आईपीएल 2026 के दूसरे क्वालिफायर में राजस्थान रॉयल्स का खिताब जीतने का सपना टूट गया। गुजरात टाइटंस ने शानदार प्रदर्शन करते हुए राजस्थान को 7 विकेट से हराकर फाइनल में प्रवेश कर लिया। इस हार के बाद सबसे भावुक दृश्य युवा बल्लेबाज Vaibhav Suryavanshi का रहा, जिनकी आंखों में टूर्नामेंट से बाहर होने का दर्द साफ दिखाई दिया। राजस्थान रॉयल्स ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 214 रन का मजबूत स्कोर खड़ा किया था। टीम की ओर से वैभव सूर्यवंशी ने 96 रनों की शानदार और आक्रामक पारी खेली। उनकी बल्लेबाजी ने राजस्थान को बड़े स्कोर तक पहुंचाया, लेकिन गेंदबाज इस लक्ष्य का बचाव नहीं कर सके। गुजरात टाइटंस ने 18.4 ओवर में सिर्फ 3 विकेट खोकर लक्ष्य हासिल कर लिया और फाइनल का टिकट कटाया। हार के बाद टूट गए वैभव सूर्यवंशी मैच समाप्त होते ही वैभव सूर्यवंशी बेहद निराश और भावुक नजर आए। मैदान पर उनकी हताशा साफ दिखाई दे रही थी। इस दौरान अनुभवी खिलाड़ी Ravindra Jadeja उन्हें समझाते और हौसला बढ़ाते हुए दिखाई दिए। हालांकि हार का दर्द इतना गहरा था कि वैभव खुद को संभाल नहीं सके। वे सीधे डगआउट की ओर लौट गए और अपनी कैप से चेहरा छिपाने की कोशिश करने लगे। कैमरों में कैद हुई उनकी नम आंखें और मायूस चेहरा सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया। क्रिकेट प्रशंसक इस तस्वीर को सीजन की सबसे भावुक तस्वीरों में से एक बता रहे हैं। 776 रन बनाकर भी नहीं दिला सके ट्रॉफी व्यक्तिगत प्रदर्शन के लिहाज से यह सीजन वैभव सूर्यवंशी के लिए किसी सपने से कम नहीं रहा। युवा बल्लेबाज ने 16 मैचों में 776 रन बनाकर ऑरेंज कैप अपने नाम की। पूरे टूर्नामेंट में उनकी बल्लेबाजी विपक्षी टीमों के लिए सबसे बड़ी चुनौती बनी रही। लेकिन क्रिकेट एक टीम गेम है और शानदार व्यक्तिगत प्रदर्शन के बावजूद वे राजस्थान रॉयल्स को चैंपियन नहीं बना सके। यही बात हार के बाद उनके चेहरे पर साफ दिखाई दी। एक हफ्ते में चार बार टूटा दिल वैभव सूर्यवंशी के लिए पिछले कुछ दिन बेहद मुश्किल रहे। वे इस सीजन में तीन बार शतक के बेहद करीब पहुंचकर चूक गए। लखनऊ के खिलाफ 93 रन हैदराबाद के खिलाफ 97 रन गुजरात के खिलाफ 96 रन हर बार शतक से कुछ कदम दूर रुकना उनके लिए निराशाजनक रहा। इसके बाद गुजरात के खिलाफ नॉकआउट मुकाबले में टीम की हार ने इस दर्द को और बढ़ा दिया। रिकॉर्ड्स से भरा रहा सीजन हालांकि ट्रॉफी हाथ नहीं लगी, लेकिन वैभव सूर्यवंशी ने इस सीजन कई बड़े रिकॉर्ड अपने नाम किए। पूरे सीजन में 72 छक्के लगाए। सबसे कम उम्र में 700 से अधिक रन बनाने वाले बल्लेबाज बने। सिर्फ 440 गेंदों में 1000 आईपीएल रन पूरे कर सबसे तेज यह उपलब्धि हासिल करने वाले खिलाड़ी बने। 700 से अधिक रन बनाने वाले बल्लेबाजों में 237 से ज्यादा स्ट्राइक रेट के साथ नया रिकॉर्ड बनाया। इन उपलब्धियों ने उन्हें आईपीएल 2026 के सबसे चर्चित खिलाड़ियों में शामिल कर दिया। तीसरी बार फाइनल में पहुंचा गुजरात दूसरी ओर Gujarat Titans ने आईपीएल इतिहास में तीसरी बार फाइनल में जगह बनाई है। टीम इससे पहले 2022 में अपने डेब्यू सीजन में खिताब जीत चुकी है, जबकि 2023 में फाइनल तक पहुंचकर उपविजेता रही थी। अब गुजरात एक बार फिर ट्रॉफी जीतने के इरादे से फाइनल में उतरेगी।
Sunrisers Hyderabad और Rajasthan Royals के बीच आज आईपीएल 2026 का एलिमिनेटर मुकाबला खेला जाएगा। यह मैच मुल्लांपुर के महाराजा यादवेंद्र सिंह क्रिकेट स्टेडियम में शाम 7:30 बजे से शुरू होगा। मुकाबला दोनों टीमों के लिए बेहद अहम है, क्योंकि हारने वाली टीम का टूर्नामेंट में सफर यहीं खत्म हो जाएगा, जबकि जीतने वाली टीम क्वालीफायर-2 में पहुंचेगी। वैभव सूर्यवंशी के निशाने पर क्रिस गेल का रिकॉर्ड इस बड़े मुकाबले में राजस्थान रॉयल्स के युवा बल्लेबाज Vaibhav Suryavanshi पर सभी की नजरें रहने वाली हैं। वैभव इस सीजन में शानदार फॉर्म में हैं और अब तक 53 छक्के लगा चुके हैं। आईपीएल के एक सीजन में सबसे ज्यादा छक्के लगाने का रिकॉर्ड फिलहाल Chris Gayle के नाम है, जिन्होंने 2012 में 59 छक्के लगाए थे। वैभव को यह रिकॉर्ड तोड़ने के लिए सिर्फ 7 छक्कों की जरूरत है। ऐसे में एलिमिनेटर मुकाबला उनके लिए ऐतिहासिक साबित हो सकता है। राजस्थान पर भारी रहा हैदराबाद रिकॉर्ड्स की बात करें तो Sunrisers Hyderabad का पलड़ा भारी नजर आता है। राजस्थान रॉयल्स पिछले 6 मुकाबलों से हैदराबाद को हराने में नाकाम रही है। राजस्थान ने आखिरी बार 2 अप्रैल 2023 को हैदराबाद को हराया था, जब उसने 72 रन से जीत दर्ज की थी। इसके बाद दोनों टीमों के बीच हुए मुकाबलों में हैदराबाद ने लगातार दबदबा बनाए रखा है। पिछले सीजन में भी हैदराबाद ने क्वालिफायर-2 में राजस्थान को हराकर फाइनल में जगह बनाई थी। हालांकि फाइनल में उन्हें हार का सामना करना पड़ा था। अब तक दोनों टीमों के बीच खेले गए 23 आईपीएल मुकाबलों में हैदराबाद ने 14 मैच जीते हैं, जबकि राजस्थान के खाते में कम जीत दर्ज हैं। पिच पर फिर दिख सकता है रन बरसात मुल्लांपुर का महाराजा यादवेंद्र सिंह क्रिकेट स्टेडियम बल्लेबाजों के लिए मददगार साबित हो रहा है। यहां खेले गए पिछले तीन मुकाबलों में 200 से ज्यादा रन बने हैं। इन मैचों में दो बार लक्ष्य का पीछा करने वाली टीम ने जीत हासिल की है, जबकि एक बार पहले बल्लेबाजी करने वाली टीम सफल रही। ऐसे में टॉस की भूमिका भी काफी अहम हो सकती है। गर्मी बढ़ाएगी खिलाड़ियों की चुनौती मौसम विभाग के अनुसार मैच के दौरान तापमान 25 डिग्री सेल्सियस से 45 डिग्री सेल्सियस के बीच रह सकता है। तेज गर्मी और उमस खिलाड़ियों की फिटनेस की परीक्षा ले सकती है।
