idtv indradhanush

RG Kar case
आरजी कर केस में हाईकोर्ट ने दोबारा  सीबीआई को क्राइम सीन सील करने का दिया आदेश

कोलकाता, एजेंसियां। कोलकाता के चर्चित आरजी कर मेडिकल कॉलेज दुष्कर्म और हत्या मामले में कलकत्ता हाईकोर्ट ने केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) को कड़े निर्देश जारी किए हैं। अदालत ने मामले के मुख्य घटनास्थल को दोबारा सुरक्षित तरीके से सील करने का आदेश दिया है। यह निर्देश पीड़िता के परिवार द्वारा दायर नई याचिका पर सुनवाई के दौरान दिया गया।   करीब दो वर्ष पहले हुए इस सनसनीखेज मामले ने पूरे देश को झकझोर दिया था। मामले के मुख्य आरोपी संजय रॉय को पहले ही आजीवन कारावास की सजा सुनाई जा चुकी है, लेकिन पीड़िता के परिवार ने जांच के कुछ पहलुओं पर सवाल उठाते हुए आगे की जांच की मांग की है।   अदालत ने सीबीआई से पूछे तीखे सवाल मंगलवार को जस्टिस शंपा सरकार और जस्टिस तीर्थंकर घोष की विशेष डिवीजन बेंच में सुनवाई हुई। अदालत ने शुरुआत से ही जांच एजेंसी के रवैये पर सख्त रुख अपनाया। कोर्ट ने सीबीआई से पूछा कि जब एजेंसी ने जांच अपने हाथ में ली थी, तब अस्पताल के किन-किन हिस्सों को सील किया गया था। सीबीआई की ओर से बताया गया कि केवल सेमिनार हॉल को सील किया गया था। इस जवाब पर अदालत ने नाराजगी जताई और पूछा कि क्या अन्य संभावित स्थानों को सुरक्षित करने की जरूरत नहीं समझी गई। कोर्ट ने यह भी जानना चाहा कि क्या जांच के दौरान किसी समय उस सील को खोला गया था।   सबूतों की सुरक्षा पर हाईकोर्ट की चिंता मामले की गंभीरता को देखते हुए हाईकोर्ट ने कहा कि किसी भी परिस्थिति में सबूतों से छेड़छाड़ नहीं होनी चाहिए। अदालत ने सीबीआई को निर्देश दिया कि सेमिनार रूम को तुरंत दोबारा सील किया जाए और यदि जांच के लिहाज से अन्य स्थान महत्वपूर्ण हों, तो उन्हें भी सुरक्षित किया जाए।   21 मई को होगी अगली सुनवाई पीड़िता के माता-पिता का दावा है कि इस अपराध में एक से अधिक लोग शामिल हो सकते हैं। इसी आधार पर उन्होंने आगे की जांच की मांग की है। हाईकोर्ट ने मामले की अगली सुनवाई 21 मई को निर्धारित की है, जहां सीबीआई और पीड़ित परिवार दोनों की दलीलें सुनी जाएंगी।

Anjali Kumari मई 20, 2026 0
Bengal OBC reservation
बंगाल में ओबीसी आरक्षण पर बड़ा फैसला, कोटा 17% से घटाकर 7% हो गया मुस्लिम समुदाय ओबीसी सूची से बाहर

कोलकाता, एजेंसियां। पश्चिम बंगाल में ओबीसी आरक्षण को लेकर बड़ा फैसला लिया गया है। राज्य के पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग ने नई अधिसूचना जारी कर 66 जातियों के लिए अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) आरक्षण को 17 प्रतिशत से घटाकर 7 प्रतिशत कर दिया है। इस बदलाव के बाद राज्य की राजनीति में हलचल तेज हो गई है। इस फैसले को राज्य की भाजपा सरकार और विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष Suvendu Adhikari की ओर से बड़ा प्रशासनिक सुधार बताया जा रहा है। सरकार का कहना है कि नई नीति का उद्देश्य वास्तव में पिछड़े समुदायों को आरक्षण का लाभ पहुंचाना है।   मुस्लिम समुदायों को ओबीसी सूची से बाहर किया गया नई नीति का सबसे अहम पहलू यह है कि फिलहाल मुस्लिम समुदायों को ओबीसी सूची से बाहर कर दिया गया है। पहले ओबीसी-ए और ओबीसी-बी श्रेणियों में कई मुस्लिम समुदाय शामिल थे और उन्हें आरक्षण का लाभ मिलता था। सरकार का कहना है कि धर्म के आधार पर आरक्षण देना संविधान की मूल भावना के खिलाफ है। अधिकारियों के अनुसार यह फैसला अदालत की टिप्पणियों और कानूनी बाध्यताओं को ध्यान में रखकर लिया गया है।   हाईकोर्ट के फैसले के बाद बढ़ी कार्रवाई इस मुद्दे पर पहले कोलकाता हाई कोर्ट ने कई मुस्लिम समुदायों को ओबीसी सूची में शामिल किए जाने को असंवैधानिक करार देते हुए रद्द कर दिया था। बाद में यह मामला सुप्रीम कोर्ट तक पहुंचा।   राज्य सरकार का कहना है कि पिछली सरकारों के दौरान आरक्षण व्यवस्था में कानूनी और सर्वेक्षण संबंधी गंभीर विसंगतियां थीं। भाजपा सरकार के अनुसार संशोधित नीति से उन हिंदू समुदायों को अधिक लाभ मिलेगा जो वास्तव में सामाजिक और आर्थिक रूप से पिछड़े हैं।   सरकारी नौकरियों और शिक्षा में तुरंत लागू होगी व्यवस्था नई आरक्षण व्यवस्था को सरकारी नौकरियों और उच्च शिक्षा संस्थानों में प्रवेश प्रक्रिया में तत्काल प्रभाव से लागू करने का निर्णय लिया गया है।राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इस फैसले का पश्चिम बंगाल की राजनीति पर बड़ा असर पड़ सकता है, क्योंकि राज्य में ओबीसी और अल्पसंख्यक वोट बैंक हमेशा से अहम भूमिका निभाते रहे हैं।

Anjali Kumari मई 20, 2026 0
पशु वध मुद्दे पर घिरीं महुआ मोइत्रा, भाजपा नेता ने दर्ज कराई शिकायत

कोलकाता, एजेंसियां। महुआ मोइत्रा की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं। कृष्णानगर से तृणमूल कांग्रेस सांसद महुआ मोइत्रा के खिलाफ पश्चिम बंगाल के करीमपुर पुलिस स्टेशन में एफआईआर दर्ज की गई है। उन पर पश्चिम बंगाल पशु वध नियंत्रण अधिनियम, 1950 से जुड़े मुद्दे पर विवादित टिप्पणी करने का आरोप लगाया गया है। यह विवाद उनके एक फेसबुक पोस्ट के बाद शुरू हुआ, जिसमें उन्होंने राज्य सरकार के हालिया दिशा-निर्देशों और पशु व्यापार से जुड़े मुद्दों पर सवाल उठाए थे। भाजपा नेताओं ने इसे भड़काऊ और सांप्रदायिक माहौल खराब करने वाला बयान बताया है।   भाजपा नेता ने दर्ज कराई शिकायत स्थानीय भाजपा नेता गोलोक बिस्वास ने करीमपुर थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई है। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि महुआ मोइत्रा ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए लोगों की भावनाएं भड़काने और सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने की कोशिश की। महुआ मोइत्रा ने 16 मई को अपने आधिकारिक सोशल मीडिया पेज पर एक वीडियो पोस्ट किया था। वीडियो में उन्होंने दावा किया कि गौहत्या से जुड़े नए दिशा-निर्देश एक विशेष वर्ग को खुश करने के उद्देश्य से बनाए गए हैं। उन्होंने केंद्र सरकार की नीतियों और गोमांस निर्यात पर मिलने वाली सब्सिडी का मुद्दा भी उठाया।   भाजपा ने आरोपों को बताया भ्रामक करीमपुर से भाजपा विधायक Samarendra Nath Ghosh ने महुआ मोइत्रा के आरोपों को गलत और भ्रामक बताया। उन्होंने कहा कि सरकारी निर्देशों में कहीं भी पशु बाजार बंद करने की बात नहीं कही गई है। उनके अनुसार यह कदम भारत-बांग्लादेश सीमा पर गायों की तस्करी रोकने के लिए उठाया गया है। भाजपा नेताओं ने यह भी मांग की है कि यह जांच होनी चाहिए कि क्या सांसद तस्करी से जुड़े तत्वों को समर्थन दे रही हैं।   पहले से जारी है आरोप-प्रत्यारोप राजनीतिक विवाद इससे पहले भी गर्माया हुआ था। भाजपा नेता गोलक बिश्वास ने सोशल मीडिया पर महुआ मोइत्रा के खिलाफ टिप्पणी की थी, जिसके बाद सांसद ने उनके खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी। अब दोनों पक्षों के बीच आरोप-प्रत्यारोप से सीमा क्षेत्र करीमपुर का राजनीतिक माहौल काफी तनावपूर्ण हो गया है। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।

Anjali Kumari मई 20, 2026 0
Stock Market
Stock Market: हरे निशान पर बंद हुआ  शेयर बाजार

