Realme India

Realme 16T 5G smartphone showcasing 8000mAh battery, 50MP Sony camera and AI-powered photography features.
Realme 16T 5G लॉन्च से पहले चर्चा में, 8000mAh बैटरी और 50MP Sony कैमरे के साथ देगा दमदार एंट्री

Realme भारत में अपना नया स्मार्टफोन Realme 16T 5G लॉन्च करने जा रहा है। लॉन्च से पहले ही कंपनी ने फोन के कई प्रमुख फीचर्स का खुलासा कर दिया है, जिसके बाद यह डिवाइस टेक मार्केट में चर्चा का विषय बन गया है। Realme 16T 5G को 22 मई को भारतीय बाजार में लॉन्च किया जाएगा। कंपनी इसे खास तौर पर उन यूजर्स को ध्यान में रखकर ला रही है जो बड़ी बैटरी, दमदार कैमरा और AI फीचर्स वाला 5G स्मार्टफोन चाहते हैं। 50MP Sony कैमरा के साथ मिलेगा AI फोटोग्राफी एक्सपीरियंस फोन में 50MP का Sony IMX852 प्राइमरी कैमरा दिया जाएगा, जो f/1.8 अपर्चर और ऑटोफोकस सपोर्ट के साथ आएगा। कंपनी ने इसमें अपना खास LumaColor IMAGE Engine भी जोड़ा है, जो AI की मदद से स्किन टोन, कलर्स और फोटो डिटेल्स को बेहतर बनाएगा। इसके अलावा फोन में RAW HDR प्रोसेसिंग और Custom White Balance जैसे फीचर्स भी मिलेंगे, जिससे लो-लाइट और प्रोफेशनल फोटोग्राफी का अनुभव और बेहतर हो सकता है। AI Portrait Glow समेत कई स्मार्ट फीचर्स Realme 16T 5G में AI Portrait Glow फीचर मिलेगा, जो कम रोशनी में चेहरे की लाइटिंग को बेहतर बनाने में मदद करेगा। यूजर्स इसमें Flash, Natural Light, Rim Light और Studio Light जैसे पोर्ट्रेट इफेक्ट्स का इस्तेमाल भी कर पाएंगे। फोन में Rear Selfie Mirror फीचर भी दिया जाएगा, जिससे यूजर्स रियर कैमरे से सेल्फी लेते समय खुद को आसानी से देख सकेंगे। इसके अलावा कंपनी कई AI बेस्ड क्रिएटिव फीचर्स भी दे रही है, जिनमें: AI Popout Collage AI StyleMe AI Profile Portrait AI Football Star AI Instant Clip शामिल हैं। AI Instant Clip फीचर कुछ ही सेकेंड में फोटो और वीडियो से शॉर्ट वीडियो तैयार कर सकेगा। डिस्प्ले और ऑडियो पर भी खास ध्यान फोन में 144Hz रिफ्रेश रेट वाला डिस्प्ले मिलेगा, जिसकी पीक ब्राइटनेस 2100 निट्स तक होगी। इससे गेमिंग और वीडियो स्ट्रीमिंग का अनुभव बेहतर होने की उम्मीद है। कंपनी ने इसमें 400% Ultra Volume मोड भी दिया है, जो मूवी और सीरीज देखने के दौरान तेज और क्लियर ऑडियो देने में मदद करेगा। पानी और गिरने से भी रहेगा सुरक्षित Realme 16T 5G को IP69 Pro रेटिंग मिली है, यानी यह पानी और धूल से काफी हद तक सुरक्षित रहेगा। साथ ही इसमें मिलिट्री-ग्रेड शॉक रेजिस्टेंस प्रोटेक्शन भी मिलेगा, जिससे फोन गिरने पर अतिरिक्त सुरक्षा मिलेगी। 8000mAh बैटरी के साथ लंबा बैकअप फोन की सबसे बड़ी खासियत इसकी 8000mAh बैटरी हो सकती है। कंपनी का दावा है कि यह बैटरी एक बार चार्ज करने पर लगभग तीन दिन तक चल सकती है। इसके साथ 45W फास्ट चार्जिंग, बायपास चार्जिंग और वायर्ड रिवर्स चार्जिंग जैसे फीचर्स भी दिए जाएंगे। तीन रंगों में होगा उपलब्ध यह स्मार्टफोन Starlight Black, Starlight Blue और Starlight Red कलर ऑप्शन में लॉन्च किया जाएगा। अगर Realme इस फोन को आक्रामक कीमत में लॉन्च करता है, तो यह मिड-रेंज 5G स्मार्टफोन मार्केट में मजबूत चुनौती पेश कर सकता है।  

