaluru 12 8 4 16 +1.053 2 Gujarat Titans 12 8 4 16 +0.551 3 Sunrisers Hyderabad 12 7 5 14 +0.331 4 Punjab Kings 12 6 5 13 +0.355 5 Rajasthan Royals 11 6 5 12 +0.082 6 Chennai Super Kings 12 6 6 12 +0.027 7 Delhi Capitals 12 5 7 10 -0.993 8 Kolkata Knight Riders 11 4 6 9 -0.198 9 Mumbai Indians 12 4 8 8 -0.504 10 Lucknow Super Giants 12 4 8 8 -0.701 मैच का पूरा हाल BRSABV Ekana Cricket Stadium में खेले गए इस मुकाबले में लखनऊ सुपर जायंट्स ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी का फैसला किया। पहले बल्लेबाजी करते हुए चेन्नई सुपर किंग्स ने 20 ओवर में 5 विकेट के नुकसान पर 187 रन बनाए। चेन्नई की ओर से कार्तिक शर्मा ने शानदार 71 रन की पारी खेली। वहीं शिवम दुबे ने नाबाद 32 रन बनाए। डेवाल्ड ब्रेविस ने 25 और संजू सैमसन ने 20 रन का योगदान दिया। लखनऊ के लिए आकाश सिंह सबसे सफल गेंदबाज रहे और उन्होंने 3 विकेट झटके। 188 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी लखनऊ की टीम ने बेहद आक्रामक अंदाज में बल्लेबाजी की। मिचेल मार्श ने 90 रन की विस्फोटक पारी खेलकर मैच का रुख पूरी तरह बदल दिया। जोश इंग्लिस ने 35 रन बनाए, जबकि निकोलस पूरन 32 रन बनाकर नाबाद लौटे। लखनऊ ने मुकाबला सिर्फ 16.4 ओवर में जीत लिया। प्लेऑफ की रेस हुई रोमांचक अब प्लेऑफ की लड़ाई और भी दिलचस्प हो गई है। Rajasthan Royals और Chennai Super Kings के बीच कांटे की टक्कर देखने को मिल सकती है। नेट रन रेट भी अब अहम भूमिका निभाने वाला है।
इंडियन प्रीमियर लीग 2026 का रोमांच अब अपने निर्णायक दौर में पहुंच चुका है। रविवार को खेले गए दो अहम मुकाबलों के बाद प्लेऑफ की तस्वीर पूरी तरह बदल गई। Lucknow Super Giants और Mumbai Indians की टीमें आधिकारिक तौर पर प्लेऑफ की दौड़ से बाहर हो गई हैं, जबकि Royal Challengers Bengaluru शानदार जीत के साथ अंक तालिका में शीर्ष पर पहुंच गई है। 53वें मुकाबले में Chennai Super Kings ने लखनऊ सुपर जायंट्स को 5 विकेट से हराकर उनकी उम्मीदों पर पूरी तरह पानी फेर दिया। वहीं रायपुर में खेले गए रोमांचक मुकाबले में आरसीबी ने मुंबई इंडियंस को आखिरी गेंद पर 2 विकेट से हराकर बड़ा झटका दिया। लखनऊ बनी बाहर होने वाली पहली टीम लखनऊ सुपर जायंट्स का IPL 2026 अभियान बेहद निराशाजनक रहा। टीम ने 11 मैचों में सिर्फ 3 जीत दर्ज की और 8 मुकाबलों में हार का सामना किया। 6 अंकों के साथ टीम अंक तालिका में सबसे नीचे 10वें स्थान पर है। लगातार खराब प्रदर्शन और कमजोर नेट रन रेट ने टीम को प्लेऑफ की रेस से बाहर कर दिया। मुंबई इंडियंस का भी टूटा सपना पांच बार की चैंपियन मुंबई इंडियंस इस सीजन लय में नजर नहीं आई। टीम ने 11 मुकाबलों में सिर्फ 3 जीत हासिल की और 8 मैच गंवाए। 6 अंकों के साथ मुंबई की टीम 9वें स्थान पर पहुंच गई है। आरसीबी के खिलाफ करीबी हार ने उनके प्लेऑफ की सभी संभावनाओं को खत्म कर दिया। RCB बनी नंबर-1 टीम रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु ने मुंबई इंडियंस के खिलाफ रोमांचक जीत दर्ज कर अंक तालिका में पहला स्थान हासिल कर लिया। टीम के अब 14 अंक हैं और उसका नेट रन रेट +1.103 है, जो इस समय सभी टीमों से बेहतर है। हैदराबाद और गुजरात के भी 14-14 अंक हैं, लेकिन बेहतर NRR के चलते आरसीबी टॉप पर पहुंच गई है। IPL 2026 Updated Points Table स्थान टीम मैच जीत हार अंक NRR 1 RCB 11 7 4 14 +1.103 2 SRH 11 7 4 14 +0.737 3 GT 11 7 4 14 +0.228 4 PBKS 10 6 3 13 +0.571 5 CSK 11 6 5 12 +0.185 6 RR 11 6 5 12 +0.082 7 KKR 10 4 5 9 -0.169 8 DC 11 4 7 8 -1.154 9 MI 11 3 8 6 -0.585 10 LSG 11 3 8 6 -0.907 CSK vs LSG: 203 रन का लक्ष्य किया हासिल चेन्नई सुपर किंग्स ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी चुनी। पहले बल्लेबाजी करते हुए लखनऊ सुपर जायंट्स ने 8 विकेट खोकर 203 रन बनाए। जवाब में चेन्नई ने आक्रामक बल्लेबाजी करते हुए 19.2 ओवर में 5 विकेट पर 208 रन बनाकर मुकाबला जीत लिया। इस जीत के साथ CSK अब पांचवें स्थान पर पहुंच गई है और उसकी प्लेऑफ की उम्मीदें मजबूत हो गई हैं। RCB vs MI: आखिरी गेंद तक चला रोमांच रायपुर में खेले गए हाई-वोल्टेज मुकाबले में आरसीबी ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी का फैसला किया। मुंबई इंडियंस ने 7 विकेट पर 166 रन बनाए। जवाब में आरसीबी ने बेहद रोमांचक अंदाज में आखिरी गेंद पर लक्ष्य हासिल कर लिया। इस जीत के साथ आरसीबी ने न सिर्फ दो अहम अंक हासिल किए बल्कि पॉइंट्स टेबल में भी लंबी छलांग लगाकर पहला स्थान कब्जा कर लिया। अब प्लेऑफ की रेस और हुई दिलचस्प RCB, SRH, GT और PBKS फिलहाल सबसे मजबूत स्थिति में नजर आ रही हैं। वहीं CSK और RR भी अभी रेस में बनी हुई हैं। आने वाले मुकाबले तय करेंगे कि इस सीजन की अंतिम चार टीमें कौन होंगी।