मुंबई, एजेंसियां। घरेलू शेयर बाजार में बुधवार को भारी उतार-चढ़ाव के बीच कारोबार का अंत बढ़त के साथ हुआ। शुरुआती कमजोरी और बिकवाली के दबाव के बावजूद निवेशकों की खरीदारी लौटने से बाजार हरे निशान पर बंद होने में सफल रहा। बीएसई का BSE Sensex 117.54 अंक यानी 0.16 प्रतिशत की बढ़त के साथ 75,318.39 के स्तर पर बंद हुआ। वहीं, एनएसई का Nifty 50 41 अंक यानी 0.17 प्रतिशत चढ़कर 23,659 पर बंद हुआ।   दिनभर बाजार में रहा दबाव कारोबार की शुरुआत कमजोर रही थी। सेंसेक्स 394 अंकों की गिरावट के साथ 74,806.49 पर खुला, जबकि निफ्टी 160 अंकों से ज्यादा टूटकर 23,457.25 पर पहुंच गया था। वैश्विक भू-राजनीतिक तनाव, कच्चे तेल की ऊंची कीमतें और डॉलर के मुकाबले रुपये की कमजोरी ने शुरुआती कारोबार में निवेशकों की चिंता बढ़ा दी थी। विशेषज्ञों के मुताबिक महंगाई को लेकर बढ़ती आशंकाएं और विदेशी बाजारों से मिले कमजोर संकेतों का असर भी घरेलू बाजार पर देखने को मिला।   रिलायंस और हिंडाल्को में जोरदार तेजी दिन के कारोबार में कई दिग्गज शेयरों ने बाजार को संभालने में अहम भूमिका निभाई। Reliance Industries के शेयर करीब 3 प्रतिशत की तेजी के साथ बंद हुए, जबकि Hindalco Industries में लगभग 4 प्रतिशत की बढ़त दर्ज की गई। धातु और ऊर्जा सेक्टर के शेयरों में अच्छी खरीदारी देखने को मिली।   रुपये में कमजोरी जारी शेयर बाजार में सुधार के बावजूद भारतीय मुद्रा पर दबाव बना रहा। रुपया डॉलर के मुकाबले 13 पैसे कमजोर होकर 96.83 (अस्थायी) पर बंद हुआ। जानकारों का कहना है कि कच्चे तेल की बढ़ती कीमतें और वैश्विक आर्थिक अनिश्चितता रुपये पर दबाव बनाए हुए हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले दिनों में वैश्विक संकेत, कच्चे तेल की चाल और विदेशी निवेशकों की गतिविधियां बाजार की दिशा तय करेंगी।

Anjali Kumari मई 20, 2026 0
Bihar Board updates
बिहार बोर्ड का बड़ा कदम, अब ऑनलाइन दर्ज होगी छात्रों की शिकायत

पटना, एजेंसियां। बिहार बोर्ड ने छात्रों और अभ्यर्थियों की समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए नई व्यवस्था शुरू की है। बुधवार को पटना स्थित बिहार बोर्ड कार्यालय में पूछताछ सह शिकायत केंद्र का उद्घाटन किया गया। इस मौके पर बिहार के शिक्षा मंत्री मिथिलेश और बोर्ड अध्यक्ष आनंद किशोर मौजूद रहे। इस नई पहल का उद्देश्य छात्रों को उनकी समस्याओं का आसान और तेज समाधान उपलब्ध कराना है, ताकि उन्हें छोटी-छोटी शिकायतों के लिए बार-बार कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें।   ऑनलाइन ग्रीवांस पोर्टल भी लॉन्च कार्यक्रम के दौरान शिक्षा मंत्री ने ऑनलाइन ग्रीवांस पोर्टल का भी शुभारंभ किया। अब छात्र-छात्राएं घर बैठे अपनी शिकायतें ऑनलाइन दर्ज कर सकेंगे। बोर्ड के अनुसार इस पोर्टल के माध्यम से शिकायतों की मॉनिटरिंग की जाएगी, जिससे मामलों का निपटारा अधिक पारदर्शी और तेजी से हो सकेगा। बोर्ड अधिकारियों का कहना है कि डिजिटल व्यवस्था लागू होने से शिकायतों के समाधान में देरी कम होगी और छात्रों को बेहतर सुविधा मिलेगी।   अलग-अलग काउंटरों की व्यवस्था बिहार बोर्ड ने माध्यमिक और उच्च माध्यमिक छात्रों के लिए अलग-अलग काउंटर बनाए हैं। यहां छात्र रिजल्ट, प्रमाण पत्र, नाम या जन्मतिथि सुधार, पंजीकरण और अन्य शैक्षणिक समस्याओं से जुड़ी शिकायत दर्ज करा सकेंगे। अधिकारियों के मुताबिक इस केंद्र का उद्देश्य छात्रों को एक ही स्थान पर सभी जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराना है। इससे छात्रों और अभ्यर्थियों को अलग-अलग विभागों के चक्कर लगाने की जरूरत नहीं पड़ेगी।   सभी जिलों के छात्रों को मिलेगा लाभ बिहार बोर्ड ने बताया कि राज्य के सभी जिलों के छात्र इस सुविधा का लाभ उठा सकेंगे। यदि किसी क्षेत्रीय कार्यालय में समस्या का समाधान नहीं होता है, तो छात्र सीधे पटना स्थित इस शिकायत केंद्र में अपनी बात रख सकेंगे। शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने कहा कि सरकार शिक्षा व्यवस्था को अधिक आधुनिक और छात्रहितैषी बनाने के लिए लगातार प्रयास कर रही है। नई व्यवस्था से छात्रों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।

Anjali Kumari मई 20, 2026 0
Hemant government DSP transfers
हेमंत सरकार ने एक साथ 201 डीएसपी का किया तबादला

रांची। झारखंड की हेमंत सोरेन सरकार ने राज्य पुलिस सेवा में बड़ा प्रशासनिक बदलाव किया है। बता दे  एक साथ 201 डीएसपी स्तर के अधिकारियों का तबादला हुआ है। गृह, कारा एवं आपदा प्रबंधन विभाग की ओर से बुधवार, 20 मई को जारी अधिसूचना में कई जिलों के अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (एसडीपीओ), यातायात डीएसपी, साइबर सेल, विशेष शाखा और पुलिस मुख्यालय में तैनात अधिकारियों को नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। इसे राज्य में लंबे समय बाद हुआ सबसे बड़ा पुलिस प्रशासनिक फेरबदल माना जा रहा है।   कई जिलों में बदले गए एसडीपीओ सरकार की ओर से जारी सूची के अनुसार, कई जिलों के एसडीपीओ को नई जगहों पर तैनात किया गया है। गढ़वा के अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी नीरज कुमार को हटिया का डीएसपी बनाया गया है। वहीं, पुलिस मुख्यालय रांची में पदस्थापित दीपक कुमार को बेड़ो का डीएसपी बनाया गया है।   हजारीबाग में झारखंड सशस्त्र पुलिस-7 में तैनात मनीष चंद्र लाल को सिल्ली का डीएसपी नियुक्त किया गया है। बसिया के एसडीपीओ नाजीर अख्तर को धनबाद मुख्यालय-2 भेजा गया है। बरही के एसडीपीओ अजित कुमार विमल को बाघमारा का अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी बनाया गया है। इसके अलावा विशेष शाखा में कार्यरत लिलेश्वर महतो को निरसा और प्रकाश चंद्र महतो को सिंदरी का एसडीपीओ बनाया गया है। सरकार ने कई जिलों में लंबे समय से तैनात अधिकारियों को भी बदला है ताकि प्रशासनिक कार्यप्रणाली में नई ऊर्जा लाई जा सके।   रांची और धनबाद में बड़े स्तर पर बदलाव राजधानी रांची और धनबाद जिले में भी व्यापक फेरबदल किया गया है। आलोक कुमार सिंह को सीसीआर रांची, अजय आर्यन को डीएसपी मुख्यालय-2 रांची और रामाकांत रजक को यातायात-4 रांची में तैनात किया गया है। ताराश सोरेन को यातायात-2 रांची की जिम्मेदारी मिली है, जबकि प्रदीप कुमार-2 को साइबर डीएसपी रांची बनाया गया है। धनबाद में कुमार विनोद को मुख्यालय-4 का डीएसपी नियुक्त किया गया है। इसके अलावा ट्रैफिक, साइबर सेल और विशेष शाखा में भी कई अधिकारियों की नई पोस्टिंग की गई है।   कानून-व्यवस्था मजबूत करने की कोशिश सरकार के इस फैसले को राज्य में कानून-व्यवस्था मजबूत करने की रणनीति के रूप में देखा जा रहा है। सूत्रों के अनुसार अपराध नियंत्रण, साइबर अपराध पर निगरानी, ट्रैफिक प्रबंधन और नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में बेहतर पुलिसिंग सुनिश्चित करने के उद्देश्य से यह व्यापक बदलाव किया गया है। सरकार का मानना है कि नई तैनाती से पुलिस प्रशासन अधिक सक्रिय और जवाबदेह बनेगा। सभी संबंधित अधिकारियों को जल्द से जल्द नई जगह पर योगदान देने का निर्देश दिया गया है। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में राज्य की पुलिस व्यवस्था और अपराध नियंत्रण प्रणाली में इसका असर साफ दिखाई देगा।

Anjali Kumari मई 20, 2026 0
Naxalite news
कल लगभग 25 माओवादी करेंगे आत्मसमपर्ण ,10 महिला नक्सली भी शामिल

रांची। झारखंड में गुरुवार को अब तक का सबसे बड़ा एकल-दिवसीय माओवादी आत्मसमर्पण होने जा रहा है। जानकारी के अनुसार, सारंडा क्षेत्र में सक्रिय लगभग 25 बड़े और खूंखार माओवादी सुरक्षा बलों के सामने हथियार डालेंगे। आत्मसमर्पण करने वालों में 10 महिला माओवादी भी शामिल हैं। सुरक्षा एजेंसियां इसे राज्य में नक्सल अभियान की बड़ी सफलता मान रही हैं।   सूत्रों के मुताबिक सूत्रों के मुताबिक आत्मसमर्पण के दौरान माओवादी बड़ी संख्या में हथियार भी जमा करेंगे। लंबे समय से सुरक्षा बलों की कार्रवाई और लगातार बढ़ते दबाव के कारण माओवादी संगठन कमजोर पड़ते जा रहे हैं। अधिकारियों का कहना है कि यह आत्मसमर्पण झारखंड में नक्सल प्रभावित इलाकों में शांति बहाली की दिशा में बड़ा कदम साबित होगा।   सारंडा में सिर्फ मिसिर बेसरा बचेगा इन 25 माओवादियों के आत्मसमर्पण के बाद सारंडा क्षेत्र में एक करोड़ रुपये के इनामी माओवादी Misir Besra ही प्रमुख रूप से बच जाएगा। बताया जा रहा है कि उसके साथ करीब 15 माओवादी और मौजूद हैं। सुरक्षा एजेंसियों का अनुमान है कि लगातार घिरते जाने के कारण वह भी जल्द आत्मसमर्पण कर सकता है। सारंडा लंबे समय से माओवादी गतिविधियों का गढ़ माना जाता रहा है। हालांकि पिछले एक वर्ष में सुरक्षा बलों ने यहां बड़े स्तर पर अभियान चलाकर माओवादियों की कमर तोड़ दी है।   लगातार अभियान से कमजोर हुआ नक्सल नेटवर्क सुरक्षा बलों ने हाल के महीनों में कई मुठभेड़ों में दो दर्जन से अधिक माओवादियों को मार गिराया है। जंगलों में लगातार सर्च ऑपरेशन और खुफिया कार्रवाई के चलते माओवादी संगठन दबाव में आ गए हैं।   अधिकारियों के अनुसार अधिकारियों के अनुसार, राज्य सरकार की आत्मसमर्पण और पुनर्वास नीति का भी असर दिख रहा है। इस नीति के तहत आत्मसमर्पण करने वाले माओवादियों को पुनर्वास, आर्थिक सहायता और मुख्यधारा में लौटने का अवसर दिया जाता है। विशेषज्ञों का मानना है कि इतने बड़े पैमाने पर आत्मसमर्पण झारखंड में नक्सलवाद के कमजोर पड़ने का संकेत है और इससे क्षेत्र में विकास और शांति की संभावनाएं मजबूत होंगी।