surbhi मई 19, 2026 0
Realme Buds Air8 Pro and Watch S5 showcased ahead of May 22 AIoT launch event
Realme Buds Air8 Pro और Watch S5 की लॉन्च डेट कन्फर्म, 22 मई को होगा बड़ा AIoT इवेंट

टेक कंपनी Realme ने अपने दो नए AIoT प्रोडक्ट्स—Realme Buds Air8 Pro और Realme Watch S5 की भारत में लॉन्च डेट कन्फर्म कर दी है। कंपनी इन दोनों डिवाइसेज को 22 मई को दोपहर 12 बजे लॉन्च करने जा रही है। लॉन्च से पहले सामने आए टीजर में दोनों डिवाइसेज के कई प्रीमियम फीचर्स का खुलासा हुआ है, जिससे टेक यूजर्स और गैजेट प्रेमियों में काफी उत्साह देखा जा रहा है। Realme Buds Air8 Pro: दमदार ANC और AI फीचर्स Realme Buds Air8 Pro को खास तौर पर बेहतर ऑडियो और नॉइज-फ्री अनुभव के लिए डिजाइन किया गया है। इसमें कई एडवांस फीचर्स मिलने की उम्मीद है: 55dB Ultra-Depth Active Noise Cancellation (ANC) Adaptive ANC फीचर, जो माहौल के अनुसार नॉइज कंट्रोल करेगा Dual DAC ड्राइवर सिस्टम, बेहतर साउंड क्वालिटी के लिए AI Call Noise Cancellation, कॉलिंग एक्सपीरियंस सुधारने के लिए टीजर के अनुसार, यह ईयरबड्स ब्लैक और व्हाइट कलर ऑप्शन में उपलब्ध होंगे और इन्हें ट्रैवल, ऑफिस और डेली यूज़ को ध्यान में रखकर डिजाइन किया गया है। Realme Watch S5: 20 दिन की बैटरी लाइफ का दावा Realme Watch S5 एक पावरफुल स्मार्टवॉच के तौर पर पेश की जा रही है, जिसमें फिटनेस और लॉन्ग बैटरी लाइफ पर खास फोकस किया गया है। इसके प्रमुख फीचर्स: 110+ स्पोर्ट्स मोड्स एक बार चार्ज में 20 दिन तक की बैटरी लाइफ का दावा हेल्थ और एक्टिविटी ट्रैकिंग फीचर्स Realme इकोसिस्टम के साथ बेहतर कनेक्टिविटी डिजाइन की बात करें तो इसमें सर्कुलर डायल और व्हाइट व ग्रे कलर ऑप्शन मिलने की उम्मीद है। कीमत का अभी इंतजार कंपनी ने अभी इन दोनों डिवाइसेज की कीमत का खुलासा नहीं किया है। उम्मीद की जा रही है कि लॉन्च इवेंट में इनकी कीमत और उपलब्धता को लेकर भी आधिकारिक जानकारी दी जाएगी। टेक मार्केट में बढ़ी प्रतिस्पर्धा भारत में स्मार्ट ऑडियो और वियरेबल सेगमेंट तेजी से बढ़ रहा है। ऐसे में Realme के ये नए प्रोडक्ट्स सीधे तौर पर अन्य ब्रांड्स के लिए कड़ी प्रतिस्पर्धा पेश कर सकते हैं।  

surbhi मई 15, 2026 0
Realme 16 5G smartphone with unique selfie mirror on back panel and stylish modern design
Realme 16 5G: भारत का पहला ‘सेल्फी मिरर’ स्मार्टफोन जल्द लॉन्च, युवाओं को करेगा खास टारगेट