Royal Challengers Bengaluru ने आईपीएल 2026 के पहले क्वालीफायर में दमदार प्रदर्शन करते हुए Gujarat Titans को 92 रन से हराकर फाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली। इस जीत के साथ आरसीबी लगातार दूसरी बार आईपीएल फाइनल में पहुंचने में सफल रही है। वहीं हार के बावजूद गुजरात टाइटंस के पास अब भी फाइनल में पहुंचने का एक और मौका रहेगा। धर्मशाला में खेले गए इस मुकाबले में गुजरात टाइटंस ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया, लेकिन आरसीबी के बल्लेबाजों ने इस फैसले को पूरी तरह गलत साबित कर दिया। विराट और पडिक्कल ने संभाली पारी पहले बल्लेबाजी करने उतरी आरसीबी की शुरुआत अच्छी नहीं रही और Venkatesh Iyer 19 रन बनाकर जल्दी आउट हो गए। इसके बाद Virat Kohli और Devdutt Padikkal ने टीम की पारी को संभाला। दोनों बल्लेबाजों के बीच 72 रन की अहम साझेदारी हुई। विराट कोहली ने 43 रन की उपयोगी पारी खेली, जबकि देवदत्त पडिक्कल 30 रन बनाकर आउट हुए। रजत पाटीदार ने मचाया तूफान मध्यक्रम में कप्तान Rajat Patidar ने ऐसी बल्लेबाजी की जिसने मैच का पूरा रुख बदल दिया। उन्होंने Krunal Pandya के साथ मिलकर 95 रन की शानदार साझेदारी की। क्रुणाल पांड्या 43 रन बनाकर आउट हुए, लेकिन पाटीदार एक छोर पर डटे रहे और गुजरात के गेंदबाजों की जमकर धुनाई की। उन्होंने सिर्फ 33 गेंदों में 93 रन की विस्फोटक पारी खेली, जिसमें 9 छक्के और 5 चौके शामिल रहे। उनकी इस पारी की बदौलत आरसीबी ने 20 ओवर में 254 रन का विशाल स्कोर खड़ा किया। गुजरात की ओर से Kagiso Rabada और Jason Holder ने 2-2 विकेट हासिल किए। पावरप्ले में बिखरी गुजरात की बल्लेबाजी 255 रन के बड़े लक्ष्य का पीछा करने उतरी गुजरात टाइटंस की शुरुआत बेहद खराब रही। Sai Sudharsan 14 रन बनाकर आउट हुए, जबकि कप्तान Shubman Gill सिर्फ 2 रन बनाकर पवेलियन लौट गए। इसके बाद Jos Buttler 29 रन बनाकर आउट हुए। निशांत सिंधु 5 रन और जेसन होल्डर बिना खाता खोले आउट हो गए। पावरप्ले में ही गुजरात ने 5 विकेट गंवा दिए और वहीं से मुकाबला लगभग आरसीबी की पकड़ में चला गया। राहुल तेवतिया ने लड़ी अकेली लड़ाई लगातार विकेट गिरने के बीच Rahul Tewatia ने जरूर संघर्ष किया और 68 रन की शानदार पारी खेली, लेकिन उन्हें दूसरे छोर से कोई खास समर्थन नहीं मिला। Gujarat Titans की पूरी टीम 162 रन पर सिमट गई और आरसीबी ने मुकाबला 92 रन से अपने नाम कर लिया। आरसीबी की ओर से Jacob Duffy ने 3 विकेट लिए। Rasikh Salam, Bhuvneshwar Kumar और Krunal Pandya ने 2-2 विकेट चटकाए, जबकि Josh Hazlewood को 1 सफलता मिली। अब ट्रॉफी से सिर्फ एक कदम दूर RCB लगातार दूसरी बार फाइनल में पहुंचने के बाद आरसीबी का आत्मविश्वास काफी ऊंचा होगा। टीम की बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों ही विभाग शानदार लय में नजर आ रहे हैं। अब फैंस को उम्मीद होगी कि इस बार बेंगलुरु की टीम अपना पहला आईपीएल खिताब जीतने में सफल हो सके।
आईपीएल 2026 अब अपने सबसे रोमांचक चरण में पहुंच चुका है। धर्मशाला के हिमाचल प्रदेश क्रिकेट एसोसिएशन स्टेडियम में आज Royal Challengers Bengaluru और Gujarat Titans के बीच क्वालीफायर-1 खेला जाएगा। इस मुकाबले की विजेता टीम सीधे फाइनल में पहुंच जाएगी, जबकि हारने वाली टीम को क्वालीफायर-2 में एक और मौका मिलेगा। लेकिन यह मैच सिर्फ दो टीमों के बीच की भिड़ंत नहीं है। क्रिकेट फैंस की नजरें खास तौर पर Virat Kohli और Shubman Gill की टक्कर पर टिकी हैं। एक तरफ अनुभव, निरंतरता और बड़े मैचों के खिलाड़ी विराट कोहली हैं, तो दूसरी ओर युवा कप्तान शुभमन गिल, जो इस सीजन गुजरात के सबसे बड़े मैच विनर बनकर उभरे हैं। इम्पैक्ट इंडेक्स में शुभमन गिल आगे अगर IPL 2026 में दोनों खिलाड़ियों के ओवरऑल इम्पैक्ट की बात करें, तो Shubman Gill इस सीजन थोड़ा आगे नजर आते हैं। WPA इम्पैक्ट इंडेक्स के अनुसार गिल ने 13 मैचों में कुल 2048.27 इम्पैक्ट पॉइंट्स हासिल किए हैं, जो उन्हें पूरे सीजन में दूसरे स्थान पर रखता है। वहीं Virat Kohli के नाम 14 मैचों में 1361.53 इम्पैक्ट पॉइंट्स हैं। गिल को कप्तानी के कारण अतिरिक्त पॉइंट्स भी मिले हैं, लेकिन सिर्फ बल्लेबाजी प्रदर्शन की तुलना में भी वह कोहली से आगे बने हुए हैं। रन और स्ट्राइक रेट में कांटे की टक्कर इस सीजन शुभमन गिल ने 381 गेंदों में 161.68 के स्ट्राइक रेट से 616 रन बनाए हैं। दूसरी ओर विराट कोहली ने 339 गेंदों में 164.31 के स्ट्राइक रेट से 557 रन बनाए हैं। यानी रन बनाने के मामले में गिल आगे हैं, जबकि स्ट्राइक रेट में कोहली का पलड़ा थोड़ा भारी है। गिल की पिछली पांच पारियों में 84, 85 और 63 रन की विस्फोटक पारियां शामिल हैं, जो उनके शानदार फॉर्म को दिखाती हैं। पावरप्ले में दोनों का प्रदर्शन लगभग बराबर पहले छह ओवरों में दोनों बल्लेबाजों का प्रदर्शन लगभग समान रहा है। Virat Kohli ने पावरप्ले में 176 गेंदों पर 165.34 के स्ट्राइक रेट से 291 रन बनाए हैं, जबकि Shubman Gill ने 175 गेंदों पर 165.14 के स्ट्राइक रेट से 289 रन बनाए हैं। यह आंकड़े बताते हैं कि दोनों बल्लेबाज शुरुआत से ही आक्रामक क्रिकेट खेलने में भरोसा रखते हैं और अपनी टीम को तेज शुरुआत दिलाने में माहिर हैं। हेड टू हेड में विराट कोहली का पलड़ा भारी इस सीजन जब Royal Challengers Bengaluru और Gujarat Titans आमने-सामने आए, तब विराट कोहली ने गुजरात के गेंदबाजों के खिलाफ शानदार बल्लेबाजी की। कोहली ने GT के खिलाफ दो मैचों में 191.23 के स्ट्राइक रेट से 109 रन बनाए, जिसमें 81 रन की शानदार पारी भी शामिल रही। दूसरी ओर शुभमन गिल ने RCB के खिलाफ दो मैचों में 178.57 के स्ट्राइक रेट से 75 रन बनाए। दोनों बल्लेबाज दो-दो बार आउट हुए, लेकिन मैच पर प्रभाव डालने के मामले में विराट कोहली ज्यादा खतरनाक साबित हुए। मैच में कहां बदल सकता है खेल? गुजरात टाइटंस के गेंदबाजों के लिए सबसे बड़ी चुनौती होगी Virat Kohli को शुरुआती ओवरों में रोकना। इस सीजन कोहली ने फुल लेंथ गेंदों पर जमकर रन बनाए हैं। ऐसे में GT के गेंदबाज ऑफ स्टंप के बाहर हार्ड लेंथ गेंदों की रणनीति अपना सकते हैं। वहीं Royal Challengers Bengaluru के गेंदबाजों का फोकस शुभमन गिल को शुरुआत में बांधकर रखने पर होगा। आंकड़े बताते हैं कि ऑफ स्टंप के बाहर गुड लेंथ गेंदों पर गिल थोड़ा संघर्ष करते हैं। अगर RCB शुरुआती 15 गेंदों तक गिल को खुलकर खेलने से रोक देती है, तो मैच का रुख बदल सकता है। फैंस को मिलेगा हाई-वोल्टेज मुकाबला एक तरफ अनुभवी विराट कोहली हैं, जो बड़े मुकाबलों में अक्सर अलग स्तर का प्रदर्शन करते हैं। दूसरी ओर शुभमन गिल हैं, जो इस सीजन कप्तान और बल्लेबाज दोनों भूमिकाओं में शानदार नजर आए हैं। ऐसे में धर्मशाला में होने वाला यह मुकाबला सिर्फ क्वालीफायर-1 नहीं, बल्कि भारतीय क्रिकेट के वर्तमान और भविष्य की भी टक्कर माना जा रहा है।