आईपीएल 2026 में Chennai Super Kings के लिए शुरुआत भले ही उतार-चढ़ाव भरी रही हो, लेकिन Sanju Samson ने अब अपने प्रदर्शन से आलोचकों को जवाब दे दिया है। शुरुआती तीन मैचों में सिंगल डिजिट स्कोर पर आउट होने के बाद सैमसन ने जबरदस्त वापसी की है और अब टीम के सबसे भरोसेमंद बल्लेबाज बनकर उभरे हैं। खराब शुरुआत से दमदार वापसी सीजन के पहले तीन मैचों में सैमसन का बल्ला खामोश रहा, जिससे टीम मैनेजमेंट के फैसले पर सवाल उठने लगे थे–खासतौर पर तब, जब उन्हें Ravindra Jadeja और Sam Curran जैसे खिलाड़ियों के बदले टीम में शामिल किया गया था। लेकिन इसके बाद सैमसन ने शानदार वापसी करते हुए 7 पारियों में तीन 50+ स्कोर जड़े, जिसमें दिल्ली के खिलाफ 52 गेंदों पर नाबाद 87 रन की मैच जिताऊ पारी भी शामिल है। फिंच ने की तारीफ पूर्व ऑस्ट्रेलियाई कप्तान Aaron Finch सैमसन के प्रदर्शन से खासे प्रभावित हैं। उनका कहना है कि किसी नए फ्रेंचाइजी में जाने के बाद खिलाड़ी पर भारी दबाव होता है, खासकर जब वह एक बड़ा ट्रेड हो। फिंच के मुताबिक, “दो-तीन मैचों से किसी खिलाड़ी को जज करना सही नहीं है। सैमसन जिस तरह अब बल्लेबाजी कर रहे हैं, वह अलग स्तर का प्रदर्शन है।” आंकड़ों में दम सैमसन इस सीजन में अब तक 10 पारियों में 402 रन बना चुके हैं। औसत: 57.42 स्ट्राइक रेट: 167.50 उनकी यह निरंतरता Indian Premier League के इस सीजन में CSK की बल्लेबाजी की रीढ़ बन गई है। ‘अब दिख रहा असली सैमसन’ पूर्व भारतीय विकेटकीपर Deep Dasgupta ने भी सैमसन की तारीफ करते हुए कहा कि यह वही वर्जन है, जिसका इंतजार फैंस कई सालों से कर रहे थे। उन्होंने कहा कि पहले सैमसन कुछ शानदार पारियां खेलते थे, लेकिन निरंतरता की कमी रहती थी–अब वह कमी दूर होती दिख रही है। टीम के लिए कितनी अहम यह फॉर्म? दिल्ली के खिलाफ जीत के बाद चेन्नई की टीम अभी भी पॉइंट्स टेबल में छठे स्थान पर है, लेकिन दूसरे से पांचवें स्थान तक की टीमों से सिर्फ दो अंक पीछे है। ऐसे में सैमसन की फॉर्म टीम के प्लेऑफ सफर के लिए बेहद महत्वपूर्ण साबित हो सकती है।
आईपीएल 2026 के 22वें मुकाबले में Chennai Super Kings ने Kolkata Knight Riders को 32 रन से हराया, लेकिन इस मैच का असली टर्निंग पॉइंट पारी का 11वां ओवर रहा। इसी ओवर की दो गेंदों ने KKR के जीत के अरमानों पर पूरी तरह पानी फेर दिया। 11वें ओवर में बदला मैच का रुख जब KKR 193 रनों के लक्ष्य का पीछा कर रही थी, तब 10 ओवर के बाद स्कोर 81/3 था और टीम मुकाबले में बनी हुई थी। क्रीज पर कप्तान अजिंक्य रहाणे और रिंकू सिंह मौजूद थे। इसी समय CSK के कप्तान ऋतुराज गायकवाड़ ने गेंद थमाई युवा स्पिनर नूर अहमद को – और यहीं से मैच पलट गया। ओवर की पहली चार गेंदों पर सिर्फ 4 रन बने 5वीं गेंद: रहाणे बड़ा शॉट खेलने के प्रयास में कैच आउट 6वीं गेंद: कैमरून ग्रीन बिना खाता खोले आउट लगातार दो गेंदों पर दो विकेट गिरने से KKR की बल्लेबाजी पूरी तरह दबाव में आ गई और टीम वापसी नहीं कर सकी। KKR की पारी यहीं से बिखरी रहाणे और ग्रीन के आउट होने के बाद KKR का मिडिल ऑर्डर पूरी तरह लड़खड़ा गया। टीम 20 ओवर में 7 विकेट पर सिर्फ 160 रन ही बना सकी। यह ओवर मैच का निर्णायक मोड़ साबित हुआ, जिसने KKR को जीत से काफी दूर कर दिया। नूर अहमद का शानदार प्रदर्शन नूर अहमद ने इस मुकाबले में 4 ओवर में 21 रन देकर 3 विकेट झटके। साथ ही उन्होंने IPL में अपने 50 विकेट भी पूरे कर लिए – और वह सबसे कम मैचों में यह उपलब्धि हासिल करने वाले गेंदबाजों की सूची में शामिल हो गए। मैच के बाद नूर ने कहा कि पिच पर गेंद आसानी से बल्ले पर नहीं आ रही थी, जिसका उन्होंने पूरा फायदा उठाया। क्रिकेट में एक ओवर या कुछ गेंदें ही मैच का नतीजा बदल देती हैं, और इस मुकाबले में 11वें ओवर की आखिरी दो गेंदें इसका सबसे बड़ा उदाहरण बनीं। KKR के लिए यह हार सिर्फ स्कोर की नहीं, बल्कि मोमेंटम की भी हार साबित हुई।
आईपीएल 2026 के 22वें मुकाबले में Kolkata Knight Riders (KKR) को Chennai Super Kings (CSK) के खिलाफ 32 रनों से हार का सामना करना पड़ा। इस हार के साथ ही KKR के नाम एक ऐसा रिकॉर्ड दर्ज हो गया, जो टीम के इतिहास में पहली बार देखने को मिला है। इतिहास में पहली बार बना ये अनचाहा रिकॉर्ड यह IPL इतिहास का पहला मौका है जब KKR अपनी शुरुआती 5 मैचों में एक भी जीत दर्ज नहीं कर सकी है। टीम ने अब तक 5 मुकाबले खेले हैं, जिसमें 4 में हार और 1 मुकाबला बेनतीजा रहा है। इस खराब शुरुआत ने टीम की रणनीति और प्रदर्शन पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। मैच का पूरा हाल चेन्नई के एमए चिदंबरम क्रिकेट स्टेडियम में खेले गए इस मुकाबले में CSK ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में 5 विकेट के नुकसान पर 192 रन बनाए। CSK की ओर से संजू सैमसन – 48 रन डेवाल्ड ब्रेविस – 41 रन आयुष म्हात्रे – 38 रन ने अहम योगदान दिया, जबकि कप्तान ऋतुराज गायकवाड़ सस्ते में आउट हो गए। KKR की बल्लेबाजी रही फ्लॉप 193 रनों के लक्ष्य का पीछा करते हुए KKR की शुरुआत बेहद खराब रही। फिन एलन – 1 रन सुनील नरेन – 24 रन कप्तान अजिंक्य रहाणे – 24 रन मिडिल ऑर्डर भी उम्मीदों पर खरा नहीं उतरा। रिंकू सिंह – 6 रन कैमरून ग्रीन – 0 रन हालांकि, रोवमैन पॉवेल (31 रन) और रमनदीप सिंह (35 रन) ने 63 रनों की साझेदारी कर कुछ उम्मीद जगाई, लेकिन टीम को जीत तक नहीं पहुंचा सके। KKR 20 ओवर में 7 विकेट खोकर 160 रन ही बना सकी। CSK की घातक गेंदबाजी CSK की ओर से नूर अहमद ने 21 रन देकर 3 विकेट लिए अंशुल कंबोज ने 2 विकेट चटकाए और KKR की बल्लेबाजी को पूरी तरह से दबाव में रखा। KKR के लिए यह सीजन अब तक बेहद निराशाजनक रहा है। शुरुआती 5 मैचों में जीत का खाता न खुलना टीम के लिए बड़ा झटका है। अगर टीम को प्लेऑफ की दौड़ में बने रहना है, तो आने वाले मैचों में रणनीति और प्रदर्शन दोनों में बड़ा बदलाव करना होगा।