Anjali Kumari मई 20, 2026 0
Acer Aspire 5 AI India
भारत में लॉन्च हुआ Acer Aspire 5 AI, Intel Core Ultra 7 और 1TB SSD से लैस

नई दिल्ली, एजेंसियां। Acer ने भारतीय बाजार में अपना नया एआई लैपटॉप Acer Aspire 5 AI लॉन्च कर दिया है। यह लैपटॉप Intel Core Ultra प्रोसेसर और Copilot+ फीचर्स के साथ पेश किया गया है। कंपनी का कहना है कि यह डिवाइस काम, कंटेंट स्ट्रीमिंग और हल्की गेमिंग के लिए खास तौर पर डिजाइन किया गया है। पतले और हल्के डिजाइन के साथ आने वाला यह लैपटॉप 32GB तक रैम और 1TB SSD स्टोरेज जैसे दमदार फीचर्स से लैस है।   इतनी है कीमत और उपलब्धता Acer Aspire 5 AI की शुरुआती कीमत 79,999 रुपये रखी गई है। यह सिल्वर कलर ऑप्शन में उपलब्ध होगा। ग्राहक इसे एसर स्टोर, Amazon India, Croma, Reliance Digital और Vijay Sales जैसे प्लेटफॉर्म्स से खरीद सकेंगे।   डिस्प्ले और डिजाइन की खासियत लैपटॉप में 14 इंच का WUXGA IPS डिस्प्ले दिया गया है, जिसका रिजॉल्यूशन 1920×1200 पिक्सल है। 16:10 आस्पेक्ट रेशियो की वजह से स्क्रीन पर ज्यादा कंटेंट देखा जा सकता है। कंपनी ने इसमें Acer ComfyView टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल किया है, जो स्क्रीन ग्लेयर कम करने और आंखों पर दबाव घटाने में मदद करती है। डिजाइन की बात करें तो इसका वजन करीब 1.2 किलोग्राम है और इसमें 180 डिग्री हिंज दिया गया है, जिससे स्क्रीन को फ्लैट मोड में आसानी से खोला जा सकता है।   दमदार प्रोसेसर और बैटरी Acer Aspire 5 AI में Intel Core Ultra 5 और Intel Core Ultra 7 H-सीरीज प्रोसेसर का विकल्प मिलता है। यह Windows 11 Home पर चलता है और Copilot+ पीसी के तौर पर पेश किया गया है। इसमें 32GB तक LPDDR5 रैम और 1TB PCIe Gen 4 NVMe SSD स्टोरेज दी गई है। लैपटॉप में 53.8Wh बैटरी, 65W USB Type-C फास्ट चार्जिंग, Wi-Fi 6 और Bluetooth 5.1 सपोर्ट मिलता है। इसके अलावा USB Type-C, HDMI, SD कार्ड रीडर और बैकलिट कीबोर्ड में खास Copilot बटन भी दिया गया है।

Anjali Kumari मई 20, 2026 0
Ahaan Pandey dance debut
अली अब्बास जफर की फिल्म में नजर आएंगे अहान पांडे, पहली बार दिखाएंगे डांस का जलवा

मुंबई, एजेंसियां। रोमांटिक ड्रामा फिल्म Saiyaara से चर्चा में आए अभिनेता अहान पांडे अब निर्देशक Ali Abbas Zafar की आगामी फिल्म में नजर आने वाले हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, यह एक रोमांटिक-एक्शन फिल्म होगी, जिसमें अहान के साथ अभिनेत्री Sharvari भी दिखाई देंगी। फिल्म की शूटिंग मार्च से शुरू हो चुकी है और इसके अगले साल रिलीज होने की संभावना है। ‘सैयारा’ से अहान ने बॉलीवुड में एक रोमांटिक हीरो के रूप में अपनी खास पहचान बनाई थी। फिल्म की सफलता के बाद उनके फैंस उनकी अगली फिल्म का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। अब इस नए प्रोजेक्ट में अहान एक बिल्कुल अलग अंदाज में नजर आने वाले हैं।   पहली बार बड़े पर्दे पर करेंगे डांस इस फिल्म की सबसे खास बात यह होगी कि अहान पहली बार बड़े पर्दे पर डांस नंबर करते दिखाई देंगे। इससे पहले उनका एक वेडिंग डांस वीडियो सोशल मीडिया पर काफी वायरल हुआ था, जिसमें वे Ananya Panday के साथ डांस करते नजर आए थे। वीडियो को करोड़ों बार देखा गया था और तभी से फैंस उन्हें फिल्मों में डांस करते देखने की मांग कर रहे थे।   रिपोर्ट्स के अनुसार रिपोर्ट्स के अनुसार, फिल्म के इस खास गाने की शूटिंग ब्रिटेन के मैनचेस्टर शहर में होगी। गाने को फिल्माने के लिए चार दिन का शेड्यूल तय किया गया है। मेकर्स इसे बड़े स्तर पर तैयार करने की योजना बना रहे हैं ताकि यह गाना सोशल मीडिया पर वायरल हो सके।   क्लासिक बॉलीवुड स्टाइल में दिखेंगे अहान फिल्म में अहान पुराने दौर के बॉलीवुड सितारों की तरह क्लासिक अंदाज में गाते और नाचते दिखाई देंगे। इसके लिए वे इन दिनों डांस की खास ट्रेनिंग भी ले रहे हैं। बताया जा रहा है कि Yash Raj Films इस गाने के लिए बड़े कोरियोग्राफर को चुनने की तैयारी कर रहा है। इसके अलावा अहान जल्द ही निर्देशक Mohit Suri की अगली फिल्म में भी नजर आएंगे, जिसमें उनकी को-स्टार Aneet Padda होंगी।

Anjali Kumari मई 20, 2026 0
Shekhar Tonight show
‘शेखर टूनाइट’ से लौटा वही पुराना अंदाज, फिर चर्चा में शेखर सुमन

मुंबई, एजेंसियां। मशहूर अभिनेता और होस्ट शेखर सुमन एक बार फिर अपने नए शो शेखर टूनाइट (Shekhar Tonite) को लेकर सुर्खियों में हैं। शो के शुरुआती एपिसोड्स ने दर्शकों को 90 के दशक के लोकप्रिय शो Movers & Shakers की याद दिला दी है। शेखर अपने पुराने अंदाज चुटीले व्यंग्य, तीखे सवाल और शानदार ह्यूमर के साथ वापसी करते नजर आ रहे हैं। शो के पहले एपिसोड में केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी मेहमान बने, जबकि दूसरे एपिसोड में अभिनेता lबॉबी देओल नजर आने वाले हैं। खास बात यह है कि इस बार शो टीवी चैनल की बजाय यूट्यूब प्लेटफॉर्म पर प्रसारित हो रहा है, लेकिन शेखर का अंदाज पहले जैसा ही बेबाक बना हुआ है।   हंसी-मजाक में गंभीर बातें कहने का अंदाज शेखर सुमन हमेशा से अपने व्यंग्य और हाजिरजवाबी के लिए जाने जाते रहे हैं। ‘मूवर्स एंड शेकर्स’ के दौर में वे राजनीति और सामाजिक मुद्दों पर खुलकर कटाक्ष करते थे। बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री Lalu Prasad Yadav पर उनके व्यंग्य काफी चर्चित रहे, लेकिन दोनों के बीच रिश्तों में कभी कड़वाहट नहीं आई। ‘शेखर टूनाइट’ में भी वही पुराना अंदाज देखने को मिल रहा है। पहले एपिसोड में नितिन गडकरी के साथ बातचीत के दौरान शेखर ने कई मजेदार टिप्पणियां कीं। मराठी भाषा के मुद्दे पर जब गडकरी ने पूछा, “आप बिहारी हैं?”, तो शेखर ने तुरंत चुटकी लेते हुए कहा, “अगर पहले बता देता तो क्या शो में आने से मना कर देते?” इस पर दोनों जोरदार ठहाके लगाते नजर आए।   छोटे पर्दे के सुपरस्टार रहे शेखर शेखर सुमन ने फिल्मों से लेकर टीवी तक अपनी अलग पहचान बनाई। ‘देख भाई देख’, ‘रिपोर्टर’ और ‘अमर प्रेम’ जैसे धारावाहिकों से वे घर-घर में लोकप्रिय हुए। 1997 में शुरू हुआ ‘मूवर्स एंड शेकर्स’ उनके करियर का सबसे चर्चित शो बना। अब 14 साल बाद उनकी यह वापसी दर्शकों को फिर उसी दौर की याद दिला रही है।

Anjali Kumari मई 20, 2026 0
Karuppu box office hit
‘करुप्पु’ का बॉक्स ऑफिस पर धमाका, 5 दिनों में तोड़े कई रिकॉर्ड