धर्मशाला, एजेंसियां। IPL 2026 के क्वालिफायर-1 में मंगलवार को रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) और गुजरात टाइटंस (GT) आमने-सामने होंगी। यह मैच धर्मशाला में खेला जाएगा। जीतने वाली टीम सीधे फाइनल में पहुंचेगी। हालांकि बारिश होने के 80% आसार हैं। इस मैच को जीतने वाली टीम के चैंपियन बनने की संभावना ज्यादा होगी, क्योंकि 2011 से प्लेऑफ सिस्टम आने के बाद 15 में से 12 फाइनल क्वालिफायर-1 जीतने वाली टीमों ने जीते हैं। हेड टु हेडः 4-4 से बराबर, दोनों के पास बढ़त का मौका हेड-टु-हेड रिकॉर्ड में बेंगलुरु और गुजरात बराबरी पर हैं। दोनों के बीच अब तक 8 IPL मैच खेले गए हैं। इनमें 4 मैच बेंगलुरु और 4 गुजरात ने जीते हैं। कोई मैच टाई या बेनतीजा नहीं रहा। इस सीजन में दोनों टीमों का दो बार आमना-सामना हुआ है और दोनों ने एक-एक जीत हासिल की है। पिछले मुकाबले को गुजरात ने 4 विकेट से जीता था। उससे पहले बेंगलुरु को 5 विकेट से जीत मिली थी। स्ट्रेंथ एंड वीकनेस कप्तान रजत पाटीदार की कप्तानी में बेंगलुरु ने इस सीजन अटैकिंग बैटिंग के दम पर 8 बार 200 रन का आंकड़ा पार किया है। विराट कोहली टीम के टॉप स्कोरर हैं। वे एक शतक और 4 फिफ्टी के सहारे 557 रन बना चुके हैं। कोहली के अलावा, पडिक्कल ने 3 और कप्तान पाटीदार ने 4 अर्धशतक लगाए हैं। धर्मशाला में वेंकटेश अय्यर ने पंजाब के खिलाफ नाबाद 73 रन बनाकर टीम को जीत दिलाई थी। गेंदबाजी में जोश हेजलवुड और भुवनेश्वर कुमार की जोड़ी ने मजबूती दी है। भुवी टीम के टॉप विकेट टेकर हैं। जैकब बेथेल रनों के लिए स्ट्रगल कर रहेः सीजन की शुरुआत में RCB का मिडिल ऑर्डर आक्रामक था, लेकिन लीग स्टेज के दूसरे हाफ में नंबर 4 से 8 तक के बल्लेबाज फ्लॉप रहे हैं। टीम लगातार कोलैप्स झेल रही है। अनकैप्ड और विदेशी खिलाड़ी जैकब बेथेल रनों के लिए संघर्ष कर रहे हैं। गुजरात की तेज गेंदबाजी मजबूत, फिनिशर्स कमजोर गुजरात की टीम मजबूत गेंदबाजी और टॉप ऑर्डर के दम पर प्लेऑफ में पहुंची है। दूसरे हाफ में GT की गेंदबाजी उसकी सबसे बड़ी ताकत रही है। कगिसो रबाडा, मोहम्मद सिराज और प्रसिद्ध कृष्णा ने विरोधी बैटर्स को खूब परेशान किया है। रबाडा 24 विकेट के साथ पर्पल कैप की रेस में हैं। राशिद खान 19 विकेट ले चुके हैं। टीम ने आखिरी लीग मैच में चेन्नई सुपर किंग्स को 89 रन से हराया था। कप्तान शुभमन गिल (616 रन), साई सुदर्शन (638 रन) और जोस बटलर (469 रन) शानदार फॉर्म में हैं। ऑरेंज कैप होल्डर सुदर्शन 7 फिफ्टी लगा चुके हैं। फिनिशर्स और लोअर-मिडल ऑर्डर का फ्लॉप शो शेरफेन रदरफोर्ड के जाने के बाद नंबर 4 और 5 की पोजीशन GT के लिए सिरदर्द बनी हुई है। ग्लेन फिलिप्स और टॉम बैंटन मिले मौकों में निरंतरता नहीं दिखा सके हैं। लोअर ऑर्डर में राहुल तेवतिया और शाहरुख खान पर मैच फिनिश करने का दबाव रहता है। दोनों इस सीजन में काफी इनकंसिस्टेंट रहे हैं। मैच के 4 बड़े मैच-अप कोहली Vs रबाडा: धर्मशाला की उछाल भरी पिच पर कोहली और रबाडा का मुकाबला अहम रहेगा। देखना होगा कि पावरप्ले में कोहली, रबाडा का सामना कैसे करते हैं। रबाडा विराट को 4 बार आउट कर चुके हैं। साल्ट Vs सिराज: चोट से लौटे फिल साल्ट बेंगलुरु के बैटिंग लाइन-अप को मजबूती देंगे। उनका सामना मोहम्मद सिराज से होगा। उन्हें सिराज 2 बार आउट कर चुके हैं। गिल बनाम भुवनेश्वर: भुवनेश्वर कुमार अपनी स्विंग से शुभमन गिल की परीक्षा लेंगे। वे गिल को 5 बार आउट कर चुके हैं। राशिद बनाम पाटीदार: रजत पाटीदार स्पिनर्स के खिलाफ खेलने में माहिर हैं, लेकिन उनका सामना राशिद खान से होगा। राशिद इस सीजन में 19 विकेट ले चुके हैं। वेदर और पिच रिपोर्ट HPCA मैदान पर इस साल खूब रन बने हैं। यहां खेले गए 3 मैचों की 6 पारियों में से 5 में 200 या उससे ज्यादा का स्कोर बना है। तीनों मैच में टॉस जीतने वाली टीम ने पहले गेंदबाजी कर टारगेट चेज किया। धर्मशाला में मंगलवार को 80% बारिश के आसार हैं। अगर क्वालिफायर-1 बारिश में धुलता है, तो बेंगलुरु बिना खेले फाइनल में पहुंच जाएगी, क्योंकि वह लीग स्टेज के बाद पॉइंट्स टेबल में टॉप पर थी। पॉसिबल प्लेइंग-12.. बेंगलुरु : विराट कोहली, देवदत्त पडिक्कल, रजत पाटीदार, टिम डेविड, वेंकटेश अय्यर, जितेश शर्मा, क्रुणाल पंड्या, भुवनेश्वर कुमार, रसिख सलाम, सुयश शर्मा और जोश हेजलवुड, फिल सॉल्ट। गुजरात : शुभमन गिल (कप्तान), साई सुदर्शन, जोस बटलर (विकेटकीपर), वॉशिंगटन सुंदर, निशांत सिंधु, जेसन होल्डर, राशिद खान, राहुल तेवतिया, अरशद खान, कगिसो रबाडा और मोहम्मद सिराज, प्रसिद्ध कृष्णा।