स्मार्टफोन बाजार में अपनी आक्रामक रणनीति के लिए जानी जाने वाली Realme अब एक और इनोवेटिव डिवाइस के साथ तैयार है। कंपनी जल्द ही भारत में Realme 16 5G लॉन्च करने जा रही है, जिसे देश का पहला ‘सेल्फी मिरर फोन’ कहा जा रहा है। यह डिवाइस खासतौर पर उन यूजर्स के लिए डिजाइन किया गया है, जो सोशल मीडिया के लिए बेहतर सेल्फी और स्टाइलिश लुक को प्राथमिकता देते हैं। क्या है ‘सेल्फी मिरर’ कॉन्सेप्ट? Realme 16 5G की सबसे बड़ी खासियत इसका यूनिक सेल्फी मिरर फीचर है। फोन के बैक पैनल पर एक छोटा गोल मिरर दिया गया है, जो रियर कैमरे से सेल्फी लेते समय व्यूफाइंडर का काम करेगा। इस फीचर के जरिए यूजर्स हाई-क्वालिटी रियर कैमरे से भी परफेक्ट सेल्फी क्लिक कर सकेंगे। डिजाइन: Pixel और iPhone से मिलता-जुलता लुक फोन का डिजाइन प्रीमियम और मॉडर्न रखा गया है। इसमें स्क्वायर कैमरा मॉड्यूल की जगह हॉरिजॉन्टल कैमरा बार मिलता है, जो Google Pixel और iPhone Air जैसी स्टाइलिंग से प्रेरित है। कंपनी इसे “Elegant Air Design” बता रही है, जो हल्का और आरामदायक ग्रिप देने वाला होगा। डिस्प्ले और परफॉर्मेंस 6.57-इंच FHD+ AMOLED डिस्प्ले 120Hz रिफ्रेश रेट 4200 निट्स पीक ब्राइटनेस DTStar D+ ग्लास प्रोटेक्शन परफॉर्मेंस के लिए इसमें MediaTek Dimensity 6400 Turbo चिपसेट दिया गया है। हालांकि यह पिछले मॉडल Realme 15 के चिपसेट से थोड़ा कम पावरफुल माना जा रहा है, लेकिन रियल-लाइफ परफॉर्मेंस लॉन्च के बाद ही साफ होगी। कैमरा और बैटरी 50MP Sony IMX852 मेन कैमरा 2MP मोनोक्रोम सेंसर 50MP फ्रंट सेल्फी कैमरा बैटरी के मामले में यह फोन काफी दमदार है: 7,000mAh बैटरी (दो दिन तक बैकअप का दावा) 60W फास्ट चार्जिंग रिवर्स चार्जिंग सपोर्ट ड्यूरेबिलिटी और एक्स्ट्रा फीचर्स Realme 16 5G को मजबूती के लिहाज से भी मजबूत बनाया गया है। इसमें IP66, IP68, IP69 और IP69K रेटिंग्स दी गई हैं, जो इसे पानी और धूल से सुरक्षित बनाती हैं। इसके अलावा, बेहतर कूलिंग के लिए 6050mm² वॉपर चेंबर मिलने की भी संभावना है। किसके लिए है यह फोन? यह स्मार्टफोन खासकर युवाओं और कंटेंट क्रिएटर्स को ध्यान में रखकर डिजाइन किया गया है। अगर आप स्टाइलिश डिजाइन, लंबी बैटरी लाइफ और बेहतरीन सेल्फी अनुभव चाहते हैं, तो यह फोन आपके लिए एक आकर्षक विकल्प बन सकता है।  

surbhi मार्च 25, 2026 0
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शादी समारोह में जम्मू-कश्मीर के पूर्व सीएम पर हमला नाकाम, हमलावर 20 साल से कर रहा था मौके का इंतज़ार

  जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री Farooq Abdullah पर जम्मू में एक शादी समारोह के दौरान हुए हमले ने सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। घटना उस समय हुई जब वे एक कार्यक्रम से बाहर निकल रहे थे और भीड़ में मौजूद एक व्यक्ति ने उनके बेहद करीब आकर पिस्तौल तान दी और गोली चलाने की कोशिश की। हालांकि सुरक्षाकर्मियों की त्वरित कार्रवाई से यह हमला नाकाम हो गया और वे बाल-बाल बच गए। यह घटना जम्मू के ग्रेटर कैलाश इलाके में आयोजित एक विवाह समारोह में हुई, जहां Farooq Abdullah जम्मू-कश्मीर के उपमुख्यमंत्री Surinder Choudhary के साथ पहुंचे थे।   कौन है हमलावर? पुलिस ने आरोपी की पहचान कमल सिंह जम्वाल (करीब 65 वर्ष) के रूप में की है, जो जम्मू के पुरानी मंडी इलाके का निवासी बताया जा रहा है। प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी ने दावा किया कि वह पिछले करीब 20 वर्षों से इस मौके का इंतज़ार कर रहा था। पुलिस के अनुसार कमल सिंह के पास एक लाइसेंसी पिस्तौल थी और घटना के समय वह कथित तौर पर नशे में भी था। सुरक्षाकर्मियों ने मौके से हथियार बरामद कर लिया है और उससे पूछताछ जारी है। जांच एजेंसियां यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि यह हमला व्यक्तिगत रंजिश का नतीजा था या इसके पीछे कोई बड़ी साजिश हो सकती है।   CCTV में कैद हुई पूरी घटना घटना का CCTV फुटेज भी सामने आया है। वीडियो में दिखता है कि जैसे ही Farooq Abdullah समारोह से बाहर निकल रहे थे, आरोपी पीछे से तेजी से आया और उनकी कनपटी पर पिस्तौल तान दी। उसने फायर करने की कोशिश की, लेकिन उसी क्षण सुरक्षा में तैनात कमांडो सक्रिय हो गए और उसका हाथ झटक दिया, जिससे गोली लक्ष्य से चूक गई। इसके तुरंत बाद सुरक्षाकर्मियों और मौके पर मौजूद लोगों ने आरोपी को पकड़ लिया। घटना के बाद का वीडियो सोशल मीडिया पर भी तेजी से वायरल हो रहा है।   सीएम उमर अब्दुल्ला ने उठाए सुरक्षा पर सवाल हमले के बाद जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री Omar Abdullah ने सोशल मीडिया पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि उनके पिता बाल-बाल बच गए। उन्होंने लिखा कि एक व्यक्ति भरी हुई पिस्तौल के साथ इतने करीब तक कैसे पहुंच गया, यह गंभीर सुरक्षा चूक का संकेत है। मुख्यमंत्री ने इस घटना की उच्च-स्तरीय जांच की मांग भी की है, ताकि सुरक्षा व्यवस्था में हुई संभावित खामियों का पता लगाया जा सके। घटना के समय उपमुख्यमंत्री Surinder Choudhary भी वहां मौजूद थे। इस दौरान उन्हें हल्की चोट आई, जिसके बाद मौके पर ही प्राथमिक उपचार दिया गया।   पुलिस की जांच जारी जम्मू पुलिस के अनुसार हमला ग्रेटर कैलाश के रॉयल पार्क में आयोजित विवाह समारोह के दौरान हुआ। सुरक्षा दल ने तुरंत कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने बताया कि आरोपी की पिस्तौल जब्त कर ली गई है और उसके पारिवारिक पृष्ठभूमि, संपर्कों और मानसिक स्थिति की भी जांच की जा रही है। सुरक्षा एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि कहीं इस घटना के पीछे कोई बड़ी साजिश तो नहीं।  

हरीश राणा मामला: इच्छामृत्यु की अनुमति ने खड़े किए संवेदनशील सवाल, क्या सच में कोई अकेले मरता है?