चेन्नई: इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) 2026 में चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) के प्रशंसकों के लिए एक महत्वपूर्ण अपडेट सामने आया है। टीम के दिग्गज खिलाड़ी और पूर्व कप्तान महेंद्र सिंह धोनी आज, 14 अप्रैल को कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR) के खिलाफ होने वाले मुकाबले में मैदान पर नहीं उतरेंगे। लंबे समय से उनकी वापसी को लेकर चल रहा सस्पेंस अब समाप्त हो गया है। पिंडली की चोट बनी अनुपस्थिति की वजह 44 वर्षीय धोनी सीजन की शुरुआत से ही पिंडली (काफ) की चोट से जूझ रहे हैं। टीम मैनेजमेंट और मेडिकल स्टाफ ने स्पष्ट किया है कि उन्हें पूरी तरह फिट होने तक जल्दबाजी में मैदान पर उतारना जोखिम भरा हो सकता है। यही कारण है कि KKR के खिलाफ मैच में उन्हें आराम दिया गया है। धोनी की गैरमौजूदगी का असर CSK के प्रदर्शन पर भी देखने को मिला है। शुरुआती मुकाबलों में टीम को लगातार हार का सामना करना पड़ा, जिससे नेतृत्व और मैच फिनिशिंग में उनकी कमी साफ महसूस हुई। उनकी अनुपस्थिति में विकेटकीपिंग और फिनिशर की जिम्मेदारी अन्य खिलाड़ियों पर आ गई है, जिससे टीम का संतुलन प्रभावित हुआ है। चेपॉक में डगआउट से बढ़ाएंगे टीम का हौसला चेन्नई सुपर किंग्स और KKR के बीच यह मुकाबला एमए चिदंबरम स्टेडियम (चेपॉक) में खेला जाएगा। हालांकि धोनी मैदान पर नहीं दिखेंगे, लेकिन वे डगआउट (मैदान के किनारे स्थित वह निर्धारित क्षेत्र, जहां खिलाड़ी और सपोर्ट स्टाफ मैच के दौरान बैठकर टीम का मार्गदर्शन और रणनीति तैयार करते हैं) में मौजूद रहकर अपनी रणनीतिक समझ और अनुभव से टीम का मार्गदर्शन करेंगे। सूत्रों के अनुसार, धोनी फिलहाल हल्के नेट सेशन और रिकवरी प्रक्रिया पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं, ताकि जल्द से जल्द प्रतिस्पर्धी क्रिकेट में वापसी कर सकें। सनराइजर्स हैदराबाद के खिलाफ हो सकती है वापसी फैंस के लिए राहत की खबर यह है कि धोनी 19 अप्रैल को सनराइजर्स हैदराबाद (SRH) के खिलाफ होने वाले मुकाबले में वापसी कर सकते हैं। हालांकि, टीम मैनेजमेंट उन्हें पूरी तरह फिट होने तक सीमित भूमिका में उतारने की योजना बना रहा है। संभावना है कि धोनी को ‘इम्पैक्ट प्लेयर’ के रूप में इस्तेमाल किया जाए, जहां वे 5-10 गेंदों की छोटी लेकिन निर्णायक पारी खेलकर मैच का रुख बदल सकते हैं। रणनीतिक फैसला, उम्मीद बरकरार CSK के लिए यह निर्णय पूरी तरह रणनीतिक है। टीम अपने सबसे अनुभवी खिलाड़ी को जल्दबाजी में जोखिम में नहीं डालना चाहती। भले ही धोनी मैदान पर न हों, लेकिन उनकी मौजूदगी डगआउट में टीम के मनोबल और रणनीति के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। धोनी का अनुभव और शांत नेतृत्व–जिसके कारण उन्हें ‘कैप्टन कूल’ कहा जाता है–अब भी टीम के लिए प्रेरणा का स्रोत बना हुआ है। फैंस को उम्मीद है कि उनकी संभावित वापसी CSK के अभियान में नई ऊर्जा भर देगी।
आईपीएल 2026 में Chennai Super Kings की शुरुआत बेहद निराशाजनक रही है। लगातार तीन हार के बाद टीम प्वाइंट्स टेबल में 10वें स्थान पर पहुंच गई है। इस खराब शुरुआत ने प्लेऑफ की राह मुश्किल जरूर कर दी है, लेकिन अभी उम्मीद पूरी तरह खत्म नहीं हुई है। शुरुआती झटकों से दबाव में CSK सीएसके को इस सीजन में क्रमशः Rajasthan Royals, Punjab Kings और Royal Challengers Bangalore के खिलाफ हार का सामना करना पड़ा। लगातार हार ने टीम के आत्मविश्वास और रणनीति दोनों पर सवाल खड़े कर दिए हैं। प्लेऑफ में पहुंचने का गणित आईपीएल में आमतौर पर प्लेऑफ में जगह बनाने के लिए 16 से 18 अंकों की जरूरत होती है। CSK ने 3 मैच खेल लिए हैं और सभी हारे हैं अब टीम के पास 11 मैच बचे हैं सीधे क्वालिफाई करने के लिए कम से कम 8 मैच जीतना अनिवार्य होगा यानी अब हर मैच “करो या मरो” जैसा बन गया है। नेट रन रेट भी बनेगा निर्णायक CSK का मौजूदा नेट रन रेट (NRR) -2.517 है, जो काफी खराब स्थिति में है। सिर्फ जीत ही नहीं, बल्कि बड़ी जीत भी जरूरी होगी अन्य टीमों जैसे Kolkata Knight Riders, Gujarat Titans और Lucknow Super Giants से बेहतर NRR बनाना होगा आगे का शेड्यूल: मुश्किल लेकिन मौका भी CSK का अगला मुकाबला Delhi Capitals के खिलाफ 11 अप्रैल को होगा, इसके बाद 14 अप्रैल को KKR से भिड़ंत होगी। यह मुकाबले टीम के लिए टर्निंग पॉइंट साबित हो सकते हैं। क्या इतिहास दोहराएगी CSK? CSK IPL इतिहास की सबसे सफल टीमों में से एक रही है और कई बार मुश्किल परिस्थितियों से वापसी कर चुकी है। लेकिन इस बार चुनौती पहले से कहीं ज्यादा कठिन नजर आ रही है। अगर टीम अपनी रणनीति, बल्लेबाजी और गेंदबाजी में सुधार करती है, तो प्लेऑफ की उम्मीदें अभी भी जिंदा रह सकती हैं।