चेन्नई, एजेंसियां। साउथ सुपरस्टार सूर्या की नई फिल्म 'करुप्पु' बॉक्स ऑफिस पर शानदार प्रदर्शन कर रही है। रिलीज के महज पांच दिनों के भीतर फिल्म ने दुनियाभर में 161.04 करोड़ रुपये की कमाई कर बड़ा रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया है। फिल्म में सूर्या के साथ एक्ट्रेस तृषा कृष्णन मुख्य भूमिका में नजर आ रही हैं। दर्शकों से मिल रहे जबरदस्त रिस्पॉन्स के चलते यह फिल्म अब सूर्या के करियर की सबसे ज्यादा कमाई करने वाली फिल्म बन गई है।   करीब 130 करोड़ रुपये के बजट में बनी इस फिल्म को लेकर शुरुआत में अनुमान लगाया जा रहा था कि इसकी ओपनिंग सामान्य रह सकती है, लेकिन रिलीज के बाद फिल्म ने उम्मीदों से कहीं ज्यादा प्रदर्शन किया। तमिलनाडु के अलावा विदेशों में भी फिल्म को शानदार रिस्पॉन्स मिल रहा है।   सूर्या की सुपरहिट फिल्मों को छोड़ा पीछे ‘करुप्पु’ ने कमाई के मामले में सूर्या की कई बड़ी फिल्मों के रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। इससे पहले ‘सिंघम 2’, ‘24’, ‘7 औम अरिवु’ और ‘अंजान’ उनकी सबसे ज्यादा कमाई करने वाली फिल्मों में शामिल थीं। अब ‘करुप्पु’ ने इन सभी फिल्मों को पीछे छोड़ दिया है। फिल्म ट्रेड एक्सपर्ट्स का मानना है कि मौजूदा रफ्तार को देखते हुए फिल्म जल्द ही 200 करोड़ क्लब में शामिल हो सकती है। कई विशेषज्ञ यह भी मान रहे हैं कि आने वाले दिनों में इसका कलेक्शन 300 करोड़ रुपये तक पहुंच सकता है।   एक्शन और फैंटेसी से भरपूर है कहानी फिल्म का निर्देशन RJ Balaji ने किया है। कहानी एक काल्पनिक किरदार ‘वेट्टई करुप्पु’ पर आधारित है, जो गरीबों और जरूरतमंदों की रक्षा के लिए धरती पर इंसान के रूप में आता है। फिल्म में सूर्या ‘सरवनन’ नाम के एक निडर वकील की भूमिका निभा रहे हैं, जो भ्रष्ट व्यवस्था और अन्याय के खिलाफ लड़ते हुए गरीबों को इंसाफ दिलाता है। सूर्या की पिछली कुछ फिल्मों को अपेक्षित सफलता नहीं मिली थी, ऐसे में ‘करुप्पु’ को उनके करियर की दमदार वापसी माना जा रहा है।

Anjali Kumari मई 20, 2026 0
PM Modi Italy visit
पीएम मोदी ने इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी की दिया यह खास गिफ्ट

रोम, एजेंसियां। इटली दौरे पर पहुंचे प्रधानमंत्री  नरेंद्र मोदी और इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी के बीच खास दोस्ती एक बार फिर चर्चा में है। रोम में दोनों नेताओं की मुलाकात के दौरान एक दिलचस्प पल तब सामने आया, जब पीएम मोदी ने मेलोनी को भारत की मशहूर ‘मेलोडी’ टॉफी गिफ्ट की। इस खास तोहफे को लेकर मेलोनी ने सोशल मीडिया पर मजाकिया अंदाज में धन्यवाद कहा और लिखा कि प्रधानमंत्री मोदी उनके लिए “बहुत, बहुत अच्छी टॉफी” लेकर आए। सोशल मीडिया पर मेलोनी का यह पोस्ट तेजी से वायरल हो रहा है। लोगों ने इसे भारत-इटली के मजबूत होते रिश्तों और दोनों नेताओं की दोस्ताना केमिस्ट्री का प्रतीक बताया।   डिनर टेबल पर वैश्विक मुद्दों पर चर्चा रोम में मुलाकात के दौरान दोनों नेताओं ने साथ में डिनर किया और कई अहम वैश्विक तथा द्विपक्षीय मुद्दों पर चर्चा की। पीएम मोदी ने बताया कि भारत और इटली के संबंध अब नए और निर्णायक दौर में प्रवेश कर चुके हैं। बातचीत में व्यापार, रक्षा, ऊर्जा, तकनीक और रणनीतिक सहयोग जैसे विषय प्रमुख रहे। डिनर के बाद दोनों नेताओं ने रोम के ऐतिहासिक कोलोसियम का भी दौरा किया। इस दौरान दोनों नेताओं की तस्वीरें और वीडियो सोशल मीडिया पर खूब साझा किए जा रहे हैं।   ‘इंडो-मेडिटेरेनियन’ साझेदारी को नई दिशा भारत और इटली ने अपने रिश्तों को “स्पेशल स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप” बताते हुए एक साझा विजन भी पेश किया है। “इटली एंड इंडिया: ए स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप फॉर द इंडो-मेडिटेरेनियन” शीर्षक से जारी संयुक्त लेख में दोनों देशों ने इंडो-पैसिफिक और मेडिटेरेनियन क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने पर जोर दिया। दोनों देशों ने 2029 तक द्विपक्षीय व्यापार को 20 अरब यूरो से अधिक तक पहुंचाने का लक्ष्य तय किया है। रक्षा, एयरोस्पेस, स्वच्छ ऊर्जा, फार्मास्यूटिकल्स, टेक्सटाइल और पर्यटन जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने की योजना बनाई गई है। यह दौरा भारत-इटली संबंधों को नई मजबूती देने वाला माना जा रहा है।

Anjali Kumari मई 20, 2026 0
Medical stores protest
ऑनलाइन दवा बिक्री के विरोध में देशभर में मेडिकल स्टोर बंद

नई दिल्ली, एजेंसियां। ऑल इंडिया ऑर्गनाइजेशन ऑफ केमिस्ट्स एंड ड्रगिस्ट्स (AIOCD) के आह्वान पर आज यानी 20 मई 2026 को देशभर में दवा दुकानों का शटर डाउन रहा। संगठन ने ऑनलाइन दवा बिक्री और कथित नियामक उल्लंघनों के विरोध में 24 घंटे की राष्ट्रव्यापी हड़ताल का ऐलान किया है। AIOCD का दावा है कि देशभर के लगभग 12.5 लाख दवा विक्रेता इस बंद में शामिल हुए हैं। हालांकि मरीजों को परेशानी से बचाने के लिए आपातकालीन दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने की व्यवस्था की गई है।   ऑनलाइन दवा बिक्री पर उठाए सवाल दवा विक्रेताओं का आरोप है कि ऑनलाइन दवा बिक्री मौजूदा कानूनों और नियमों का उल्लंघन कर रही है। संगठन का कहना है कि इससे पारंपरिक मेडिकल स्टोरों का कारोबार प्रभावित हो रहा है और नकली या खराब गुणवत्ता वाली दवाओं के बाजार में आने का खतरा बढ़ सकता है। AIOCD के अध्यक्ष जगन्नाथ शिंदे ने कहा कि ऑनलाइन दवा बिक्री से संबंधित जीएसआर 817 अधिसूचना कई कानूनी और व्यावहारिक समस्याएं पैदा करती है। उन्होंने सरकार से तत्काल प्रभाव से ऑनलाइन दवा बिक्री पर रोक लगाने और इस क्षेत्र के लिए स्पष्ट कानून बनाने की मांग की है।   कोरोना काल के बाद बढ़ी ऑनलाइन कंपनियों की सक्रियता संगठन के अनुसार, कोरोना महामारी के दौरान सरकार ने दवाओं की होम डिलीवरी के लिए विशेष अनुमति दी थी। महामारी खत्म होने के बाद भी यह व्यवस्था जारी रही, जिससे बड़ी ऑनलाइन कंपनियों की बाजार में सक्रियता बढ़ गई। दवा विक्रेताओं का कहना है कि भारी छूट और निवेश के दम पर कॉरपोरेट कंपनियां छोटे कारोबारियों के लिए चुनौती बन रही हैं।   सरकार से ये हैं प्रमुख मांगें AIOCD ने सरकार से ऑनलाइन दवा बिक्री पर स्पष्ट नीति लागू करने, अवैध बिक्री पर रोक लगाने और खुदरा दवा विक्रेताओं को प्रतिस्पर्धा में राहत देने की मांग की है। संगठन ने यह भी कहा कि डॉक्टर द्वारा लिखी गई दवा के समान दूसरे ब्रांड की दवा देने का अधिकार मेडिकल स्टोर संचालकों को मिलना चाहिए। कई बार ज्ञापन देने के बावजूद कार्रवाई नहीं होने पर संगठन ने देशव्यापी बंद का फैसला लिया।

Anjali Kumari मई 20, 2026 0
Lijjat Papad women empowerment
महिलाओं की सामूहिक शक्ति का प्रतीक है लिज्जत पापड़: कल्पना सोरेन

रांची। गांडेय की विधायक कल्पना सोरेन ने महिलाओं की आर्थिक आत्मनिर्भरता और ग्रामीण विकास को लेकर एक महत्वपूर्ण संदेश साझा किया है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर किए गए अपने पोस्ट में उन्होंने “संघे शक्ति कलियुगे” की अवधारणा को सामने रखते हुए श्री महिला गृह उद्योग लिज्जत पापड़ को महिला सशक्तिकरण का प्रेरणादायक उदाहरण बताया। उन्होंने कहा कि लिज्जत पापड़ केवल एक व्यावसायिक संस्था नहीं, बल्कि महिलाओं की सामूहिक शक्ति, आत्मविश्वास और सहयोग का जीवंत आंदोलन है। इस मॉडल ने लाखों महिलाओं को सम्मानजनक रोजगार और आत्मनिर्भरता से जोड़ने का काम किया है। विधायक के अनुसार, सहकारी मॉडल समाज में आर्थिक और सामाजिक बदलाव लाने की बड़ी क्षमता रखते हैं।   विकेन्द्रित उत्पादन मॉडल की सराहना कल्पना सोरेन ने “डिस्ट्रिब्यूटेड प्रोडक्शन” यानी विकेन्द्रित उत्पादन प्रणाली की विशेष प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि यह मॉडल महिलाओं को घर या स्थानीय स्तर पर रहकर काम करने का अवसर देता है। इससे महिलाएं परिवार की जिम्मेदारियों को निभाने के साथ-साथ आर्थिक रूप से भी मजबूत बनती हैं। उन्होंने यह भी कहा कि यह व्यवस्था स्थानीय संसाधनों और पारंपरिक कौशल को बढ़ावा देती है, जिससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई मजबूती मिलती है। उनके अनुसार, कुटीर और गृह उद्योग गांवों में रोजगार सृजन का प्रभावी माध्यम बन सकते हैं।   अन्य क्षेत्रों में भी लागू करने की मांग विधायक ने सुझाव दिया कि लिज्जत पापड़ जैसे सफल सहकारी मॉडलों को हस्तशिल्प, खाद्य प्रसंस्करण और लघु उद्योग जैसे क्षेत्रों में भी लागू किया जाना चाहिए। इससे अधिक संख्या में महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाया जा सकेगा और ग्रामीण परिवारों को स्थायी आजीविका का अवसर मिलेगा।   उन्होंने सरकार, स्वयंसेवी संस्थाओं और निजी क्षेत्र से समन्वित प्रयास करने की अपील की। सोशल मीडिया पर उनका यह संदेश तेजी से वायरल हो रहा है और महिला सशक्तिकरण व ग्रामीण विकास को लेकर नई चर्चा को जन्म दे रहा है।