भारत के कानूनी और सामाजिक विमर्श में एक ऐतिहासिक और भावनात्मक मोड़ तब आया, जब सुप्रीम कोर्ट ने हरीश राणा को निष्क्रिय इच्छामृत्यु (Passive Euthanasia) की अनुमति दे दी। यह फैसला न केवल न्यायिक दृष्टि से अहम है, बल्कि मानवीय संवेदनाओं और पारिवारिक पीड़ा को भी गहराई से छूता है। 13 साल का संघर्ष: जीवन और मृत्यु के बीच अटका एक अस्तित्व हरीश राणा पिछले 13 वर्षों से अचेत अवस्था में जीवन और मृत्यु के बीच झूल रहे थे। एक हादसे में चंडीगढ़ स्थित हॉस्टल की चौथी मंज़िल से गिरने के बाद उनका शरीर तो जीवित रहा, लेकिन वे किसी भी प्रकार की प्रतिक्रिया देने में असमर्थ हो गए। इन वर्षों में उनके माता-पिता ने निरंतर उनकी सेवा की, लेकिन बढ़ती उम्र और शारीरिक थकान ने उन्हें एक कठिन निर्णय के सामने ला खड़ा किया-अपने ही बेटे के लिए मृत्यु की अनुमति मांगना। अदालत का फैसला: ‘गरिमामय मृत्यु’ की दिशा में कदम सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में निष्क्रिय इच्छामृत्यु की अनुमति दी, जिसमें जीवन को कृत्रिम रूप से बनाए रखने वाले उपकरणों को हटाया जाता है, ताकि व्यक्ति स्वाभाविक रूप से मृत्यु की ओर बढ़ सके। यह निर्णय भारत में इच्छामृत्यु को लेकर एक महत्वपूर्ण मिसाल बन गया है। इससे पहले भी ऐसे मामले सामने आए थे, जैसे अरुणा शानबाग का मामला, लेकिन तब अदालत ने अनुमति नहीं दी थी। एक सवाल जो दिल को झकझोरता है यह मामला सिर्फ कानूनी नहीं, बल्कि गहरे मानवीय और भावनात्मक सवाल भी खड़े करता है- क्या हरीश राणा अकेले मरेंगे? असल में, किसी की मृत्यु कभी अकेली नहीं होती। हरीश के साथ उनके माता-पिता का एक हिस्सा भी खत्म होगा-खासतौर पर उनकी मां, जिन्होंने अपने बेटे की इच्छामृत्यु की अनुमति पर हस्ताक्षर किए। यह निर्णय केवल कागज पर हस्ताक्षर नहीं, बल्कि एक मां के भीतर की पीड़ा, त्याग और टूटन का प्रतीक है। समाज और परिवार पर उठते बड़े सवाल इस घटना ने समाज के बदलते स्वरूप पर भी सवाल खड़े किए हैं- क्या आधुनिक जीवनशैली और टूटते पारिवारिक ढांचे लोगों को ऐसे फैसले लेने के लिए मजबूर कर रहे हैं?   क्या ‘गरिमामय मृत्यु’ की मांग, ‘गरिमामय जीवन’ की कमी को दर्शाती है?   हरीश राणा और अरुणा शानबाग जैसे मामलों ने यह दिखाया है कि कई बार जीवन केवल शरीर से नहीं, बल्कि रिश्तों और देखभाल से भी चलता है। कानून बनने की जरूरत और संभावित खतरे सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार को इच्छामृत्यु पर स्पष्ट कानून बनाने की भी सलाह दी है। हालांकि, इसके साथ एक चिंता भी जुड़ी है- कहीं इस कानून का दुरुपयोग तो नहीं होगा? विशेषज्ञों का मानना है कि बिना सख्त नियमों के, यह कानून कमजोर और बुजुर्ग लोगों के लिए खतरा बन सकता है। वहीं, कुछ परिवारों के लिए यह पीड़ा से मुक्ति का रास्ता भी साबित हो सकता है।  