Indian Premier League 2026 सीजन में Chennai Super Kings ने एक ऐसा फैसला लिया है, जिसने पूरे क्रिकेट जगत को चौंका दिया है। MS Dhoni के टीम से बाहर होते ही चेन्नई ने अपनी प्लेइंग इलेवन में बड़ा बदलाव करते हुए इतिहास रच दिया। पहली बार सिर्फ 2 विदेशी खिलाड़ियों के साथ उतरी CSK पंजाब के खिलाफ मुकाबले में CSK ने अपनी प्लेइंग इलेवन में केवल दो विदेशी खिलाड़ियों को शामिल किया। IPL इतिहास में यह पहला मौका है जब चेन्नई ने इतनी कम विदेशी खिलाड़ियों के साथ मैदान में कदम रखा। 19 सीजन और 1154 से अधिक मैचों के इतिहास में यह सिर्फ सातवीं बार हुआ है जब किसी टीम ने दो या उससे कम विदेशी खिलाड़ियों को खिलाया हो। इस मामले में Mumbai Indians ही एकमात्र टीम रही है जिसने ऐसा एक से ज्यादा बार किया है। रुतुराज गायकवाड़ की कप्तानी में बड़ा प्रयोग Ruturaj Gaikwad की कप्तानी में CSK ने टीम कॉम्बिनेशन में बड़ा बदलाव किया। प्रशांत वीर को मौका दिया गया Rahul Chahar को फ्रेंचाइजी डेब्यू मिला विदेशी खिलाड़ियों की जगह भारतीय युवाओं पर भरोसा दिखाया गया इस फैसले के साथ CSK ने 9 भारतीय खिलाड़ियों के साथ मैदान में उतरकर एक नई रणनीति अपनाई। युवाओं पर दांव, अनुभव की कमी इस मैच में CSK की प्लेइंग इलेवन में 21 साल से कम उम्र के चार खिलाड़ी शामिल थे जो अपने आप में एक दुर्लभ स्थिति है। यह दिखाता है कि टीम भविष्य को ध्यान में रखते हुए युवा खिलाड़ियों को मौके दे रही है। धोनी और रैना दोनों बाहर-दूसरी बार बना संयोग यह IPL इतिहास का सिर्फ दूसरा मौका है जब MS Dhoni और Suresh Raina दोनों प्लेइंग इलेवन का हिस्सा नहीं थे। इससे पहले ऐसा केवल एक बार हुआ था। बदलाव की वजह क्या? CSK के इस बड़े फैसले के पीछे चोटें सबसे बड़ी वजह हैं। धोनी फिटनेस के कारण बाहर डेवाल्ड ब्रेविस साइड स्ट्रेन से जूझ रहे नाथन एलिस टूर्नामेंट से बाहर स्पेंसर जॉनसन भी चोटिल इन परिस्थितियों में टीम को मजबूरी में नए कॉम्बिनेशन के साथ उतरना पड़ा। क्या यह रणनीति सफल होगी? हालांकि यह फैसला ऐतिहासिक जरूर है, लेकिन लगातार हार के चलते टीम पर दबाव बढ़ गया है। अब देखना होगा कि युवा खिलाड़ियों पर लगाया गया यह दांव CSK को जीत दिला पाता है या नहीं।
Indian Premier League 2026 सीजन की शुरुआत से ही रोमांच अपने चरम पर है। ताज़ा मुकाबले में Punjab Kings ने Chennai Super Kings को 5 विकेट से हराकर पॉइंट्स टेबल का पूरा समीकरण बदल दिया है। इस जीत के साथ पंजाब लगातार दो मैच जीतकर टॉप पर पहुंच गई है, जबकि चेन्नई को लगातार दूसरी हार झेलनी पड़ी है। पॉइंट्स टेबल में बड़ा उलटफेर सीजन के शुरुआती मुकाबलों के बाद अंक तालिका में तेजी से बदलाव देखने को मिल रहा है। पंजाब किंग्स – 2 मैच, 2 जीत (पहला स्थान) Rajasthan Royals – 1 जीत (दूसरा स्थान) Royal Challengers Bengaluru – 1 जीत (तीसरा स्थान) Delhi Capitals – 1 जीत (चौथा स्थान) Mumbai Indians – 1 जीत (पांचवां स्थान) इसके अलावा Sunrisers Hyderabad एक जीत और एक हार के साथ छठे स्थान पर है, जबकि Gujarat Titans और Lucknow Super Giants को शुरुआती हार का नुकसान उठाना पड़ा है। CSK और KKR पर मंडराया खतरा सबसे बड़ा झटका Kolkata Knight Riders और चेन्नई सुपर किंग्स को लगा है। दोनों टीमों को अपने शुरुआती दो मुकाबलों में हार का सामना करना पड़ा है और उनका नेट रन रेट भी नकारात्मक है। ऐसे में अगर जल्द ही प्रदर्शन नहीं सुधरा, तो प्लेऑफ की दौड़ में बने रहना मुश्किल हो सकता है। टॉप-4 की रेस होगी और कड़ी IPL जैसे लंबे टूर्नामेंट में शुरुआत बेहद अहम होती है। शुरुआती जीत टीम को आत्मविश्वास और अंक तालिका में बढ़त दिलाती है। वहीं, लगातार हार टीम को दबाव में डाल देती है। CSK और KKR को अब आने वाले मैचों में दमदार वापसी करनी होगी, वरना टॉप-4 में जगह बनाना चुनौतीपूर्ण हो जाएगा। ऑरेंज और पर्पल कैप की रेस इस समय Cooper Connolly (पंजाब किंग्स) 108 रन के साथ ऑरेंज कैप की दौड़ में आगे है। वहीं, Vijaykumar Vyshak 5 विकेट लेकर पर्पल कैप अपने नाम किए हुए हैं।
IPL 2026 की शुरुआत Chennai Super Kings के लिए बेहद निराशाजनक रही है। गुवाहाटी में खेले गए मुकाबले में Rajasthan Royals के खिलाफ टीम ने पावरप्ले में ही 41 रन पर 4 विकेट गंवा दिए, जिससे मैच की दिशा शुरुआत में ही तय हो गई। यह प्रदर्शन केवल एक खराब दिन की कहानी नहीं, बल्कि पिछले सीजन से चली आ रही समस्या की निरंतरता को दर्शाता है। पावरप्ले में लगातार फ्लॉप CSK T-20 क्रिकेट में पावरप्ले को सबसे अहम और स्कोरिंग के लिए अनुकूल फेज माना जाता है, लेकिन CSK के लिए यही फेज सबसे बड़ी कमजोरी बनता जा रहा है। IPL 2026 के पहले मैच में 41/4 का स्कोर इस बात का संकेत है कि टीम की टॉप ऑर्डर बल्लेबाजी अभी भी दबाव में टूट रही है। यह शुरुआत उन्हें मुकाबले से बाहर करने के लिए काफी थी। धोनी की गैरमौजूदगी से आगे की समस्या हालांकि टीम इस मैच में MS Dhoni के बिना उतरी, लेकिन आंकड़े बताते हैं कि समस्या सिर्फ एक खिलाड़ी की गैरमौजूदगी तक सीमित नहीं है। दरअसल, IPL 2025 में भी CSK की पावरप्ले बल्लेबाजी सबसे कमजोर टीमों में रही थी। 