आईपीएल 2026 अब अपने सबसे अहम पड़ाव पर पहुंच चुका है। मंगलवार को धर्मशाला के खूबसूरत हिमाचल प्रदेश क्रिकेट एसोसिएशन स्टेडियम में Royal Challengers Bengaluru और Gujarat Titans के बीच क्वालीफायर-1 खेला जाएगा। इस हाई-वोल्टेज मुकाबले में जीतने वाली टीम सीधे फाइनल में पहुंच जाएगी, जबकि हारने वाली टीम को क्वालीफायर-2 में एक और मौका मिलेगा। क्रिकेट फैंस की नजरें इस मुकाबले पर टिकी हुई हैं क्योंकि दोनों टीमें इस सीजन शानदार फॉर्म में रही हैं। एक तरफ विराट कोहली की अनुभवी बल्लेबाजी है तो दूसरी तरफ शुभमन गिल की कप्तानी में गुजरात टाइटंस का संतुलित प्रदर्शन। RCB के लिए चोटें बनी चिंता Royal Challengers Bengaluru के लिए प्लेऑफ से पहले खिलाड़ियों की फिटनेस सबसे बड़ी परेशानी बन गई है। इंग्लैंड के ऑलराउंडर Jacob Bethell उंगली की चोट के कारण पूरे टूर्नामेंट से बाहर हो चुके हैं। यह आरसीबी के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है क्योंकि उन्होंने मध्यक्रम में अहम भूमिका निभाई थी। वहीं विकेटकीपर बल्लेबाज Phil Salt की फिटनेस पर अब भी सस्पेंस बना हुआ है। वह लंबे समय से उंगली की चोट से जूझ रहे हैं और मैच से पहले उनकी उपलब्धता पर अंतिम फैसला लिया जाएगा। अगर साल्ट फिट नहीं होते हैं तो आरसीबी को अपने बैटिंग कॉम्बिनेशन में बदलाव करना पड़ सकता है। गुजरात टाइटंस पूरी ताकत के साथ तैयार दूसरी ओर Gujarat Titans के लिए अच्छी खबर यह है कि कप्तान Shubman Gill के पास पूरी तरह फिट स्क्वाड मौजूद है। टीम अपने विनिंग कॉम्बिनेशन के साथ मैदान पर उतरने की तैयारी में है। गुजरात की बल्लेबाजी इस सीजन काफी मजबूत नजर आई है। शुभमन गिल के अलावा Jos Buttler और Sai Sudharsan ने लगातार रन बनाए हैं। वहीं गेंदबाजी में Rashid Khan, Mohammed Siraj और Kagiso Rabada टीम की सबसे बड़ी ताकत बने हुए हैं। संभावित प्लेइंग 11 RCB संभावित प्लेइंग 11 Royal Challengers Bengaluru: Virat Kohli, Phil Salt (यदि फिट), देवदत्त पडिक्कल, रजत पाटीदार, जितेश शर्मा, Tim David, रोमारियो शेफर्ड, Krunal Pandya, सुयश शर्मा, Bhuvneshwar Kumar, रसिक सलाम डार, Josh Hazlewood। GT संभावित प्लेइंग 11 Gujarat Titans: Shubman Gill, Sai Sudharsan, Jos Buttler, Washington Sundar, निशांत सिंधु, Jason Holder, Rahul Tewatia, Rashid Khan, Kagiso Rabada, Mohammed Siraj, अरशद खान, Prasidh Krishna। मैच की सबसे बड़ी टक्कर धर्मशाला की पिच तेज गेंदबाजों को मदद देने के लिए जानी जाती है। ऐसे में मुकाबले की शुरुआत बेहद रोमांचक हो सकती है। आरसीबी के लिए Josh Hazlewood और Bhuvneshwar Kumar की जोड़ी शुरुआती ओवरों में शुभमन गिल को रोकने की कोशिश करेगी। वहीं गुजरात की तरफ से Mohammed Siraj और Kagiso Rabada के सामने Virat Kohli की परीक्षा होगी। इसके अलावा मध्य ओवरों में राशिद खान की स्पिन और टिम डेविड की फिनिशिंग इस मुकाबले का रुख बदल सकती है। कौन पहुंचाएगा फाइनल में जगह? दोनों टीमें संतुलित नजर आ रही हैं, लेकिन गुजरात टाइटंस को फिट स्क्वाड होने का फायदा मिल सकता है। दूसरी ओर विराट कोहली जैसे बड़े मैच खिलाड़ी की मौजूदगी आरसीबी को अतिरिक्त मजबूती देती है। ऐसे में धर्मशाला में होने वाला यह मुकाबला आईपीएल 2026 के सबसे रोमांचक मैचों में से एक माना जा रहा है।
Indian Premier League के लीग स्टेज के खत्म होते ही पर्पल कैप और ऑरेंज कैप की रेस और भी रोमांचक हो गई है। प्लेऑफ से पहले खिलाड़ियों के बीच रन और विकेट की जंग तेज हो चुकी है। रविवार को खेले गए मुकाबलों के बाद दोनों लिस्ट में बड़ा बदलाव देखने को मिला। जोफ्रा आर्चर ने पर्पल कैप रेस में लगाई लंबी छलांग Jofra Archer ने Mumbai Indians के खिलाफ शानदार गेंदबाजी करते हुए 4 ओवर में सिर्फ 17 रन देकर 3 विकेट हासिल किए। इस दमदार प्रदर्शन के बाद Rajasthan Royals के स्टार तेज गेंदबाज पर्पल कैप की रेस में सीधे तीसरे नंबर पर पहुंच गए हैं। आर्चर अब इस सीजन 14 मैचों में 21 विकेट ले चुके हैं। उन्होंने Anshul Kamboj को पीछे छोड़ते हुए टॉप-3 में जगह बनाई। पर्पल कैप पर अब भी भुवनेश्वर कुमार का कब्जा Royal Challengers Bengaluru के अनुभवी तेज गेंदबाज Bhuvneshwar Kumar अभी भी पर्पल कैप होल्डर बने हुए हैं। उन्होंने 14 मैचों में 24 विकेट झटके हैं। वहीं Gujarat Titans के Kagiso Rabada भी 24 विकेट लेकर दूसरे स्थान पर बने हुए हैं। विकेटों की संख्या बराबर होने के बावजूद इकॉनमी और औसत के आधार पर भुवनेश्वर आगे हैं। IPL 2026 Purple Cap Top 5 Bhuvneshwar Kumar – 24 विकेट Kagiso Rabada – 24 विकेट Jofra Archer – 21 विकेट Anshul Kamboj – 20 विकेट Rashid Khan – 19 विकेट ऑरेंज कैप में साई सुदर्शन सबसे आगे ऑरेंज कैप फिलहाल Sai Sudharsan के पास है। Gujarat Titans के इस युवा बल्लेबाज ने 14 मैचों में 638 रन बनाए हैं और उनका स्ट्राइक रेट 157 का रहा है। उनके साथ ओपनिंग करने वाले कप्तान Shubman Gill भी शानदार फॉर्म में हैं और 616 रन बनाकर दूसरे नंबर पर मौजूद हैं। केएल राहुल की टॉप-5 में एंट्री Delhi Capitals के स्टार बल्लेबाज KL Rahul ने Kolkata Knight Riders के खिलाफ 60 रनों की शानदार पारी खेली। इस प्रदर्शन के बाद राहुल ऑरेंज कैप की रेस में चौथे नंबर पर पहुंच गए हैं। वहीं Sunrisers Hyderabad के Heinrich Klaasen 606 रनों के साथ तीसरे स्थान पर बने हुए हैं। IPL 2026 Orange Cap Top 5 Sai Sudharsan – 638 रन Shubman Gill – 616 रन Heinrich Klaasen – 606 रन KL Rahul – 593 रन Vaibhav Suryavanshi – 583 रन प्लेऑफ में और रोमांचक होगी रेस अब जबकि लीग स्टेज खत्म हो चुका है, प्लेऑफ मुकाबलों में पर्पल और ऑरेंज कैप की रेस और दिलचस्प होने वाली है। खासकर भुवनेश्वर कुमार, रबाडा, साई सुदर्शन और शुभमन गिल जैसे खिलाड़ी अपने शानदार प्रदर्शन से रिकॉर्ड तोड़ सकते हैं।