Anjali Kumari मई 20, 2026 0
Copper Water Bottle
हेल्दी समझकर न करें ये गलती, कॉपर बोतल का गलत इस्तेमाल पड़ सकता है भारी

नई दिल्ली, एजेंसियां। Copper Water Bottle में रखा पानी पीना आजकल लोगों की हेल्दी लाइफस्टाइल का हिस्सा बन चुका है। आयुर्वेद में भी तांबे के बर्तन में रखा पानी स्वास्थ्य के लिए लाभकारी माना गया है। माना जाता है कि इससे पाचन बेहतर होता है, इम्यूनिटी मजबूत होती है और शरीर को डिटॉक्स करने में मदद मिलती है। हालांकि, विशेषज्ञों का कहना है कि कॉपर बोतल का गलत इस्तेमाल फायदे की जगह नुकसान भी पहुंचा सकता है।   एसिडिक चीजें मिलाना पड़ सकता है भारी कई लोग कॉपर बोतल के पानी में नींबू या अन्य खट्टी चीजें मिलाकर पीते हैं। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार यह सबसे बड़ी गलती है। नींबू में मौजूद एसिड तांबे के साथ रिएक्शन कर सकता है, जिससे शरीर पर नकारात्मक असर पड़ सकता है। इससे उल्टी, मतली और पेट खराब जैसी समस्याएं हो सकती हैं।   बहुत गर्म या ठंडा पानी रखना सही नहीं विशेषज्ञ बताते हैं कि कॉपर बोतल में बहुत ज्यादा गर्म या अत्यधिक ठंडा पानी नहीं रखना चाहिए। तापमान में अत्यधिक बदलाव तांबे के गुणों को प्रभावित कर सकता है। इससे पानी की गुणवत्ता पर असर पड़ता है और बोतल भी जल्दी खराब हो सकती है।   पूरे दिन कॉपर वॉटर पीना नुकसानदायक कुछ लोग पूरे दिन सिर्फ कॉपर बोतल का पानी पीते रहते हैं, लेकिन जरूरत से ज्यादा कॉपर शरीर में पहुंचने पर नुकसान हो सकता है। शरीर में तांबे की अधिक मात्रा बढ़ने से मतली, उल्टी, पेट दर्द और संक्रमण जैसी दिक्कतें हो सकती हैं।   कितना पानी पीना है सही? विशेषज्ञों के मुताबिक रातभर कॉपर बोतल में पानी स्टोर करके सुबह पीना ज्यादा फायदेमंद माना जाता है। पूरे दिन में करीब 250 से 500 मिलीलीटर कॉपर वॉटर पर्याप्त माना जाता है। कॉपर बोतल का सही तरीके से इस्तेमाल किया जाए तो यह सेहत के लिए लाभकारी हो सकता है, लेकिन लापरवाही नुकसान का कारण भी बन सकती है।

Anjali Kumari मई 20, 2026 0
Railway recruitment 2026
रेलवे में 1079 अप्रेंटिस पदों पर भर्ती, 10वीं-ITI पास उम्मीदवार करें आवेदन

नई दिल्ली, एजेंसियां। South East Central Railway (SECR) ने नागपुर डिवीजन और मोतीबाग वर्कशॉप में 2026-27 सत्र के लिए अप्रेंटिस पदों पर भर्ती निकाली है। इस भर्ती अभियान के तहत कुल 1079 पदों पर नियुक्तियां की जाएंगी। 10वीं पास और आईटीआई योग्य उम्मीदवार इसके लिए ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।   10वीं और ITI पास उम्मीदवारों को मौका भर्ती के लिए उम्मीदवार का किसी मान्यता प्राप्त बोर्ड से 10वीं पास होना अनिवार्य है। साथ ही 10वीं में कम से कम 50 प्रतिशत अंक होना जरूरी है। उम्मीदवार के पास संबंधित ट्रेड में NCVT या SCVT से मान्यता प्राप्त ITI सर्टिफिकेट भी होना चाहिए। आवेदन करते समय अभ्यर्थियों को 10वीं और ITI के अंक सही तरीके से भरने होंगे। विभाग ने साफ कहा है कि गलत या अधूरी जानकारी मिलने पर आवेदन रद्द किया जा सकता है। उम्मीदवारों को अतिरिक्त या उच्च शैक्षणिक योग्यता भरने से भी बचने की सलाह दी गई है।   मेरिट के आधार पर होगा चयन इस भर्ती में कोई लिखित परीक्षा नहीं होगी। उम्मीदवारों का चयन पूरी तरह मेरिट लिस्ट के आधार पर किया जाएगा। मेरिट 10वीं और ITI में प्राप्त अंकों के औसत के आधार पर तैयार होगी। यदि किसी बोर्ड में ग्रेडिंग सिस्टम लागू है, तो ग्रेड को अंकों में परिवर्तित कर औसत निकाला जाएगा। उसी आधार पर उम्मीदवारों की रैंकिंग तय की जाएगी।   बराबर अंक होने पर क्या होगा? अगर दो उम्मीदवारों के अंक समान होते हैं, तो अधिक उम्र वाले उम्मीदवार को प्राथमिकता दी जाएगी। यदि उम्र भी समान हो, तो जिसने 10वीं की परीक्षा पहले पास की होगी, उसे आगे रखा जाएगा।   युवाओं के लिए बड़ा अवसर रेलवे की इस भर्ती को तकनीकी क्षेत्र में करियर बनाने के इच्छुक युवाओं के लिए बड़ा अवसर माना जा रहा है। अप्रेंटिसशिप के दौरान उम्मीदवारों को रेलवे के विभिन्न तकनीकी कार्यों का प्रशिक्षण मिलेगा, जिससे भविष्य में रोजगार के बेहतर अवसर खुल सकते हैं।

Anjali Kumari मई 20, 2026 0
Hantavirus causes and prevention
क्या है इबोला वायरस (Ebola Virus) और हंतावायरस (Hantavirus) ? कैसे करें बचाव?

रांची। दुनिया के कई देशों में इन दिनों दो खतरनाक वायरस इबोला और हंतावायरस को लेकर चिंता बढ़ती जा रही है। अफ्रीकी देशों में इबोला वायरस के मामले तेजी से सामने आ रहे हैं, वहीं कुछ देशों में हंतावायरस संक्रमण के केस भी दर्ज किए गए हैं।फिलहाल भारत में इन दोनों वायरस का कोई मामला सामने नहीं आया है, लेकिन स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि लोगों को इनके लक्षण और बचाव के तरीकों की जानकारी जरूर होनी चाहिए।   इबोला और हंतावायरस में क्या है अंतर? विशेषज्ञों के अनुसार, इबोला वायरस का ट्रांसमिशन एक से दूसरे व्यक्ति में हो सकता है, लेकिन हंतावायरस में ऐसा होने की आशंका कम रहती है। हंतावायरस उतनी तेजी से नहीं फैलता है। जबकि इबोला फैल सकता है। चिंता की बात यह है कि अभी तक हंतावायरस की कोई वैक्सीन मौजूद नहीं है। जबकि इबोला की वैक्सीन बन चुकी है। इबोला एक गंभीर वायरल संक्रमण है, जो संक्रमित व्यक्ति के खून, शरीर के तरल पदार्थ या संक्रमित जानवरों के संपर्क से फैलता है। विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने कांगो और युगांडा में इबोला वायरस के मामलों की बढ़ती संख्या को देखते हुए इसे पब्लिक हेल्थ इमरजेंसी घोषित किया है।वहीं हंतावायरस एक ऐसा संक्रमण है जो आमतौर पर चूहों के संपर्क से फैलता है। संक्रमित चूहों के यूरिन, मल या लार के कण हवा में मिलकर इंसानों तक पहुंच सकते हैं। बता दे सबसे  पहले एक क्रूज शिप पर इस वायरस का आउटब्रेक हुआ था। तब से इसके केस लगातार बढ़ रहे हैं।    इबोला के प्रमुख लक्षण •    तेज बुखार  •    सिरदर्द  •    कमजोरी  •    उल्टी और दस्त  •    शरीर में दर्द  •    गंभीर मामलों में इंटरनल ब्लीडिंग    हंतावायरस के लक्षण •    तेज बुखार  •    मांसपेशियों और शरीर में दर्द  •    अत्यधिक थकान  •    सांस लेने में दिक्कत  •    कमजोरी और चक्कर    बचाव के लिए अपनाएं ये उपाय •    भोजन से पहले हाथ अच्छी तरह धोएं  •    चूहों और गंदगी वाले इलाकों से दूरी बनाएं  •    संक्रमित देशों की यात्रा से बचें  •    बुखार, सांस की तकलीफ या कमजोरी होने पर तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें  •    विदेश से आने वाले यात्रियों की स्क्रीनिंग पर ध्यान दें    वैक्सीन और वायरस के बढ़ते  खतरे को लेकर क्या बोले डॉक्टर प्रमोद? डॉ. प्रमोद (General Physician) ने बताया कि इबोला वायरस के लिए वैक्सीन उपलब्ध है, जबकि हंतावायरस के लिए अभी तक कोई प्रभावी वैक्सीन नहीं बनी है। वह कहते है कि हालांकि भारत में फिलहाल घबराने जैसी स्थिति नहीं है, लेकिन अंतरराष्ट्रीय यात्रा और वैश्विक संक्रमण को देखते हुए सतर्कता बेहद जरूरी है। उन्होंने आगे बताया कि हंतावायरस चूहों से फैलता है वहीं इबोला  human to human फैलता  है। बचाव  के लिए मास्क पहने। चूहों के होल्स दिखे तो झाड़ू नहीं लगाए। हाथ  धोकर खाए। हाइजीन्‌ रहे उनका मानना है कि सही जानकारी, सतर्कता और समय पर इलाज से इन खतरनाक वायरसों के खतरे को काफी हद तक कम किया जा सकता है।