14 पारियों में कुल 731 रन औसत रन रेट: 8.70 औसत स्कोर: 52.21 कुल 29 विकेट (प्रति पारी औसतन 2.07 विकेट) डॉट बॉल प्रतिशत: 42.66% पहले 3 ओवर में ही बिगड़ जाता है खेल CSK की सबसे बड़ी समस्या पावरप्ले के शुरुआती ओवरों में सामने आती है। ओवर 1 से 3 के बीच टीम का रन रेट केवल 7.76 रहा और लगभग आधी गेंदें (49.60%) डॉट खेली गईं। हालांकि ओवर 4 से 6 में रन रेट 9.64 तक पहुंचती है, लेकिन तब तक टीम शुरुआती नुकसान की भरपाई करने की कोशिश में ही रहती है। 2025 का पैटर्न 2026 में भी जारी राजस्थान के खिलाफ 41/4 का स्कोर CSK के 2025 के औसत से भी काफी खराब है। यह केवल एक मैच नहीं, बल्कि एक पैटर्न का हिस्सा है-धीमी शुरुआत, जल्दी विकेट गिरना और टॉप ऑर्डर का पूरी तरह ढह जाना। आगे की राह मुश्किल अगर CSK को टूर्नामेंट में वापसी करनी है, तो उन्हें पावरप्ले की रणनीति पर तुरंत काम करना होगा। अन्य टीमों के मुकाबले तेज शुरुआत करना अब जरूरत बन चुकी है, वरना हर मैच में शुरुआती झटका भारी पड़ सकता है।
IPL 2026 का रोमांच अपने चरम पर है और आज का मुकाबला बेहद खास होने वाला है। Sanju Samson पहली बार Chennai Super Kings के लिए मैदान पर उतरेंगे-वो भी अपनी पुरानी टीम Rajasthan Royals के खिलाफ। भावनात्मक होगा मुकाबला संजू सैमसन के लिए यह मैच सिर्फ एक मुकाबला नहीं, बल्कि एक भावनात्मक पल भी है। उन्होंने 11 साल तक राजस्थान रॉयल्स का प्रतिनिधित्व किया और टीम के प्रमुख बल्लेबाज रहे। अब वही खिलाड़ी चेन्नई की जर्सी में अपने पुराने साथियों के खिलाफ खेलते नजर आएंगे। वहीं, Ravindra Jadeja भी इस बार राजस्थान रॉयल्स का हिस्सा बनकर अपनी पूर्व टीम के खिलाफ उतरेंगे, जिससे मुकाबला और भी दिलचस्प हो गया है। नई कप्तानी की शुरुआत इस मैच में Riyan Parag राजस्थान रॉयल्स के फुल-टाइम कप्तान के रूप में अपना पहला IPL मैच खेलेंगे। दूसरी ओर, चेन्नई की कप्तानी Ruturaj Gaikwad के हाथों में है, जिनसे टीम को मजबूत शुरुआत की उम्मीद होगी। धोनी नहीं खेलेंगे MS Dhoni चोट के कारण शुरुआती मैचों में उपलब्ध नहीं हैं, जिससे चेन्नई की टीम संयोजन में बदलाव देखने को मिल सकता है। मैच से जुड़ी जरूरी जानकारी मैच: राजस्थान रॉयल्स vs चेन्नई सुपर किंग्स तारीख: 30 मार्च 2026 स्थान: गुवाहाटी, बारसापारा क्रिकेट स्टेडियम समय: शाम 7:30 बजे (टॉस 7:00 बजे) लाइव कहां देखें? टीवी पर: स्टार स्पोर्ट्स नेटवर्क ऑनलाइन स्ट्रीमिंग: JioHotstar ऐप और वेबसाइट
इंडियन प्रीमियर लीग 2026 से पहले चेन्नई के ऐतिहासिक एमए चिदंबरम स्टेडियम में जो नज़ारा देखने को मिला, उसने क्रिकेट फैंस को भावुक कर दिया। चेन्नई सुपर किंग्स के दिग्गज और पूर्व कप्तान महेंद्र सिंह धोनी जब स्टेडियम में पहुंचे, तो “थाला-थाला” के नारों से पूरा चेपॉक गूंज उठा। कई फैंस की आंखें नम हो गईं, मानो वे किसी युग के अंत का संकेत महसूस कर रहे हों। यह खास मौका CSK के ‘Roar26’ इवेंट का था, जहां टीम के मौजूदा खिलाड़ियों के साथ-साथ पूर्व स्टार्स जैसे सुरेश रैना और डीजे ब्रावो भी नजर आए। खिलाड़ियों ने ट्रेनिंग सेशन और फन एक्टिविटी में हिस्सा लिया, जिससे माहौल और भी जोशीला बन गया। 44 साल के धोनी IPL में अपना 19वां सीजन खेलने जा रहे हैं। हालांकि उनकी फिटनेस और बल्लेबाजी क्षमता पहले जैसी नहीं रही, लेकिन टीम में उनकी मौजूदगी आज भी बेहद अहम मानी जाती है। हर साल की तरह इस बार भी उनके रिटायरमेंट को लेकर चर्चाएं तेज हैं। पूर्व क्रिकेटर रॉबिन उथप्पा ने बड़ा बयान देते हुए कहा कि IPL 2026 धोनी का आखिरी सीजन हो सकता है। उनके मुताबिक, इस बार धोनी “मेंटोर-कम-प्लेयर” की भूमिका में दिख सकते हैं और बल्लेबाजी क्रम में नीचे (नंबर 7 या 8) उतर सकते हैं। यह बदलाव टीम के भविष्य को ध्यान में रखते हुए किया जा सकता है, जिससे कप्तान रुतुराज गायकवाड़ को अपनी नेतृत्व क्षमता साबित करने का पूरा मौका मिले। साथ ही, टीम में संजू सैमसन जैसे खिलाड़ी भी मौजूद हैं, जिन्हें भविष्य के कप्तान के तौर पर देखा जा रहा है। हालांकि, धोनी ने खुद अभी तक रिटायरमेंट को लेकर कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की है। लेकिन उनकी एंट्री पर फैंस की भावनाएं साफ इशारा कर रही हैं कि यह सीजन खास और शायद आखिरी भी हो सकता है।