लोकसभा स्पीकर के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पर आज अमित शाह का भाषण, सदन में हंगामे के आसार

  नई दिल्ली: लोकसभा स्पीकर Om Birla को पद से हटाने के लिए लाए गए अविश्वास प्रस्ताव पर संसद में सियासी घमासान तेज हो गया है। इस मुद्दे पर जारी बहस के बीच बुधवार को केंद्रीय गृह मंत्री Amit Shah लोकसभा में सरकार का पक्ष रखेंगे। माना जा रहा है कि उनके संबोधन के दौरान सदन में तीखी बहस और हंगामे की स्थिति बन सकती है। यह प्रस्ताव कांग्रेस सांसद Mohammed Javed ने पेश किया है, जिसे विपक्ष के कई दलों का समर्थन मिला है। प्रस्ताव को 50 से अधिक सांसदों का समर्थन मिलने के बाद इसे चर्चा के लिए स्वीकार किया गया। मंगलवार को सदन की कार्यवाही की अध्यक्षता कर रहे Jagadambika Pal ने प्रस्ताव पर चर्चा की अनुमति दी और इसके लिए कुल 10 घंटे का समय निर्धारित किया। उन्होंने सांसदों से अपील की कि वे बहस के दौरान केवल प्रस्ताव से जुड़े मुद्दों पर ही अपनी बात रखें।   118 विपक्षी सांसदों का समर्थन स्पीकर को हटाने के प्रस्ताव पर कुल 118 विपक्षी सांसदों ने हस्ताक्षर किए हैं। विपक्ष का आरोप है कि Om Birla ने सदन की कार्यवाही के दौरान निष्पक्षता नहीं बरती और कई मौकों पर ‘पक्षपातपूर्ण व्यवहार’ किया। इसी आरोप के आधार पर यह प्रस्ताव लाया गया है। मंगलवार को बहस शुरू होते ही प्रक्रिया को लेकर भी विवाद देखने को मिला। एआईएमआईएम प्रमुख Asaduddin Owaisi और कांग्रेस सांसद K. C. Venugopal ने आपत्ति जताते हुए कहा कि इस तरह की बहस की अध्यक्षता के लिए सदन को किसी सदस्य का चुनाव करना चाहिए। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि अध्यक्षों के पैनल से किसे कार्यवाही की अध्यक्षता के लिए चुना गया, इसका निर्णय किस आधार पर लिया गया। हालांकि सत्तारूढ़ दल के नेताओं ने इन आपत्तियों को खारिज कर दिया। भाजपा सांसद Ravi Shankar Prasad और Nishikant Dubey ने विपक्ष के आरोपों को निराधार बताते हुए कहा कि नियमों के तहत ही कार्यवाही चल रही है।   गौरव गोगोई ने शुरू की बहस बहस की शुरुआत कांग्रेस सांसद Gaurav Gogoi ने की। उन्होंने कहा कि यह प्रस्ताव किसी व्यक्तिगत विरोध के कारण नहीं बल्कि संसद की गरिमा और निष्पक्षता बनाए रखने के उद्देश्य से लाया गया है। उन्होंने कहा, “यह प्रस्ताव सदन की गरिमा की रक्षा की जिम्मेदारी के तहत लाया गया है, न कि व्यक्तिगत रूप से स्पीकर के खिलाफ।” गोगोई ने संसदीय कार्य मंत्री Kiren Rijiju पर भी निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि वे अक्सर विपक्षी सांसदों की बातों में बाधा डालते हैं। उन्होंने कहा कि भविष्य में जब संसदीय रिकॉर्ड का अध्ययन होगा तो यह सामने आएगा कि विपक्ष की आवाज़ को सबसे अधिक बाधित किया गया।   रिजिजू ने राहुल गांधी पर साधा निशाना अपने जवाब में Kiren Rijiju ने कांग्रेस नेता Rahul Gandhi पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि यदि कोई खुद को स्पीकर से ऊपर समझता है तो उसका “कोई इलाज नहीं है।” रिजिजू ने कहा कि संसद के नियम स्पष्ट हैं और सदन में बोलने के लिए स्पीकर की अनुमति जरूरी होती है, चाहे वह प्रधानमंत्री हो, मंत्री हो या विपक्ष का नेता।   प्रियंका गांधी का पलटवार इस टिप्पणी पर कांग्रेस नेता Priyanka Gandhi Vadra ने तीखा पलटवार किया। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी जनता से जुड़े मुद्दों पर सरकार को बेखौफ होकर घेरते हैं और यही बात सत्तारूढ़ दल को असहज करती है। प्रियंका गांधी ने कहा, “पिछले 12 वर्षों में इस देश में केवल एक व्यक्ति है जिसने इनके सामने झुकने से इनकार किया है और वह विपक्ष के नेता हैं। वे जो सच बोलते हैं, उसे ये लोग पचा नहीं पाते।” आज जब गृह मंत्री Amit Shah इस प्रस्ताव पर सदन में अपना पक्ष रखेंगे, तब बहस और अधिक तीखी होने की संभावना है। ऐसे में लोकसभा में राजनीतिक टकराव और हंगामे के आसार बने हुए हैं।  