Anjali Kumari मई 20, 2026 0
Boneless chicken masala Recipe
Boneless chicken masala Recipe: ऐसे घर पर बनाएं रेस्टोरेंट जैसा बोनलेस चिकन मसाला

रांची। अगर आप भी होटल या रेस्टोरेंट जैसा गाढ़ा, मसालेदार और स्वाद से भरपूर बोनलेस चिकन मसाला घर पर बनाना चाहते हैं, तो यह आसान रेसिपी आपके लिए परफेक्ट है। सही मसालों और खास कुकिंग तकनीक की मदद से आप घर में ही शानदार चिकन करी तैयार कर सकते हैं, जिसका स्वाद बिल्कुल रेस्टोरेंट जैसा लगेगा। खास बात यह है कि इस रेसिपी में काजू और टमाटर की ग्रेवी चिकन को बेहद क्रीमी और रिच फ्लेवर देती है।   स्वाद बढ़ाने वाली खास सामग्री इस रेसिपी के लिए 750 ग्राम बोनलेस चिकन, टमाटर, हरी मिर्च, काजू, प्याज और कई साबुत मसालों का इस्तेमाल किया जाता है। काजू और टमाटर का पेस्ट ग्रेवी को गाढ़ा बनाता है, जबकि दालचीनी, इलायची और लौंग चिकन में शानदार खुशबू जोड़ते हैं। कश्मीरी लाल मिर्च रंग और स्वाद दोनों को बेहतर बनाती है।   ऐसे तैयार करें रेस्टोरेंट स्टाइल चिकन सबसे पहले चिकन को नमक और हल्दी के साथ साफ करके अलग रख लें। फिर टमाटर, हरी मिर्च और काजू का स्मूद पेस्ट तैयार करें। कड़ाही में तेल गर्म करके जीरा, इलायची, लौंग, तेज पत्ता और दालचीनी भूनें। इसके बाद प्याज और अदरक-लहसुन का पेस्ट डालकर सुनहरा होने तक पकाएं। अब चिकन डालकर तेज आंच पर अच्छे से फ्राई करें। इसमें हल्दी, लाल मिर्च, धनिया और जीरा पाउडर मिलाकर कुछ मिनट पकाएं। फिर तैयार टमाटर-काजू पेस्ट डालकर मध्यम आंच पर पकाएं। जरूरत के अनुसार पानी डालकर ग्रेवी तैयार करें और ऊपर से हरा धनिया डालें।   चिकन खाने के फायदे चिकन प्रोटीन का बेहतरीन स्रोत माना जाता है। यह शरीर की मांसपेशियों को मजबूत बनाने, वजन नियंत्रित रखने और लंबे समय तक पेट भरा रखने में मदद करता है। चिकन में मौजूद विटामिन-B और ट्रिप्टोफैन दिमाग और दिल की सेहत के लिए भी फायदेमंद माने जाते हैं। 

Anjali Kumari मई 20, 2026 0
Gold Price
Gold Price: सोने की कीमतों में तेजी, चांदी के दाम में गिरावट

नई दिल्ली, एजेंसियां। 20 मई को सर्राफा बाजार में सोने की कीमतों में मामूली बढ़त दर्ज की गई है, जबकि चांदी के दाम में हल्की गिरावट देखने को मिली। अगर आप सोना खरीदने या चांदी में निवेश करने की योजना बना रहे हैं, तो आज के नए भाव जानना आपके लिए जरूरी है। बिहार, झारखंड, उत्तर प्रदेश समेत कई राज्यों में कीमतें लगभग स्थिर बनी हुई हैं। बाजार विशेषज्ञों का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में उतार-चढ़ाव और डॉलर की स्थिति का असर घरेलू बाजार पर पड़ रहा है।   आज कितना महंगा हुआ सोना? आज 24 कैरेट सोने का दाम 15,705 रुपये प्रति ग्राम पहुंच गया है। वहीं 22 कैरेट सोना 14,396 रुपये प्रति ग्राम और 18 कैरेट सोना 11,779 रुपये प्रति ग्राम पर बिक रहा है। कल के मुकाबले हर कैरेट में 1 रुपये प्रति ग्राम की मामूली बढ़त दर्ज की गई है।   आज का सोने का भाव •    24 कैरेट – ₹15,705 प्रति ग्राम  •    22 कैरेट – ₹14,396 प्रति ग्राम  •    18 कैरेट – ₹11,779 प्रति ग्राम  बड़े शहरों में सोने के रेट देश के प्रमुख शहरों में भी सोने की कीमतों में हल्की तेजी देखी गई। लखनऊ और दिल्ली में 24 कैरेट सोना 15,720 रुपये प्रति ग्राम पर पहुंच गया है। पटना में यह 15,710 रुपये प्रति ग्राम बिक रहा है, जबकि मुंबई और कोलकाता में 15,705 रुपये प्रति ग्राम का भाव दर्ज किया गया। चेन्नई में सबसे ज्यादा रेट देखने को मिला, जहां 24 कैरेट सोना 16,223 रुपये प्रति ग्राम पर पहुंच गया।   चांदी क्यों हुई सस्ती? सोने के विपरीत चांदी की कीमतों में आज हल्की गिरावट दर्ज हुई है। 1 ग्राम चांदी का रेट 284.90 रुपये हो गया है, जबकि 10 ग्राम चांदी 2,849 रुपये में बिक रही है। वहीं 1 किलो चांदी की कीमत 2,84,900 रुपये पहुंच गई है। कल की तुलना में प्रति किलो 100 रुपये की गिरावट दर्ज की गई। आज का चांदी का भाव •    1 ग्राम – ₹284.90  •    10 ग्राम – ₹2,849  •    1 किलो – ₹2,84,900    शहरों में चांदी के ताजा रेट लखनऊ, पटना, दिल्ली, मुंबई और कोलकाता में 1 किलो चांदी का भाव 2,84,900 रुपये दर्ज किया गया है। चेन्नई में चांदी का रेट सबसे अधिक 2,99,900 रुपये प्रति किलो रहा। बाजार जानकारों के मुताबिक आने वाले दिनों में वैश्विक मांग और निवेशकों की गतिविधियों के आधार पर कीमतों में और बदलाव देखने को मिल सकता है।

Anjali Kumari मई 20, 2026 0
Stock Market
Stock Market: शेयर बाजार में भारी गिरावट, सेंसेक्स 600 अंक टूटा

मुंबई, एजेंसियां। भारतीय शेयर बाजार बुधवार को भारी बिकवाली के दबाव में खुला। शुरुआती कारोबार में बीएसई सेंसेक्स करीब 600 अंक तक कमजोर हो गया, जबकि निफ्टी 23,500 के स्तर से नीचे फिसल गया। सुबह 9:27 बजे सेंसेक्स 492.81 अंक यानी 0.65 प्रतिशत गिरकर 74,708.04 पर कारोबार कर रहा था। वहीं, निफ्टी 158.91 अंक टूटकर 23,459.10 पर पहुंच गया।   बाजार में गिरावट की मुख्य वजह भारतीय रुपये का अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रिकॉर्ड निचले स्तर 96.88 पर पहुंचना और कच्चे तेल की कीमतों में लगातार तेजी है। ब्रेंट क्रूड 110 डॉलर प्रति बैरल के आसपास बना हुआ है, जिससे महंगाई और चालू खाता घाटे की चिंता बढ़ गई है।   विशेषज्ञों के अनुसार विशेषज्ञों के अनुसार, पश्चिम एशिया में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव और ईरान-अमेरिका संघर्ष ने वैश्विक बाजारों पर दबाव बढ़ाया है। बैंकिंग और बाजार विशेषज्ञ अजय बग्गा ने कहा कि ऊंची तेल कीमतें, कमजोर रुपया और बढ़ती बॉन्ड यील्ड भारतीय बाजार के लिए नकारात्मक संकेत हैं। उन्होंने मानसून के कमजोर पूर्वानुमान को भी चिंता का विषय बताया, जिससे ग्रामीण मांग और कृषि उत्पादन प्रभावित हो सकते हैं।सेक्टोरल इंडेक्स की बात करें तो लगभग सभी प्रमुख सूचकांक लाल निशान में रहे। निफ्टी ऑटो 1.30 प्रतिशत, निफ्टी मीडिया 1.96 प्रतिशत और निफ्टी रियल्टी 1.78 प्रतिशत तक गिर गए। पीएसयू बैंक और प्राइवेट बैंक शेयरों में भी कमजोरी देखने को मिली।   आज कई बड़ी कंपनियां चौथी तिमाही के नतीजे जारी करेंगी, जिनमें Grasim Industries, Apollo Hospitals Enterprise, Bosch और Ola Electric Mobility शामिल हैं। एशियाई बाजारों में भी कमजोरी रही, जिससे निवेशकों की चिंता और बढ़ गई।

Anjali Kumari मई 20, 2026 0
Summer berries benefits
गर्मी में जामुन खाने से मिलेंगे कई फायदे, जानिए किसके लिए है सबसे असरदार