IPL 2026 से पहले एक बड़े फैसले ने क्रिकेट फैंस को चौंका दिया था-भारतीय विकेटकीपर-बल्लेबाज Sanju Samson का Rajasthan Royals से अलग होना। अब सैमसन ने खुद इस फैसले के पीछे की वजह साफ कर दी है। एक बातचीत में सैमसन ने खुलकर कहा कि उन्होंने टीम इसलिए छोड़ी क्योंकि उन्हें लगा कि राजस्थान रॉयल्स के साथ उनका सफर पूरा हो चुका है। उन्होंने कहा, “मुझे लगा कि टीम में मेरा समय खत्म हो गया है, इसलिए आगे बढ़ने का फैसला किया।” 8 साल का लंबा सफर, टीम के सबसे बड़े सितारों में शामिल संजू सैमसन ने 2018 से 2025 तक लगातार राजस्थान रॉयल्स का प्रतिनिधित्व किया। इससे पहले भी वह 2013 से 2015 तक टीम का हिस्सा रहे थे। इस दौरान उन्होंने कुल 11 सीजन खेले और टीम के सबसे ज्यादा मैच खेलने और रन बनाने वाले खिलाड़ियों में अपना नाम दर्ज कराया। बीच में उन्होंने 2016-2017 के दौरान Delhi Capitals (तब दिल्ली डेयरडेविल्स) के लिए भी खेला, लेकिन उनकी पहचान सबसे ज्यादा राजस्थान रॉयल्स के साथ ही बनी। अब नई पारी चेन्नई सुपर किंग्स के साथ IPL 2026 में सैमसन अब Chennai Super Kings की जर्सी में नजर आएंगे। यह बदलाव नवंबर 2025 में एक ट्रेड डील के तहत हुआ था, जिसने क्रिकेट जगत में काफी चर्चा बटोरी थी। सैमसन ने इस नई शुरुआत को लेकर उत्साह भी जताया। उनका कहना है कि हर खिलाड़ी के करियर में एक समय ऐसा आता है जब उसे आगे बढ़ना होता है, और उन्होंने भी वही किया। पुरानी टीम के खिलाफ खेलना होगा भावनात्मक राजस्थान रॉयल्स के खिलाफ खेलने को लेकर सैमसन ने कहा कि यह उनके लिए पहली बार होगा और निश्चित रूप से भावनात्मक पल रहेगा। हालांकि उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि मैदान पर उतरते ही वह भावनाओं को अलग रखकर सिर्फ खेल पर ध्यान देंगे। मैच से पहले और बाद में पुराने साथियों से मिलने की खुशी जरूर होगी, लेकिन खेल के दौरान उनका फोकस पूरी तरह अपनी नई टीम पर रहेगा। “नई शुरुआत, नया उत्साह” सैमसन ने कहा कि यह उनके करियर की एक नई यात्रा है, जिसे वह पूरे जोश और सकारात्मकता के साथ अपनाना चाहते हैं। राजस्थान रॉयल्स के साथ बिताए गए वर्षों को उन्होंने सम्मान और प्यार के साथ याद किया, लेकिन यह भी साफ कर दिया कि अब वह आगे बढ़ चुके हैं और नई चुनौतियों के लिए तैयार हैं।
जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री Farooq Abdullah पर जम्मू में एक शादी समारोह के दौरान हुए हमले ने सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। घटना उस समय हुई जब वे एक कार्यक्रम से बाहर निकल रहे थे और भीड़ में मौजूद एक व्यक्ति ने उनके बेहद करीब आकर पिस्तौल तान दी और गोली चलाने की कोशिश की। हालांकि सुरक्षाकर्मियों की त्वरित कार्रवाई से यह हमला नाकाम हो गया और वे बाल-बाल बच गए। यह घटना जम्मू के ग्रेटर कैलाश इलाके में आयोजित एक विवाह समारोह में हुई, जहां Farooq Abdullah जम्मू-कश्मीर के उपमुख्यमंत्री Surinder Choudhary के साथ पहुंचे थे। कौन है हमलावर? पुलिस ने आरोपी की पहचान कमल सिंह जम्वाल (करीब 65 वर्ष) के रूप में की है, जो जम्मू के पुरानी मंडी इलाके का निवासी बताया जा रहा है। प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी ने दावा किया कि वह पिछले करीब 20 वर्षों से इस मौके का इंतज़ार कर रहा था। पुलिस के अनुसार कमल सिंह के पास एक लाइसेंसी पिस्तौल थी और घटना के समय वह कथित तौर पर नशे में भी था। सुरक्षाकर्मियों ने मौके से हथियार बरामद कर लिया है और उससे पूछताछ जारी है। जांच एजेंसियां यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि यह हमला व्यक्तिगत रंजिश का नतीजा था या इसके पीछे कोई बड़ी साजिश हो सकती है। CCTV में कैद हुई पूरी घटना घटना का CCTV फुटेज भी सामने आया है। वीडियो में दिखता है कि जैसे ही Farooq Abdullah समारोह से बाहर निकल रहे थे, आरोपी पीछे से तेजी से आया और उनकी कनपटी पर पिस्तौल तान दी। उसने फायर करने की कोशिश की, लेकिन उसी क्षण सुरक्षा में तैनात कमांडो सक्रिय हो गए और उसका हाथ झटक दिया, जिससे गोली लक्ष्य से चूक गई। इसके तुरंत बाद सुरक्षाकर्मियों और मौके पर मौजूद लोगों ने आरोपी को पकड़ लिया। घटना के बाद का वीडियो सोशल मीडिया पर भी तेजी से वायरल हो रहा है। सीएम उमर अब्दुल्ला ने उठाए सुरक्षा पर सवाल हमले के बाद जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री Omar Abdullah ने सोशल मीडिया पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि उनके पिता बाल-बाल बच गए। उन्होंने लिखा कि एक व्यक्ति भरी हुई पिस्तौल के साथ इतने करीब तक कैसे पहुंच गया, यह गंभीर सुरक्षा चूक का संकेत है। मुख्यमंत्री ने इस घटना की उच्च-स्तरीय जांच की मांग भी की है, ताकि सुरक्षा व्यवस्था में हुई संभावित खामियों का पता लगाया जा सके। घटना के समय उपमुख्यमंत्री Surinder Choudhary भी वहां मौजूद थे। इस दौरान उन्हें हल्की चोट आई, जिसके बाद मौके पर ही प्राथमिक उपचार दिया गया। पुलिस की जांच जारी जम्मू पुलिस के अनुसार हमला ग्रेटर कैलाश के रॉयल पार्क में आयोजित विवाह समारोह के दौरान हुआ। सुरक्षा दल ने तुरंत कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने बताया कि आरोपी की पिस्तौल जब्त कर ली गई है और उसके पारिवारिक पृष्ठभूमि, संपर्कों और मानसिक स्थिति की भी जांच की जा रही है। सुरक्षा एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि कहीं इस घटना के पीछे कोई बड़ी साजिश तो नहीं।