Indian Premier League में शुक्रवार को एक हाई-वोल्टेज मुकाबला खेला जाएगा, जहां Royal Challengers Bengaluru और Sunrisers Hyderabad आमने-सामने होंगी। दोनों टीमों के बीच यह मुकाबला हैदराबाद के Rajiv Gandhi International Cricket Stadium में शाम 7:30 बजे से खेला जाएगा। यह मुकाबला सिर्फ जीत-हार तक सीमित नहीं है, बल्कि प्लेऑफ की तस्वीर भी तय कर सकता है। RCB जहां अंक तालिका में नंबर-1 स्थान पक्का करने उतरेगी, वहीं सनराइजर्स की नजर टॉप-2 में जगह बनाकर क्वालीफायर-1 खेलने पर होगी। RCB के पास टॉप पर बने रहने का मौका डिफेंडिंग चैंपियन Royal Challengers Bengaluru फिलहाल 18 अंकों के साथ पॉइंट्स टेबल में शीर्ष पर बनी हुई है। टीम का रन रेट भी मजबूत है। अगर बेंगलुरु इस मुकाबले में जीत दर्ज कर लेती है, तो उसका पहला स्थान लगभग तय हो जाएगा। टॉप-2 में रहने का सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि टीम को फाइनल में पहुंचने के लिए दो मौके मिलेंगे। यही वजह है कि RCB इस मैच को किसी भी कीमत पर जीतना चाहेगी। हैदराबाद के सामने मुश्किल चुनौती Sunrisers Hyderabad ने अब तक 13 मैचों में 16 अंक हासिल किए हैं और टीम फिलहाल तीसरे स्थान पर है। दूसरे नंबर पर मौजूद गुजरात टाइटंस के भी 16 अंक हैं, लेकिन बेहतर रन रेट के कारण गुजरात आगे है। ऐसे में हैदराबाद को सिर्फ जीत ही नहीं, बल्कि बड़े अंतर से जीत दर्ज करनी होगी ताकि उसका नेट रन रेट बेहतर हो सके और टीम क्वालीफायर-1 में जगह बना सके। हेड टू हेड रिकॉर्ड आईपीएल इतिहास में दोनों टीमें अब तक 26 बार भिड़ चुकी हैं। सनराइजर्स हैदराबाद की जीत: 13 रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु की जीत: 12 बेनतीजा मैच: 1 इस सीजन में दोनों टीमों की यह दूसरी भिड़ंत होगी। इससे पहले 28 मार्च को खेले गए मुकाबले में RCB ने हैदराबाद को 6 विकेट से हराया था। पिच रिपोर्ट Rajiv Gandhi International Cricket Stadium की पिच बल्लेबाजों के लिए काफी मददगार मानी जाती है। यहां की सतह सपाट है और बाउंड्री छोटी होने के कारण बड़े स्कोर देखने को मिलते हैं। हालांकि मैच आगे बढ़ने के साथ स्पिन गेंदबाजों को थोड़ी मदद मिलने लगती है, जिससे मिडिल ओवर्स में विकेट गिर सकते हैं। संभावित प्लेइंग 12 रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु Rajat Patidar (कप्तान) Virat Kohli Devdutt Padikkal Venkatesh Iyer Tim David Jitesh Sharma Romario Shepherd Krunal Pandya Bhuvneshwar Kumar Rasikh Salam Josh Hazlewood Jacob Duffy सनराइजर्स हैदराबाद Pat Cummins (कप्तान) Abhishek Sharma Travis Head Ishan Kishan Heinrich Klaasen सलिल अरोड़ा आर स्मरण Nitish Kumar Reddy शिवांग कुमार ईशान मलिंगा साकिब हुसैन प्रफुल्ल हिंगे
Kolkata Knight Riders के लिए आज का मुकाबला सीजन का सबसे अहम मैच साबित हो सकता है। आईपीएल 2026 का 65वां मुकाबला शाम 7:30 बजे कोलकाता के ईडन गार्डन्स में Mumbai Indians और केकेआर के बीच खेला जाएगा। प्लेऑफ की दौड़ में बने रहने के लिए कोलकाता को हर हाल में जीत दर्ज करनी होगी। दूसरी तरफ मुंबई इंडियंस भले ही टूर्नामेंट से बाहर हो चुकी हो, लेकिन वह केकेआर की राह मुश्किल करने के इरादे से मैदान में उतरेगी। अंक तालिका में क्या है स्थिति? केकेआर ने अब तक 12 मुकाबलों में 11 अंक हासिल किए हैं और टीम फिलहाल आठवें स्थान पर है। वहीं मुंबई इंडियंस 8 अंकों के साथ नौवें नंबर पर मौजूद है। हालांकि मुंबई की प्लेऑफ की उम्मीदें खत्म हो चुकी हैं, लेकिन टीम अपने आखिरी मुकाबलों में जीत के साथ सीजन खत्म करना चाहेगी। प्लेऑफ की रेस इस समय बेहद रोमांचक मोड़ पर पहुंच चुकी है। बेंगलुरु, गुजरात और हैदराबाद की टीमें पहले ही अंतिम चार में जगह बना चुकी हैं। चौथे स्थान के लिए पंजाब, राजस्थान, चेन्नई, दिल्ली और कोलकाता के बीच कड़ी टक्कर जारी है। ऐसे में केकेआर के लिए अब हर मैच फाइनल जैसा बन गया है। हेड टू हेड में मुंबई भारी दोनों टीमों के बीच अब तक कुल 36 मुकाबले खेले गए हैं, जिनमें मुंबई इंडियंस का दबदबा साफ नजर आता है। मुंबई ने 25 मैच जीते हैं, जबकि कोलकाता को सिर्फ 11 जीत मिली हैं। इस सीजन की पिछली भिड़ंत में भी मुंबई ने केकेआर को हराया था। हार्दिक पांड्या की वापसी से मुंबई को राहत Hardik Pandya चोट की वजह से पिछले तीन मैचों से बाहर थे, लेकिन अब उनकी वापसी की संभावना जताई जा रही है। उन्होंने मंगलवार को नेट्स में बल्लेबाजी अभ्यास भी किया। हालांकि इस सीजन में हार्दिक का प्रदर्शन उम्मीद के मुताबिक नहीं रहा। उन्होंने 8 पारियों में सिर्फ 146 रन बनाए हैं और गेंदबाजी में भी महंगे साबित हुए हैं। मुंबई को लगा दोहरा झटका मुंबई इंडियंस को मैच से पहले बड़ा नुकसान भी हुआ है। विकेटकीपर बल्लेबाज Quinton de Kock और ऑलराउंडर Raj Angad Bawa चोट के कारण बाकी सीजन से बाहर हो गए हैं। डी कॉक को बाएं हाथ की कलाई में चोट लगी। राज अंगद बावा के दाएं अंगूठे में चोट आई है। डी कॉक ने इस सीजन सिर्फ 3 मैच खेले लेकिन पंजाब के खिलाफ नाबाद 112 रन की शानदार पारी खेली थी। पिच रिपोर्ट Eden Gardens की पिच बल्लेबाजों के लिए स्वर्ग मानी जाती है। यहां गेंद बल्ले पर अच्छी तरह आती है और छोटी बाउंड्री के कारण बड़े स्कोर देखने को मिलते हैं। शुरुआती ओवरों में तेज गेंदबाजों को स्विंग मिल सकती है, जबकि बाद में स्पिनर्स भी असर डाल सकते हैं। मौसम अपडेट कोलकाता में आज अधिकतम तापमान 37 डिग्री सेल्सियस तक जा सकता है। शाम के समय हल्की बारिश की 25 प्रतिशत संभावना है, लेकिन मैच के दौरान मौसम साफ रहने की उम्मीद है। संभावित प्लेइंग-11 कोलकाता नाइट राइडर्स: अजिंक्य रहाणे (कप्तान), फिन एलन, अंगकृष रघुवंशी, कैमरन ग्रीन, मनीष पांडे, रिंकू सिंह, सुनील नरेन, अनुकूल रॉय, कार्तिक त्यागी, सौरभ दुबे, वरुण चक्रवर्ती, मथीश पथिराना। मुंबई इंडियंस: हार्दिक पंड्या (कप्तान), रोहित शर्मा, रायन रिकेल्टन, नमन धीर, तिलक वर्मा, शेरफन रदरफोर्ड, विल जैक्स, रघु शर्मा, कॉर्बिन बॉश, शार्दूल ठाकुर, दीपक चाहर, जसप्रीत बुमराह। मैच में किन खिलाड़ियों पर रहेंगी नजरें? Rinku Singh Sunil Narine Rohit Sharma Jasprit Bumrah इन खिलाड़ियों का प्रदर्शन मैच का रुख तय कर सकता है। यह मुकाबला सिर्फ दो टीमों के बीच नहीं, बल्कि प्लेऑफ की उम्मीदों और सम्मान की लड़ाई भी होगा। अब देखना दिलचस्प होगा कि केकेआर अपने घरेलू मैदान पर दबाव झेल पाती है या मुंबई एक बार फिर उसका खेल बिगाड़ देती है।