नई दिल्ली, एजेंसियां। गर्मी के मौसम में बाजार में मिलने वाला जामुन स्वाद के साथ-साथ सेहत का भी खजाना माना जाता है। हल्के खट्टे-मीठे स्वाद वाला यह मौसमी फल शरीर को ठंडक देने के साथ कई बीमारियों से बचाने में मदद करता है। जामुन में आयरन, कैल्शियम, पोटैशियम, फाइबर, विटामिन C और एंटीऑक्सीडेंट्स भरपूर मात्रा में पाए जाते हैं, जो शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने और पाचन सुधारने में सहायक होते हैं।   डायबिटीज मरीजों के लिए बेहद फायदेमंद जामुन को डायबिटीज के मरीजों के लिए काफी लाभकारी माना जाता है। इसमें मौजूद प्राकृतिक तत्व ब्लड शुगर लेवल को नियंत्रित रखने में मदद करते हैं। खासतौर पर जामुन के बीजों का पाउडर पारंपरिक रूप से शुगर कंट्रोल करने के लिए इस्तेमाल किया जाता है। सीमित मात्रा में नियमित सेवन से ग्लूकोज लेवल संतुलित रखने में मदद मिल सकती है।   पाचन और इम्यूनिटी को करता है मजबूत जिन लोगों को कब्ज, गैस, अपच या एसिडिटी जैसी समस्याएं रहती हैं, उनके लिए जामुन काफी फायदेमंद माना जाता है। इसमें मौजूद फाइबर पाचन तंत्र को बेहतर बनाता है। वहीं विटामिन C और एंटीऑक्सीडेंट्स शरीर की इम्यूनिटी मजबूत कर संक्रमण और मौसमी बीमारियों से बचाने में मदद करते हैं।   लू और कमजोरी से बचाने में मददगार गर्मी में लू लगने का खतरा ज्यादा रहता है। ऐसे में जामुन शरीर को अंदर से ठंडक पहुंचाकर हाइड्रेट रखने में मदद करता है। आयरन से भरपूर होने के कारण यह शरीर में हीमोग्लोबिन बढ़ाने और खून की कमी दूर करने में भी सहायक माना जाता है। कमजोरी और थकान महसूस करने वाले लोगों के लिए इसका सेवन लाभदायक हो सकता है।   वजन और त्वचा के लिए भी फायदेमंद कम कैलोरी और अधिक फाइबर वाला जामुन वजन कम करने वालों के लिए अच्छा विकल्प है। इसे खाने से लंबे समय तक पेट भरा रहता है। साथ ही इसमें मौजूद एंटीऑक्सीडेंट्स त्वचा को हेल्दी, साफ और चमकदार बनाए रखने में मदद करते हैं।

Anjali Kumari मई 20, 2026 0
Popular post
शादी समारोह में जम्मू-कश्मीर के पूर्व सीएम पर हमला नाकाम, हमलावर 20 साल से कर रहा था मौके का इंतज़ार

  जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री Farooq Abdullah पर जम्मू में एक शादी समारोह के दौरान हुए हमले ने सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। घटना उस समय हुई जब वे एक कार्यक्रम से बाहर निकल रहे थे और भीड़ में मौजूद एक व्यक्ति ने उनके बेहद करीब आकर पिस्तौल तान दी और गोली चलाने की कोशिश की। हालांकि सुरक्षाकर्मियों की त्वरित कार्रवाई से यह हमला नाकाम हो गया और वे बाल-बाल बच गए। यह घटना जम्मू के ग्रेटर कैलाश इलाके में आयोजित एक विवाह समारोह में हुई, जहां Farooq Abdullah जम्मू-कश्मीर के उपमुख्यमंत्री Surinder Choudhary के साथ पहुंचे थे।   कौन है हमलावर? पुलिस ने आरोपी की पहचान कमल सिंह जम्वाल (करीब 65 वर्ष) के रूप में की है, जो जम्मू के पुरानी मंडी इलाके का निवासी बताया जा रहा है। प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी ने दावा किया कि वह पिछले करीब 20 वर्षों से इस मौके का इंतज़ार कर रहा था। पुलिस के अनुसार कमल सिंह के पास एक लाइसेंसी पिस्तौल थी और घटना के समय वह कथित तौर पर नशे में भी था। सुरक्षाकर्मियों ने मौके से हथियार बरामद कर लिया है और उससे पूछताछ जारी है। जांच एजेंसियां यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि यह हमला व्यक्तिगत रंजिश का नतीजा था या इसके पीछे कोई बड़ी साजिश हो सकती है।   CCTV में कैद हुई पूरी घटना घटना का CCTV फुटेज भी सामने आया है। वीडियो में दिखता है कि जैसे ही Farooq Abdullah समारोह से बाहर निकल रहे थे, आरोपी पीछे से तेजी से आया और उनकी कनपटी पर पिस्तौल तान दी। उसने फायर करने की कोशिश की, लेकिन उसी क्षण सुरक्षा में तैनात कमांडो सक्रिय हो गए और उसका हाथ झटक दिया, जिससे गोली लक्ष्य से चूक गई। इसके तुरंत बाद सुरक्षाकर्मियों और मौके पर मौजूद लोगों ने आरोपी को पकड़ लिया। घटना के बाद का वीडियो सोशल मीडिया पर भी तेजी से वायरल हो रहा है।   सीएम उमर अब्दुल्ला ने उठाए सुरक्षा पर सवाल हमले के बाद जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री Omar Abdullah ने सोशल मीडिया पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि उनके पिता बाल-बाल बच गए। उन्होंने लिखा कि एक व्यक्ति भरी हुई पिस्तौल के साथ इतने करीब तक कैसे पहुंच गया, यह गंभीर सुरक्षा चूक का संकेत है। मुख्यमंत्री ने इस घटना की उच्च-स्तरीय जांच की मांग भी की है, ताकि सुरक्षा व्यवस्था में हुई संभावित खामियों का पता लगाया जा सके। घटना के समय उपमुख्यमंत्री Surinder Choudhary भी वहां मौजूद थे। इस दौरान उन्हें हल्की चोट आई, जिसके बाद मौके पर ही प्राथमिक उपचार दिया गया।   पुलिस की जांच जारी जम्मू पुलिस के अनुसार हमला ग्रेटर कैलाश के रॉयल पार्क में आयोजित विवाह समारोह के दौरान हुआ। सुरक्षा दल ने तुरंत कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने बताया कि आरोपी की पिस्तौल जब्त कर ली गई है और उसके पारिवारिक पृष्ठभूमि, संपर्कों और मानसिक स्थिति की भी जांच की जा रही है। सुरक्षा एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि कहीं इस घटना के पीछे कोई बड़ी साजिश तो नहीं।  

हरीश राणा मामला: इच्छामृत्यु की अनुमति ने खड़े किए संवेदनशील सवाल, क्या सच में कोई अकेले मरता है?

भारत के कानूनी और सामाजिक विमर्श में एक ऐतिहासिक और भावनात्मक मोड़ तब आया, जब सुप्रीम कोर्ट ने हरीश राणा को निष्क्रिय इच्छामृत्यु (Passive Euthanasia) की अनुमति दे दी। यह फैसला न केवल न्यायिक दृष्टि से अहम है, बल्कि मानवीय संवेदनाओं और पारिवारिक पीड़ा को भी गहराई से छूता है। 13 साल का संघर्ष: जीवन और मृत्यु के बीच अटका एक अस्तित्व हरीश राणा पिछले 13 वर्षों से अचेत अवस्था में जीवन और मृत्यु के बीच झूल रहे थे। एक हादसे में चंडीगढ़ स्थित हॉस्टल की चौथी मंज़िल से गिरने के बाद उनका शरीर तो जीवित रहा, लेकिन वे किसी भी प्रकार की प्रतिक्रिया देने में असमर्थ हो गए। इन वर्षों में उनके माता-पिता ने निरंतर उनकी सेवा की, लेकिन बढ़ती उम्र और शारीरिक थकान ने उन्हें एक कठिन निर्णय के सामने ला खड़ा किया-अपने ही बेटे के लिए मृत्यु की अनुमति मांगना। अदालत का फैसला: ‘गरिमामय मृत्यु’ की दिशा में कदम सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में निष्क्रिय इच्छामृत्यु की अनुमति दी, जिसमें जीवन को कृत्रिम रूप से बनाए रखने वाले उपकरणों को हटाया जाता है, ताकि व्यक्ति स्वाभाविक रूप से मृत्यु की ओर बढ़ सके। यह निर्णय भारत में इच्छामृत्यु को लेकर एक महत्वपूर्ण मिसाल बन गया है। इससे पहले भी ऐसे मामले सामने आए थे, जैसे अरुणा शानबाग का मामला, लेकिन तब अदालत ने अनुमति नहीं दी थी। एक सवाल जो दिल को झकझोरता है यह मामला सिर्फ कानूनी नहीं, बल्कि गहरे मानवीय और भावनात्मक सवाल भी खड़े करता है- क्या हरीश राणा अकेले मरेंगे? असल में, किसी की मृत्यु कभी अकेली नहीं होती। हरीश के साथ उनके माता-पिता का एक हिस्सा भी खत्म होगा-खासतौर पर उनकी मां, जिन्होंने अपने बेटे की इच्छामृत्यु की अनुमति पर हस्ताक्षर किए। यह निर्णय केवल कागज पर हस्ताक्षर नहीं, बल्कि एक मां के भीतर की पीड़ा, त्याग और टूटन का प्रतीक है। समाज और परिवार पर उठते बड़े सवाल इस घटना ने समाज के बदलते स्वरूप पर भी सवाल खड़े किए हैं- क्या आधुनिक जीवनशैली और टूटते पारिवारिक ढांचे लोगों को ऐसे फैसले लेने के लिए मजबूर कर रहे हैं?   क्या ‘गरिमामय मृत्यु’ की मांग, ‘गरिमामय जीवन’ की कमी को दर्शाती है?   हरीश राणा और अरुणा शानबाग जैसे मामलों ने यह दिखाया है कि कई बार जीवन केवल शरीर से नहीं, बल्कि रिश्तों और देखभाल से भी चलता है। कानून बनने की जरूरत और संभावित खतरे सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार को इच्छामृत्यु पर स्पष्ट कानून बनाने की भी सलाह दी है। हालांकि, इसके साथ एक चिंता भी जुड़ी है- कहीं इस कानून का दुरुपयोग तो नहीं होगा? विशेषज्ञों का मानना है कि बिना सख्त नियमों के, यह कानून कमजोर और बुजुर्ग लोगों के लिए खतरा बन सकता है। वहीं, कुछ परिवारों के लिए यह पीड़ा से मुक्ति का रास्ता भी साबित हो सकता है।  

लोकसभा स्पीकर के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पर आज अमित शाह का भाषण, सदन में हंगामे के आसार