यौन उत्पीड़न केस में शंकराचार्य को राहत, हाईकोर्ट ने दी अग्रिम जमानत

लखनऊ, एजेंसियां। यौन उत्पीड़न के गंभीर आरोपों से घिरे Swami Avimukteshwaranand Saraswati को बड़ी कानूनी राहत मिली है। अलाहबाद हाई कोर्ट  ने उनकी अग्रिम जमानत याचिका स्वीकार कर ली है, जिससे फिलहाल उनकी गिरफ्तारी पर रोक लग गई है। इसी मामले में उनके शिष्य Swami Mukundanand Giri को भी राहत दी गई है।   फैसला सुरक्षित रखने के बाद सुनाया गया आदेश इस मामले में अदालत ने पहले ही सभी पक्षों की दलीलें सुन ली थीं और 27 फरवरी को फैसला सुरक्षित रख लिया था। विस्तृत सुनवाई के बाद न्यायमूर्ति जितेंद्र कुमार सिन्हा की एकल पीठ ने यह फैसला सुनाया। अदालत के इस निर्णय को आरोपियों के लिए बड़ी राहत के तौर पर देखा जा रहा है, हालांकि केस की जांच और आगे की कानूनी प्रक्रिया जारी रहेगी।   मीडिया बयान पर भी कोर्ट की रोक हाईकोर्ट ने इस मामले को संवेदनशील मानते हुए एक अहम निर्देश भी दिया है। अदालत ने शिकायतकर्ता और आरोपियों—दोनों पक्षों को मीडिया में बयान देने से रोक दिया है, ताकि जांच और न्यायिक प्रक्रिया प्रभावित न हो।   क्या है पूरा मामला? यह मामला नाबालिगों के कथित यौन शोषण से जुड़ा है। आरोप है कि आश्रम से जुड़े कुछ बच्चों के साथ गलत व्यवहार किया गया। शिकायत के आधार पर विशेष POCSO अदालत ने पुलिस को मामला दर्ज करने का निर्देश दिया था। इसके बाद प्रयागराज के झूंसी थाने में एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू की गई।   जांच जारी, आगे भी होगी सुनवाई फिलहाल, अदालत से मिली अग्रिम जमानत के कारण गिरफ्तारी से राहत जरूर मिली है, लेकिन मामला खत्म नहीं हुआ है। पुलिस और संबंधित एजेंसियां जांच में जुटी हैं और आने वाले समय में इस केस में और भी कानूनी कार्रवाई हो सकती है।