Sunrisers Hyderabad ने IPL 2026 के 63वें मुकाबले में Chennai Super Kings को 5 विकेट से हराकर प्लेऑफ में अपनी जगह पक्की कर ली। लेकिन मैच के बाद सबसे ज्यादा चर्चा जीत से ज्यादा Ishan Kishan के सोशल मीडिया पोस्ट की हो रही है। चेपॉक में मिली इस बड़ी जीत के बाद ईशान किशन ने इंस्टाग्राम पर एक ऐसा कैप्शन पोस्ट किया, जिसे कई फैंस CSK पर सीधा तंज मान रहे हैं। 70 रन की मैच विनिंग पारी चेन्नई के M. A. Chidambaram Stadium में खेले गए मुकाबले में सनराइजर्स हैदराबाद ने शानदार प्रदर्शन किया। पहले बल्लेबाजी करते हुए CSK ने 20 ओवर में 180 रन बनाए। टीम के लिए Dewald Brevis ने 44 रन और कार्तिक शर्मा ने 32 रन की उपयोगी पारी खेली। जवाब में SRH ने 19 ओवर में 5 विकेट खोकर लक्ष्य हासिल कर लिया। ईशान किशन ने 47 गेंदों पर 70 रन की शानदार पारी खेली, जबकि Heinrich Klaasen ने 47 रन बनाकर टीम की जीत में अहम भूमिका निभाई। इंस्टाग्राम पोस्ट ने खींचा ध्यान मैच खत्म होने के बाद ईशान किशन ने इंस्टाग्राम पर पोस्ट शेयर करते हुए लिखा: “One thing louder than the whistle was the bat. Into the playoffs.” इस 12 शब्दों के कैप्शन को सोशल मीडिया पर तेजी से शेयर किया जा रहा है। कई फैंस इसे CSK के मशहूर नारे “Whistle Podu” पर तंज के तौर पर देख रहे हैं। चेन्नई सुपर किंग्स के घरेलू मुकाबलों में फैंस बड़ी संख्या में व्हिसल लेकर स्टेडियम पहुंचते हैं और टीम को सपोर्ट करते हैं। ऐसे में ईशान का यह पोस्ट सोशल मीडिया पर बहस का विषय बन गया। मैदान पर भी दिखा अलग अंदाज रिपोर्ट्स के मुताबिक, मैच खत्म होने के बाद ईशान किशन ने मैदान पर मौजूद दर्शकों की तरफ व्हिसल बजाने का इशारा किया और फिर हाथ के इशारे से “घर जाने” का संकेत भी दिया। यह मुकाबला CSK के घरेलू मैदान चेपॉक में खेला गया था, इसलिए इस प्रतिक्रिया को लेकर सोशल मीडिया पर काफी चर्चा हो रही है। शुभमन गिल भी कर चुके हैं ऐसा पोस्ट इससे पहले Shubman Gill भी CSK के खिलाफ जीत के बाद व्हिसल बजाते हुए फोटो पोस्ट कर चुके हैं। अब ईशान किशन का पोस्ट भी उसी तरह वायरल हो रहा है। प्लेऑफ में पहुंची SRH इस जीत के साथ सनराइजर्स हैदराबाद के 13 मैचों में 16 अंक हो गए हैं और टीम पॉइंट्स टेबल में तीसरे स्थान पर पहुंच गई है। अब SRH की नजरें टॉप-2 फिनिश पर होंगी। वहीं चेन्नई सुपर किंग्स के लिए प्लेऑफ की राह अब बेहद मुश्किल हो गई है।
चेन्नई, एजेंसियां। चेपॉक में सोमवार को खेले गए IPL 2026 के मुकाबले में सनराइजर्स हैदराबाद ने चेन्नई सुपर किंग्स को 5 विकेट से हरा दिया। चेन्नई ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में 7 विकेट पर 180 रन बनाए। जवाब में हैदराबाद ने 19 ओवर में 5 विकेट खोकर टारगेट हासिल कर लिया। इसी जीत के साथ हैदराबाद की टीम प्लेऑफ के लिए क्वालिफाई कर गई हैं। वहीं, चेन्नई की टीम के लिए टॉप-4 में पहुंचना काफी मुश्किल है। ईशान ने 70 रन की पारी खेली हैदराबाद की जीत के हीरो ईशान किशन रहे, जिन्होंने 47 गेंदों में 70 रन की शानदार पारी खेली। उनके अलावा हेनरिक क्लासन ने 26 गेंदों में 47 रन बनाकर रनचेज को मजबूती दी। अंत में सलील अरोड़ा (10) और आर स्मरण (5) ने तेजी से रन बनाकर मैच खत्म किया। चेन्नई की ओर से मुकेश चौधरी ने 2 विकेट लिए, जबकि अकील हुसैन, नूर अहमद और अंशुल कम्बोज को 1-1 सफलता मिली। ब्रेविस ने 44 रन बनाए चेन्नई की शुरुआत शानदार रही, संजू सैमसन ने सिर्फ 13 गेंदों में 27 रन ठोक दिए। इसके बाद कार्तिक शर्मा ने 19 गेंदों पर 32 रन की तेज पारी खेली, जबकि डेवाल्ड ब्रेविस ने 27 गेंदों में 44 रन बनाकर पारी को संभाला। अंत में शिवम दूबे ने 26 रन का योगदान दिया। ब्रेविस और शिवम के बीच पांचवें विकेट के लिए 59 रन की साझेदारी हुई। गेंदबाजी में पैट कमिंस सबसे सफल रहे। उन्होंने 4 ओवर में सिर्फ 28 रन देकर 3 बड़े विकेट झटके। साकिब हुसैन ने 2 विकेट लिए, जबकि ईशान मलिंगा और प्रफुल हिंगे को 1-1 सफलता मिली।
आईपीएल 2026 का रोमांच अपने चरम पर पहुंच चुका है। लीग स्टेज के 63वें मुकाबले में Sunrisers Hyderabad ने Chennai Super Kings को 5 विकेट से हराकर प्लेऑफ में अपनी जगह पक्की कर ली। इस जीत के साथ अब प्लेऑफ की तस्वीर लगभग साफ हो गई है और तीन टीमें आधिकारिक तौर पर क्वालीफाई कर चुकी हैं। Royal Challengers Bengaluru पहले ही अंतिम चार में पहुंच चुकी थी, जबकि अब Gujarat Titans और सनराइजर्स हैदराबाद ने भी प्लेऑफ का टिकट हासिल कर लिया है। हालांकि चौथे स्थान की जंग अभी बेहद दिलचस्प बनी हुई है, जहां पांच टीमें अब भी रेस में बनी हुई हैं। पॉइंट्स टेबल में किस टीम की क्या स्थिति? 13 मैचों में 9 जीत और 18 अंकों के साथ आरसीबी अंक तालिका में शीर्ष पर कायम है। गुजरात टाइटंस और सनराइजर्स हैदराबाद दोनों के 16-16 अंक हैं, लेकिन बेहतर नेट रन रेट के चलते गुजरात दूसरे स्थान पर है। चौथे स्थान के लिए सबसे मजबूत दावेदारी फिलहाल Punjab Kings की नजर आ रही है, जिनके 13 अंक हैं। वहीं Rajasthan Royals, चेन्नई सुपर किंग्स, Delhi Capitals और Kolkata Knight Riders भी प्लेऑफ की उम्मीदें बनाए हुए हैं। अपडेटेड IPL 2026 पॉइंट्स टेबल स्थान टीम मैच जीत हार अंक नेट रन रेट 1 RCB (Q) 13 9 4 18 +1.065 2 गुजरात टाइटंस (Q) 13 8 5 16 +0.400 3 सनराइजर्स हैदराबाद (Q) 13 8 5 16 +0.350 4 पंजाब किंग्स 13 6 6 13 +0.227 5 राजस्थान रॉयल्स 12 6 6 12 +0.027 6 चेन्नई सुपर किंग्स 13 6 7 12 -0.016 7 दिल्ली कैपिटल्स 13 6 7 12 -0.871 8 कोलकाता नाइट राइडर्स 12 5 6 11 -0.038 9 मुंबई इंडियंस (E) 12 4 8 8 -0.504 10 लखनऊ सुपर जायंट्स (E) 12 4 8 -0.701 मैच का पूरा हाल चेन्नई सुपर किंग्स ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में 8 विकेट पर 180 रन बनाए। टीम के लिए Dewald Brevis ने सबसे ज्यादा 44 रन बनाए। इसके अलावा कार्तिक शर्मा ने 32, Sanju Samson ने 27 और Shivam Dube ने 26 रनों का योगदान दिया। हैदराबाद की ओर से Pat Cummins ने शानदार गेंदबाजी करते हुए 3 विकेट झटके, जबकि साकिब हुसैन ने 2 विकेट हासिल किए। 181 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी सनराइजर्स हैदराबाद ने 19 ओवर में 5 विकेट गंवाकर मुकाबला अपने नाम कर लिया। Ishan Kishan ने 70 रनों की बेहतरीन पारी खेली, जबकि Heinrich Klaasen ने 47 और Abhishek Sharma ने 26 रन बनाए। चेन्नई के लिए मुकेश चौधरी ने 2 विकेट लिए, लेकिन वह टीम को हार से नहीं बचा सके। अब आईपीएल 2026 का अंतिम लीग चरण बेहद रोमांचक हो गया है, जहां चौथे प्लेऑफ स्थान के लिए हर मुकाबला करो या मरो जैसा होने वाला है।