भारत के कानूनी और सामाजिक विमर्श में एक ऐतिहासिक और भावनात्मक मोड़ तब आया, जब सुप्रीम कोर्ट ने हरीश राणा को निष्क्रिय इच्छामृत्यु (Passive Euthanasia) की अनुमति दे दी। यह फैसला न केवल न्यायिक दृष्टि से अहम है, बल्कि मानवीय संवेदनाओं और पारिवारिक पीड़ा को भी गहराई से छूता है। 13 साल का संघर्ष: जीवन और मृत्यु के बीच अटका एक अस्तित्व हरीश राणा पिछले 13 वर्षों से अचेत अवस्था में जीवन और मृत्यु के बीच झूल रहे थे। एक हादसे में चंडीगढ़ स्थित हॉस्टल की चौथी मंज़िल से गिरने के बाद उनका शरीर तो जीवित रहा, लेकिन वे किसी भी प्रकार की प्रतिक्रिया देने में असमर्थ हो गए। इन वर्षों में उनके माता-पिता ने निरंतर उनकी सेवा की, लेकिन बढ़ती उम्र और शारीरिक थकान ने उन्हें एक कठिन निर्णय के सामने ला खड़ा किया-अपने ही बेटे के लिए मृत्यु की अनुमति मांगना। अदालत का फैसला: ‘गरिमामय मृत्यु’ की दिशा में कदम सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में निष्क्रिय इच्छामृत्यु की अनुमति दी, जिसमें जीवन को कृत्रिम रूप से बनाए रखने वाले उपकरणों को हटाया जाता है, ताकि व्यक्ति स्वाभाविक रूप से मृत्यु की ओर बढ़ सके। यह निर्णय भारत में इच्छामृत्यु को लेकर एक महत्वपूर्ण मिसाल बन गया है। इससे पहले भी ऐसे मामले सामने आए थे, जैसे अरुणा शानबाग का मामला, लेकिन तब अदालत ने अनुमति नहीं दी थी। एक सवाल जो दिल को झकझोरता है यह मामला सिर्फ कानूनी नहीं, बल्कि गहरे मानवीय और भावनात्मक सवाल भी खड़े करता है- क्या हरीश राणा अकेले मरेंगे? असल में, किसी की मृत्यु कभी अकेली नहीं होती। हरीश के साथ उनके माता-पिता का एक हिस्सा भी खत्म होगा-खासतौर पर उनकी मां, जिन्होंने अपने बेटे की इच्छामृत्यु की अनुमति पर हस्ताक्षर किए। यह निर्णय केवल कागज पर हस्ताक्षर नहीं, बल्कि एक मां के भीतर की पीड़ा, त्याग और टूटन का प्रतीक है। समाज और परिवार पर उठते बड़े सवाल इस घटना ने समाज के बदलते स्वरूप पर भी सवाल खड़े किए हैं- क्या आधुनिक जीवनशैली और टूटते पारिवारिक ढांचे लोगों को ऐसे फैसले लेने के लिए मजबूर कर रहे हैं? क्या ‘गरिमामय मृत्यु’ की मांग, ‘गरिमामय जीवन’ की कमी को दर्शाती है? हरीश राणा और अरुणा शानबाग जैसे मामलों ने यह दिखाया है कि कई बार जीवन केवल शरीर से नहीं, बल्कि रिश्तों और देखभाल से भी चलता है। कानून बनने की जरूरत और संभावित खतरे सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार को इच्छामृत्यु पर स्पष्ट कानून बनाने की भी सलाह दी है। हालांकि, इसके साथ एक चिंता भी जुड़ी है- कहीं इस कानून का दुरुपयोग तो नहीं होगा? विशेषज्ञों का मानना है कि बिना सख्त नियमों के, यह कानून कमजोर और बुजुर्ग लोगों के लिए खतरा बन सकता है। वहीं, कुछ परिवारों के लिए यह पीड़ा से मुक्ति का रास्ता भी साबित हो सकता है।
नई दिल्ली: लोकसभा स्पीकर Om Birla को पद से हटाने के लिए लाए गए अविश्वास प्रस्ताव पर संसद में सियासी घमासान तेज हो गया है। इस मुद्दे पर जारी बहस के बीच बुधवार को केंद्रीय गृह मंत्री Amit Shah लोकसभा में सरकार का पक्ष रखेंगे। माना जा रहा है कि उनके संबोधन के दौरान सदन में तीखी बहस और हंगामे की स्थिति बन सकती है। यह प्रस्ताव कांग्रेस सांसद Mohammed Javed ने पेश किया है, जिसे विपक्ष के कई दलों का समर्थन मिला है। प्रस्ताव को 50 से अधिक सांसदों का समर्थन मिलने के बाद इसे चर्चा के लिए स्वीकार किया गया। मंगलवार को सदन की कार्यवाही की अध्यक्षता कर रहे Jagadambika Pal ने प्रस्ताव पर चर्चा की अनुमति दी और इसके लिए कुल 10 घंटे का समय निर्धारित किया। उन्होंने सांसदों से अपील की कि वे बहस के दौरान केवल प्रस्ताव से जुड़े मुद्दों पर ही अपनी बात रखें। 118 विपक्षी सांसदों का समर्थन स्पीकर को हटाने के प्रस्ताव पर कुल 118 विपक्षी सांसदों ने हस्ताक्षर किए हैं। विपक्ष का आरोप है कि Om Birla ने सदन की कार्यवाही के दौरान निष्पक्षता नहीं बरती और कई मौकों पर ‘पक्षपातपूर्ण व्यवहार’ किया। इसी आरोप के आधार पर यह प्रस्ताव लाया गया है। मंगलवार को बहस शुरू होते ही प्रक्रिया को लेकर भी विवाद देखने को मिला। एआईएमआईएम प्रमुख Asaduddin Owaisi और कांग्रेस सांसद K. C. Venugopal ने आपत्ति जताते हुए कहा कि इस तरह की बहस की अध्यक्षता के लिए सदन को किसी सदस्य का चुनाव करना चाहिए। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि अध्यक्षों के पैनल से किसे कार्यवाही की अध्यक्षता के लिए चुना गया, इसका निर्णय किस आधार पर लिया गया। हालांकि सत्तारूढ़ दल के नेताओं ने इन आपत्तियों को खारिज कर दिया। भाजपा सांसद Ravi Shankar Prasad और Nishikant Dubey ने विपक्ष के आरोपों को निराधार बताते हुए कहा कि नियमों के तहत ही कार्यवाही चल रही है। गौरव गोगोई ने शुरू की बहस बहस की शुरुआत कांग्रेस सांसद Gaurav Gogoi ने की। उन्होंने कहा कि यह प्रस्ताव किसी व्यक्तिगत विरोध के कारण नहीं बल्कि संसद की गरिमा और निष्पक्षता बनाए रखने के उद्देश्य से लाया गया है। उन्होंने कहा, “यह प्रस्ताव सदन की गरिमा की रक्षा की जिम्मेदारी के तहत लाया गया है, न कि व्यक्तिगत रूप से स्पीकर के खिलाफ।” गोगोई ने संसदीय कार्य मंत्री Kiren Rijiju पर भी निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि वे अक्सर विपक्षी सांसदों की बातों में बाधा डालते हैं। उन्होंने कहा कि भविष्य में जब संसदीय रिकॉर्ड का अध्ययन होगा तो यह सामने आएगा कि विपक्ष की आवाज़ को सबसे अधिक बाधित किया गया। रिजिजू ने राहुल गांधी पर साधा निशाना अपने जवाब में Kiren Rijiju ने कांग्रेस नेता Rahul Gandhi पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि यदि कोई खुद को स्पीकर से ऊपर समझता है तो उसका “कोई इलाज नहीं है।” रिजिजू ने कहा कि संसद के नियम स्पष्ट हैं और सदन में बोलने के लिए स्पीकर की अनुमति जरूरी होती है, चाहे वह प्रधानमंत्री हो, मंत्री हो या विपक्ष का नेता। प्रियंका गांधी का पलटवार इस टिप्पणी पर कांग्रेस नेता Priyanka Gandhi Vadra ने तीखा पलटवार किया। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी जनता से जुड़े मुद्दों पर सरकार को बेखौफ होकर घेरते हैं और यही बात सत्तारूढ़ दल को असहज करती है। प्रियंका गांधी ने कहा, “पिछले 12 वर्षों में इस देश में केवल एक व्यक्ति है जिसने इनके सामने झुकने से इनकार किया है और वह विपक्ष के नेता हैं। वे जो सच बोलते हैं, उसे ये लोग पचा नहीं पाते।” आज जब गृह मंत्री Amit Shah इस प्रस्ताव पर सदन में अपना पक्ष रखेंगे, तब बहस और अधिक तीखी होने की संभावना है। ऐसे में लोकसभा में राजनीतिक टकराव और हंगामे के आसार बने हुए हैं।
लखनऊ, एजेंसियां। यौन उत्पीड़न के गंभीर आरोपों से घिरे Swami Avimukteshwaranand Saraswati को बड़ी कानूनी राहत मिली है। अलाहबाद हाई कोर्ट ने उनकी अग्रिम जमानत याचिका स्वीकार कर ली है, जिससे फिलहाल उनकी गिरफ्तारी पर रोक लग गई है। इसी मामले में उनके शिष्य Swami Mukundanand Giri को भी राहत दी गई है। फैसला सुरक्षित रखने के बाद सुनाया गया आदेश इस मामले में अदालत ने पहले ही सभी पक्षों की दलीलें सुन ली थीं और 27 फरवरी को फैसला सुरक्षित रख लिया था। विस्तृत सुनवाई के बाद न्यायमूर्ति जितेंद्र कुमार सिन्हा की एकल पीठ ने यह फैसला सुनाया। अदालत के इस निर्णय को आरोपियों के लिए बड़ी राहत के तौर पर देखा जा रहा है, हालांकि केस की जांच और आगे की कानूनी प्रक्रिया जारी रहेगी। मीडिया बयान पर भी कोर्ट की रोक हाईकोर्ट ने इस मामले को संवेदनशील मानते हुए एक अहम निर्देश भी दिया है। अदालत ने शिकायतकर्ता और आरोपियों—दोनों पक्षों को मीडिया में बयान देने से रोक दिया है, ताकि जांच और न्यायिक प्रक्रिया प्रभावित न हो। क्या है पूरा मामला? यह मामला नाबालिगों के कथित यौन शोषण से जुड़ा है। आरोप है कि आश्रम से जुड़े कुछ बच्चों के साथ गलत व्यवहार किया गया। शिकायत के आधार पर विशेष POCSO अदालत ने पुलिस को मामला दर्ज करने का निर्देश दिया था। इसके बाद प्रयागराज के झूंसी थाने में एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू की गई। जांच जारी, आगे भी होगी सुनवाई फिलहाल, अदालत से मिली अग्रिम जमानत के कारण गिरफ्तारी से राहत जरूर मिली है, लेकिन मामला खत्म नहीं हुआ है। पुलिस और संबंधित एजेंसियां जांच में जुटी हैं और आने वाले समय में इस केस में और भी कानूनी कार्रवाई हो सकती है।
गाजियाबाद/दिल्ली, एजेंसियां। 13 साल से कोमा में रहे 31 वर्षीय हरीश राणा का पार्थिव शरीर बुधवार सुबह 8.30 बजे अंतिम संस्कार के लिए दिल्ली के ग्रीन पार्क श्मशान घाट लाया गया। पिता अशोक राणा ने बेटे को आखिरी बार प्रणाम किया और कहा, “कोई रोए न, बेटा शांति से जाए। उसे भगवान का आशीर्वाद मिले।” थोड़ी देर बाद हरीश का अंतिम संस्कार किया गया, जिसमें उनके भाई ने मुखाग्नि दी। क्या है मामला? हरीश 2013 में हॉस्टल की चौथी मंजिल से गिरने के बाद क्वाड्रिप्लेजिया और गंभीर लकवे के कारण कोमा में चले गए थे। बीते 13 वर्षों में उनका जीवन केवल लाइफ सपोर्ट सिस्टम पर निर्भर रहा। 11 मार्च को सुप्रीम कोर्ट ने पैसिव यूथेनेशिया यानी इच्छामृत्यु की अनुमति दी थी, जिससे हरीश की जिंदगी का अंत उनके परिवार की सहमति और मेडिकल बोर्डों की मंजूरी के तहत संभव हुआ। कैसे हुई मौत ? एम्स में हरीश को पैसिव यूथेनेशिया के तहत जीवनरक्षक उपकरण और फीडिंग ट्यूब से हटाया गया। परिवार ने हरीश के हार्ट वाल्व और कॉर्निया दान कर दिए। इस प्रक्रिया ने भारत में इच्छामृत्यु के कानूनी मान्यता प्राप्त पहले मामले का उदाहरण पेश किया।अंतिम संस्कार के दौरान माता निर्मला राणा और पिता अशोक राणा भावुक नजर आए। यूपी कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय और ब्रह्मकुमारी लवली समेत अन्य लोग मौजूद रहे। घाट पर हरीश का पार्थिव शरीर फूलों और उपलों से सजाया गया। पिता ने अंतिम संस्कार के समय सबको संयम रखने और शांति बनाए रखने की अपील की। सुप्रीम कोर्ट ने क्या कहा ? सुप्रीम कोर्ट ने 2018 में इच्छामृत्यु के लिए नियम बनाए थे। इसके तहत या तो मरीज ने लिविंग विल लिखी हो या परिवार/करीबी निर्णय लें। पैसिव यूथेनेशिया में इलाज या लाइफ सपोर्ट रोक दिया जाता है, जबकि एक्टिव यूथेनेशिया भारत में गैरकानूनी है। हरीश राणा का यह मामला न केवल परिवार के साहस का प्रतीक है, बल्कि देश में इच्छामृत्यु के संवैधानिक अधिकार को भी सामने लाता है।