  नई दिल्ली: लोकसभा स्पीकर Om Birla को पद से हटाने के लिए लाए गए अविश्वास प्रस्ताव पर संसद में सियासी घमासान तेज हो गया है। इस मुद्दे पर जारी बहस के बीच बुधवार को केंद्रीय गृह मंत्री Amit Shah लोकसभा में सरकार का पक्ष रखेंगे। माना जा रहा है कि उनके संबोधन के दौरान सदन में तीखी बहस और हंगामे की स्थिति बन सकती है। यह प्रस्ताव कांग्रेस सांसद Mohammed Javed ने पेश किया है, जिसे विपक्ष के कई दलों का समर्थन मिला है। प्रस्ताव को 50 से अधिक सांसदों का समर्थन मिलने के बाद इसे चर्चा के लिए स्वीकार किया गया। मंगलवार को सदन की कार्यवाही की अध्यक्षता कर रहे Jagadambika Pal ने प्रस्ताव पर चर्चा की अनुमति दी और इसके लिए कुल 10 घंटे का समय निर्धारित किया। उन्होंने सांसदों से अपील की कि वे बहस के दौरान केवल प्रस्ताव से जुड़े मुद्दों पर ही अपनी बात रखें।   118 विपक्षी सांसदों का समर्थन स्पीकर को हटाने के प्रस्ताव पर कुल 118 विपक्षी सांसदों ने हस्ताक्षर किए हैं। विपक्ष का आरोप है कि Om Birla ने सदन की कार्यवाही के दौरान निष्पक्षता नहीं बरती और कई मौकों पर ‘पक्षपातपूर्ण व्यवहार’ किया। इसी आरोप के आधार पर यह प्रस्ताव लाया गया है। मंगलवार को बहस शुरू होते ही प्रक्रिया को लेकर भी विवाद देखने को मिला। एआईएमआईएम प्रमुख Asaduddin Owaisi और कांग्रेस सांसद K. C. Venugopal ने आपत्ति जताते हुए कहा कि इस तरह की बहस की अध्यक्षता के लिए सदन को किसी सदस्य का चुनाव करना चाहिए। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि अध्यक्षों के पैनल से किसे कार्यवाही की अध्यक्षता के लिए चुना गया, इसका निर्णय किस आधार पर लिया गया। हालांकि सत्तारूढ़ दल के नेताओं ने इन आपत्तियों को खारिज कर दिया। भाजपा सांसद Ravi Shankar Prasad और Nishikant Dubey ने विपक्ष के आरोपों को निराधार बताते हुए कहा कि नियमों के तहत ही कार्यवाही चल रही है।   गौरव गोगोई ने शुरू की बहस बहस की शुरुआत कांग्रेस सांसद Gaurav Gogoi ने की। उन्होंने कहा कि यह प्रस्ताव किसी व्यक्तिगत विरोध के कारण नहीं बल्कि संसद की गरिमा और निष्पक्षता बनाए रखने के उद्देश्य से लाया गया है। उन्होंने कहा, “यह प्रस्ताव सदन की गरिमा की रक्षा की जिम्मेदारी के तहत लाया गया है, न कि व्यक्तिगत रूप से स्पीकर के खिलाफ।” गोगोई ने संसदीय कार्य मंत्री Kiren Rijiju पर भी निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि वे अक्सर विपक्षी सांसदों की बातों में बाधा डालते हैं। उन्होंने कहा कि भविष्य में जब संसदीय रिकॉर्ड का अध्ययन होगा तो यह सामने आएगा कि विपक्ष की आवाज़ को सबसे अधिक बाधित किया गया।   रिजिजू ने राहुल गांधी पर साधा निशाना अपने जवाब में Kiren Rijiju ने कांग्रेस नेता Rahul Gandhi पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि यदि कोई खुद को स्पीकर से ऊपर समझता है तो उसका “कोई इलाज नहीं है।” रिजिजू ने कहा कि संसद के नियम स्पष्ट हैं और सदन में बोलने के लिए स्पीकर की अनुमति जरूरी होती है, चाहे वह प्रधानमंत्री हो, मंत्री हो या विपक्ष का नेता।   प्रियंका गांधी का पलटवार इस टिप्पणी पर कांग्रेस नेता Priyanka Gandhi Vadra ने तीखा पलटवार किया। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी जनता से जुड़े मुद्दों पर सरकार को बेखौफ होकर घेरते हैं और यही बात सत्तारूढ़ दल को असहज करती है। प्रियंका गांधी ने कहा, “पिछले 12 वर्षों में इस देश में केवल एक व्यक्ति है जिसने इनके सामने झुकने से इनकार किया है और वह विपक्ष के नेता हैं। वे जो सच बोलते हैं, उसे ये लोग पचा नहीं पाते।” आज जब गृह मंत्री Amit Shah इस प्रस्ताव पर सदन में अपना पक्ष रखेंगे, तब बहस और अधिक तीखी होने की संभावना है। ऐसे में लोकसभा में राजनीतिक टकराव और हंगामे के आसार बने हुए हैं।  

यौन उत्पीड़न केस में शंकराचार्य को राहत, हाईकोर्ट ने दी अग्रिम जमानत

लखनऊ, एजेंसियां। यौन उत्पीड़न के गंभीर आरोपों से घिरे Swami Avimukteshwaranand Saraswati को बड़ी कानूनी राहत मिली है। अलाहबाद हाई कोर्ट  ने उनकी अग्रिम जमानत याचिका स्वीकार कर ली है, जिससे फिलहाल उनकी गिरफ्तारी पर रोक लग गई है। इसी मामले में उनके शिष्य Swami Mukundanand Giri को भी राहत दी गई है।   फैसला सुरक्षित रखने के बाद सुनाया गया आदेश इस मामले में अदालत ने पहले ही सभी पक्षों की दलीलें सुन ली थीं और 27 फरवरी को फैसला सुरक्षित रख लिया था। विस्तृत सुनवाई के बाद न्यायमूर्ति जितेंद्र कुमार सिन्हा की एकल पीठ ने यह फैसला सुनाया। अदालत के इस निर्णय को आरोपियों के लिए बड़ी राहत के तौर पर देखा जा रहा है, हालांकि केस की जांच और आगे की कानूनी प्रक्रिया जारी रहेगी।   मीडिया बयान पर भी कोर्ट की रोक हाईकोर्ट ने इस मामले को संवेदनशील मानते हुए एक अहम निर्देश भी दिया है। अदालत ने शिकायतकर्ता और आरोपियों—दोनों पक्षों को मीडिया में बयान देने से रोक दिया है, ताकि जांच और न्यायिक प्रक्रिया प्रभावित न हो।   क्या है पूरा मामला? यह मामला नाबालिगों के कथित यौन शोषण से जुड़ा है। आरोप है कि आश्रम से जुड़े कुछ बच्चों के साथ गलत व्यवहार किया गया। शिकायत के आधार पर विशेष POCSO अदालत ने पुलिस को मामला दर्ज करने का निर्देश दिया था। इसके बाद प्रयागराज के झूंसी थाने में एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू की गई।   जांच जारी, आगे भी होगी सुनवाई फिलहाल, अदालत से मिली अग्रिम जमानत के कारण गिरफ्तारी से राहत जरूर मिली है, लेकिन मामला खत्म नहीं हुआ है। पुलिस और संबंधित एजेंसियां जांच में जुटी हैं और आने वाले समय में इस केस में और भी कानूनी कार्रवाई हो सकती है।

इच्छामृत्यु के बाद Harish Rana को अंतिम विदाई, पिता की मार्मिक अपील- "रोना मत"

गाजियाबाद/दिल्ली, एजेंसियां। 13 साल से कोमा में रहे 31 वर्षीय हरीश राणा का पार्थिव शरीर बुधवार सुबह 8.30 बजे अंतिम संस्कार के लिए दिल्ली के ग्रीन पार्क श्मशान घाट लाया गया। पिता अशोक राणा ने बेटे को आखिरी बार प्रणाम किया और कहा, “कोई रोए न, बेटा शांति से जाए। उसे भगवान का आशीर्वाद मिले।” थोड़ी देर बाद हरीश का अंतिम संस्कार किया गया, जिसमें उनके भाई ने मुखाग्नि दी।   क्या है मामला? हरीश 2013 में हॉस्टल की चौथी मंजिल से गिरने के बाद क्वाड्रिप्लेजिया और गंभीर लकवे के कारण कोमा में चले गए थे। बीते 13 वर्षों में उनका जीवन केवल लाइफ सपोर्ट सिस्टम पर निर्भर रहा। 11 मार्च को सुप्रीम कोर्ट ने पैसिव यूथेनेशिया यानी इच्छामृत्यु की अनुमति दी थी, जिससे हरीश की जिंदगी का अंत उनके परिवार की सहमति और मेडिकल बोर्डों की मंजूरी के तहत संभव हुआ।   कैसे हुई  मौत ? एम्स में हरीश को पैसिव यूथेनेशिया के तहत जीवनरक्षक उपकरण और फीडिंग ट्यूब से हटाया गया। परिवार ने हरीश के हार्ट वाल्व और कॉर्निया दान कर दिए। इस प्रक्रिया ने भारत में इच्छामृत्यु के कानूनी मान्यता प्राप्त पहले मामले का उदाहरण पेश किया।अंतिम संस्कार के दौरान माता निर्मला राणा और पिता अशोक राणा भावुक नजर आए। यूपी कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय और ब्रह्मकुमारी लवली समेत अन्य लोग मौजूद रहे। घाट पर हरीश का पार्थिव शरीर फूलों और उपलों से सजाया गया। पिता ने अंतिम संस्कार के समय सबको संयम रखने और शांति बनाए रखने की अपील की।   सुप्रीम कोर्ट ने क्या  कहा ? सुप्रीम कोर्ट ने 2018 में इच्छामृत्यु के लिए नियम बनाए थे। इसके तहत या तो मरीज ने लिविंग विल लिखी हो या परिवार/करीबी निर्णय लें। पैसिव यूथेनेशिया में इलाज या लाइफ सपोर्ट रोक दिया जाता है, जबकि एक्टिव यूथेनेशिया भारत में गैरकानूनी है। हरीश राणा का यह मामला न केवल परिवार के साहस का प्रतीक है, बल्कि देश में इच्छामृत्यु के संवैधानिक अधिकार को भी सामने लाता है।

Top week

Indian delegation at international cyber security meeting after India assumed CCDB chairmanship role
राष्ट्रीय

भारत को मिली बड़ी अंतरराष्ट्रीय जिम्मेदारी, संभाला CCDB के अध्यक्ष का पद

surbhi मई 15, 2026 0