Delhi Capitals ने आईपीएल 2026 के 62वें मुकाबले में Rajasthan Royals को 5 विकेट से हराकर प्लेऑफ की उम्मीदों को जिंदा रखा है। इस जीत के साथ दिल्ली कैपिटल्स अंकतालिका में सातवें स्थान पर पहुंच गई, जबकि राजस्थान रॉयल्स की राह अब और कठिन हो गई है। अब राजस्थान को प्लेऑफ में जगह बनाने के लिए अपने बाकी दोनों मुकाबले हर हाल में जीतने होंगे। राजस्थान की पारी: जुरेल और पराग ने संभाला मोर्चा टॉस जीतकर दिल्ली ने पहले गेंदबाजी का फैसला किया। राजस्थान की शुरुआत अच्छी नहीं रही और यशस्वी जायसवाल सिर्फ 12 रन बनाकर आउट हो गए। टीम का पहला विकेट 19 रन पर गिरा। इसके बाद वैभव सूर्यवंशी और ध्रुव जुरेल ने पारी को संभाला। दोनों बल्लेबाजों के बीच दूसरे विकेट के लिए 70 रन की साझेदारी हुई। सूर्यवंशी 46 रन बनाकर आउट हुए। इसके बाद ध्रुव जुरेल और रियान पराग ने तीसरे विकेट के लिए 72 रन जोड़कर राजस्थान को मजबूत स्थिति में पहुंचाया। रियान पराग ने 51 रन की शानदार पारी खेली, जबकि जुरेल ने 53 रन बनाए। हालांकि आखिरी ओवरों में राजस्थान की बल्लेबाजी लड़खड़ा गई और टीम 20 ओवर में 8 विकेट के नुकसान पर 193 रन ही बना सकी। दिल्ली के लिए गेंदबाजी में: मिचेल स्टार्क ने 4 विकेट लुंगी एनगिडी ने 2 विकेट माधव तिवारी ने 2 विकेट हासिल किए। दिल्ली की शानदार शुरुआत 194 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी दिल्ली कैपिटल्स की शुरुआत बेहद मजबूत रही। अभिषेक पोरेल और केएल राहुल ने पहले विकेट के लिए शतकीय साझेदारी कर राजस्थान के गेंदबाजों पर दबाव बना दिया। अभिषेक पोरेल ने 51 रन की अहम पारी खेली। इसके बाद साहिर पारख सिर्फ 9 रन बनाकर आउट हो गए। केएल राहुल ने भी शानदार बल्लेबाजी करते हुए 56 रन बनाए। उनके आउट होने तक दिल्ली मजबूत स्थिति में पहुंच चुकी थी। अक्षर पटेल और आशुतोष शर्मा ने दिलाई जीत मध्यक्रम में डेविड मिलर और ट्रिस्टन स्टब्स जल्दी आउट हो गए, लेकिन कप्तान अक्षर पटेल एक छोर पर टिके रहे। उन्होंने नाबाद 34 रन बनाकर टीम को जीत के करीब पहुंचाया। अंत में आशुतोष शर्मा ने तेज 18 रन बनाकर दिल्ली को 5 विकेट से यादगार जीत दिला दी। राजस्थान की ओर से: जोफ्रा आर्चर ने 2 विकेट बृजेश शर्मा ने 2 विकेट लिए। प्लेऑफ की रेस हुई और रोमांचक इस जीत के बाद दिल्ली कैपिटल्स ने प्लेऑफ की उम्मीदों को जिंदा रखा है। वहीं राजस्थान रॉयल्स के लिए अब हर मुकाबला फाइनल जैसा हो गया है। आने वाले मैच तय करेंगे कि कौन सी टीम अंतिम चार में जगह बना पाएगी।
Chennai Super Kings और Sunrisers Hyderabad के बीच आज आईपीएल 2026 का 63वां मुकाबला चेन्नई के एमए चिदंबरम स्टेडियम यानी चेपॉक में खेला जाएगा। प्लेऑफ की रेस अब बेहद रोमांचक मोड़ पर पहुंच चुकी है और ऐसे में यह मुकाबला दोनों टीमों के लिए किसी फाइनल से कम नहीं माना जा रहा। ऋतुराज गायकवाड़ की कप्तानी वाली चेन्नई सुपर किंग्स के लिए यह मैच “करो या मरो” की स्थिति में है। पिछले मुकाबले में लखनऊ से मिली हार के बाद टीम पर दबाव बढ़ गया है। दूसरी ओर, पैट कमिंस की अगुवाई वाली हैदराबाद इस मैच को जीतकर प्लेऑफ का टिकट लगभग पक्का करना चाहेगी। हेड टू हेड में CSK का दबदबा दोनों टीमों के बीच अब तक कुल 23 मुकाबले खेले गए हैं। इनमें चेन्नई ने 15 मैच जीते हैं, जबकि हैदराबाद को 8 मुकाबलों में सफलता मिली है। हालांकि हालिया फॉर्म की बात करें तो सनराइजर्स का पलड़ा थोड़ा भारी नजर आता है। पिछले सीजन में भी हैदराबाद ने चेन्नई को हराया था और इस सीजन के पहले मुकाबले में भी SRH ने जीत दर्ज की थी। चेपॉक की पिच कैसी रहेगी? चेन्नई का चेपॉक स्टेडियम लंबे समय से स्पिन गेंदबाजों के लिए मददगार माना जाता रहा है, लेकिन इस सीजन में तस्वीर कुछ अलग दिखाई दी है। यहां बल्लेबाजों ने खुलकर रन बनाए हैं और कई बार 200 से ज्यादा का स्कोर भी देखने को मिला है। हालांकि पिच कुछ मौकों पर धीमी भी रही है, जिससे स्पिनर्स को टर्न और अतिरिक्त मदद मिली। ऐसे में आज का मुकाबला बैट और बॉल दोनों के बीच शानदार टक्कर वाला हो सकता है। टॉस बन सकता है बड़ा फैक्टर इस सीजन में चेपॉक में खेले गए 6 मुकाबलों में से 4 मैच लक्ष्य का पीछा करने वाली टीम ने जीते हैं। यही वजह है कि टॉस जीतने वाली टीम पहले गेंदबाजी का फैसला ले सकती है। चेपॉक में अब तक कुल 97 आईपीएल मैच खेले गए हैं: पहले बल्लेबाजी करने वाली टीम जीती – 51 बार लक्ष्य का पीछा करने वाली टीम जीती – 44 बार 2 मुकाबले टाई रहे मौसम बिगाड़ सकता है खेल चेन्नई में आज गर्मी और उमस काफी ज्यादा रहने वाली है। शाम के समय बादल छाए रहने और हल्की बारिश या गरज के आसार भी बताए जा रहे हैं। तापमान 36 डिग्री सेल्सियस तक जा सकता है, जबकि रात में यह 27 डिग्री के आसपास रह सकता है। ऐसे में खिलाड़ियों की फिटनेस भी अहम भूमिका निभाएगी। किसका पलड़ा भारी? अगर घरेलू परिस्थितियों और रिकॉर्ड की बात करें तो चेन्नई सुपर किंग्स को हल्का फायदा मिल सकता है। लेकिन मौजूदा फॉर्म और आक्रामक बल्लेबाजी को देखें तो सनराइजर्स हैदराबाद भी किसी तरह कमजोर नहीं दिख रही। चेन्नई के लिए ऋतुराज गायकवाड़, शिवम दुबे और स्पिन अटैक अहम होंगे, जबकि हैदराबाद को ट्रेविस हेड, अभिषेक शर्मा और पैट कमिंस से बड़ी उम्मीदें होंगी। आज का मुकाबला सिर्फ दो अंकों का नहीं, बल्कि प्लेऑफ की उम्मीदों और दबाव की असली परीक्षा भी होगा।