इच्छामृत्यु के बाद Harish Rana को अंतिम विदाई, पिता की मार्मिक अपील- "रोना मत"

गाजियाबाद/दिल्ली, एजेंसियां। 13 साल से कोमा में रहे 31 वर्षीय हरीश राणा का पार्थिव शरीर बुधवार सुबह 8.30 बजे अंतिम संस्कार के लिए दिल्ली के ग्रीन पार्क श्मशान घाट लाया गया। पिता अशोक राणा ने बेटे को आखिरी बार प्रणाम किया और कहा, “कोई रोए न, बेटा शांति से जाए। उसे भगवान का आशीर्वाद मिले।” थोड़ी देर बाद हरीश का अंतिम संस्कार किया गया, जिसमें उनके भाई ने मुखाग्नि दी।   क्या है मामला? हरीश 2013 में हॉस्टल की चौथी मंजिल से गिरने के बाद क्वाड्रिप्लेजिया और गंभीर लकवे के कारण कोमा में चले गए थे। बीते 13 वर्षों में उनका जीवन केवल लाइफ सपोर्ट सिस्टम पर निर्भर रहा। 11 मार्च को सुप्रीम कोर्ट ने पैसिव यूथेनेशिया यानी इच्छामृत्यु की अनुमति दी थी, जिससे हरीश की जिंदगी का अंत उनके परिवार की सहमति और मेडिकल बोर्डों की मंजूरी के तहत संभव हुआ।   कैसे हुई  मौत ? एम्स में हरीश को पैसिव यूथेनेशिया के तहत जीवनरक्षक उपकरण और फीडिंग ट्यूब से हटाया गया। परिवार ने हरीश के हार्ट वाल्व और कॉर्निया दान कर दिए। इस प्रक्रिया ने भारत में इच्छामृत्यु के कानूनी मान्यता प्राप्त पहले मामले का उदाहरण पेश किया।अंतिम संस्कार के दौरान माता निर्मला राणा और पिता अशोक राणा भावुक नजर आए। यूपी कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय और ब्रह्मकुमारी लवली समेत अन्य लोग मौजूद रहे। घाट पर हरीश का पार्थिव शरीर फूलों और उपलों से सजाया गया। पिता ने अंतिम संस्कार के समय सबको संयम रखने और शांति बनाए रखने की अपील की।   सुप्रीम कोर्ट ने क्या  कहा ? सुप्रीम कोर्ट ने 2018 में इच्छामृत्यु के लिए नियम बनाए थे। इसके तहत या तो मरीज ने लिविंग विल लिखी हो या परिवार/करीबी निर्णय लें। पैसिव यूथेनेशिया में इलाज या लाइफ सपोर्ट रोक दिया जाता है, जबकि एक्टिव यूथेनेशिया भारत में गैरकानूनी है। हरीश राणा का यह मामला न केवल परिवार के साहस का प्रतीक है, बल्कि देश में इच्छामृत्यु के संवैधानिक अधिकार को भी सामने लाता है।

Top week

Indian delegation at international cyber security meeting after India assumed CCDB chairmanship role
राष्ट्रीय

भारत को मिली बड़ी अंतरराष्ट्रीय जिम्मेदारी, संभाला CCDB के अध्यक्ष का पद

surbhi मई 15, 2026 0