Indian Premier League में Punjab Kings की लगातार चौथी हार के बाद टीम की रणनीति पर सवाल उठने लगे हैं। Delhi Capitals के खिलाफ 211 रन का बड़ा स्कोर बनाने के बावजूद पंजाब मुकाबला हार गया, और सबसे ज्यादा चर्चा इस बात की हो रही है कि कप्तान Shreyas Iyer ने अनुभवी स्पिनर Yuzvendra Chahal से एक भी ओवर क्यों नहीं करवाया। यह आईपीएल इतिहास में सिर्फ चौथा मौका था जब Yuzvendra Chahal ने पूरे मैच में एक भी गेंद नहीं डाली। खास बात यह रही कि धर्मशाला में खेले गए इस मुकाबले के सभी 39 ओवर तेज गेंदबाजों ने फेंके। अभिषेक मुकुंद ने बताया कहां हुई गलती पूर्व भारतीय ओपनर Abhinav Mukund ने मैच के बाद कहा कि पंजाब को मध्य ओवरों में चहल को कम से कम एक-दो ओवर जरूर देने चाहिए थे। उनके मुताबिक, जब स्कोरबोर्ड का दबाव था तब विकेट निकालने के लिए जोखिम लिया जा सकता था। उन्होंने कहा कि सातवें से दसवें ओवर के बीच चहल को गेंदबाजी दी जा सकती थी, खासकर उस समय जब Axar Patel और Tristan Stubbs बल्लेबाजी कर रहे थे। अगर प्रयोग सफल नहीं होता, तो टीम के पास Marcus Stoinis जैसे विकल्प मौजूद थे। Miller और Axar ने बदल दिया मैच दिल्ली की जीत में David Miller और Axar Patel की अहम भूमिका रही। दोनों बल्लेबाजों ने मध्य ओवरों में रन गति बनाए रखी और पंजाब के गेंदबाजों पर दबाव बना दिया। पूर्व न्यूजीलैंड तेज गेंदबाज Mitchell McClenaghan का मानना है कि चहल को खास तौर पर डेविड मिलर के खिलाफ इस्तेमाल किया जा सकता था। उन्होंने कहा कि मिलर अपने शुरुआती ओवरों में लेग स्पिन के खिलाफ थोड़ा सतर्क रहते हैं और चहल उनके लिए खतरा बन सकते थे। पंजाब ने डेथ ओवरों में गंवाया नियंत्रण पंजाब ने डेथ ओवरों में Marcus Stoinis और युवा तेज गेंदबाज Yash Thakur पर भरोसा जताया। उस समय दिल्ली को जीत के लिए 38 रन चाहिए थे, लेकिन दिल्ली के बल्लेबाजों ने दोनों ओवरों में तेजी से रन बनाकर मैच अपने नाम कर लिया। श्रेयस अय्यर ने क्या कहा? मैच के बाद कप्तान Shreyas Iyer ने माना कि चहल को गेंदबाजी देने पर विचार किया गया था। हालांकि उनका कहना था कि पिच पर तेज गेंदबाजों को काफी मदद मिल रही थी और टीम को लगा कि सही लाइन और लेंथ पर गेंदबाजी कर विकेट निकाले जा सकते हैं। लेकिन पंजाब के गेंदबाज उस योजना को पूरी तरह लागू नहीं कर सके और दिल्ली ने 19 ओवर में लक्ष्य हासिल कर लिया। अब भी प्लेऑफ की उम्मीद बरकरार लगातार चार हार के बावजूद Punjab Kings की प्लेऑफ उम्मीदें अभी खत्म नहीं हुई हैं। टीम के तीन मुकाबले बाकी हैं, जिनमें दो मैच निचले पायदान पर मौजूद Mumbai Indians और Lucknow Super Giants के खिलाफ हैं। ऐसे में पंजाब के पास वापसी का मौका अभी भी मौजूद है।
लगातार दूसरी हार से बिगड़ा समीकरण Royal Challengers Bengaluru को Lucknow Super Giants के खिलाफ मिली हार ने आईपीएल 2026 प्लेऑफ की रेस को और रोमांचक बना दिया है। रजत पाटीदार की कप्तानी वाली RCB अब अंक तालिका में तीसरे स्थान पर खिसक गई है। सीजन की शुरुआत में टीम ने पहले पांच मैचों में चार जीत दर्ज कर टॉप-2 की मजबूत दावेदार मानी जा रही थी, लेकिन लगातार दो हार के बाद अब स्थिति पहले जैसी आसान नहीं रही। SRH और PBKS बने बड़ी चुनौती इस समय Sunrisers Hyderabad और Punjab Kings अंक तालिका में RCB से ऊपर मौजूद हैं। खास बात यह है कि बेंगलुरु को अभी अपने बचे हुए मुकाबलों में पंजाब और हैदराबाद दोनों से भिड़ना है। ऐसे में टीम की टॉप-2 की उम्मीद अब इन मैचों पर काफी हद तक निर्भर करेगी। RCB को अभी मुंबई इंडियंस, कोलकाता नाइट राइडर्स, पंजाब किंग्स और सनराइजर्स हैदराबाद के खिलाफ मुकाबले खेलने हैं। क्या कहते हैं RCB के प्लेऑफ समीकरण? सभी 4 मैच जीते तो पक्का टॉप-2 अगर RCB अपने बाकी चारों मुकाबले जीत लेती है, तो टीम के 20 अंक हो जाएंगे। आईपीएल के 10 टीमों वाले फॉर्मेट में 20 अंक आमतौर पर टॉप-2 में जगह पक्की करने के लिए काफी माने जाते हैं। 3 मैच जीतने पर भी मजबूत दावेदारी अगर बेंगलुरु 4 में से 3 मुकाबले जीतती है, तो टीम 18 अंकों तक पहुंच जाएगी। RCB का नेट रन रेट (+1.234) फिलहाल काफी मजबूत है, जो उसे बड़ा फायदा दे सकता है। ऐसे में अगर दूसरी टीमें भी 18 अंकों पर खत्म करती हैं, तो बेहतर NRR के कारण RCB आगे निकल सकती है। हालांकि इसके लिए पंजाब और हैदराबाद जैसी टीमों को सीधे मुकाबलों में हराना बेहद जरूरी होगा। सिर्फ 2 जीत मिली तो बढ़ जाएगी टेंशन अगर RCB अपने आखिरी चार मैचों में सिर्फ दो जीत दर्ज करती है, तो टीम 16 अंकों तक ही पहुंच पाएगी। ऐसी स्थिति में टॉप-2 में पहुंचने के लिए उसे दूसरी टीमों के परिणामों पर निर्भर रहना पड़ेगा। साथ ही Rajasthan Royals और Gujarat Titans जैसी टीमों की हार भी जरूरी हो जाएगी। अब हर मैच बन गया ‘करो या मरो’ RCB के लिए आने वाले मुकाबले बेहद अहम माने जा रहे हैं। अगर टीम एक और मैच हारती है, तो वह टॉप-2 की रेस से बाहर होकर तीसरे या चौथे स्थान के लिए संघर्ष करती नजर आ सकती है। वहीं लगातार जीत टीम को सीधे क्वालिफायर-1 तक पहुंचा सकती है।
जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री Farooq Abdullah पर जम्मू में एक शादी समारोह के दौरान हुए हमले ने सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। घटना उस समय हुई जब वे एक कार्यक्रम से बाहर निकल रहे थे और भीड़ में मौजूद एक व्यक्ति ने उनके बेहद करीब आकर पिस्तौल तान दी और गोली चलाने की कोशिश की। हालांकि सुरक्षाकर्मियों की त्वरित कार्रवाई से यह हमला नाकाम हो गया और वे बाल-बाल बच गए। यह घटना जम्मू के ग्रेटर कैलाश इलाके में आयोजित एक विवाह समारोह में हुई, जहां Farooq Abdullah जम्मू-कश्मीर के उपमुख्यमंत्री Surinder Choudhary के साथ पहुंचे थे। कौन है हमलावर? पुलिस ने आरोपी की पहचान कमल सिंह जम्वाल (करीब 65 वर्ष) के रूप में की है, जो जम्मू के पुरानी मंडी इलाके का निवासी बताया जा रहा है। प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी ने दावा किया कि वह पिछले करीब 20 वर्षों से इस मौके का इंतज़ार कर रहा था। पुलिस के अनुसार कमल सिंह के पास एक लाइसेंसी पिस्तौल थी और घटना के समय वह कथित तौर पर नशे में भी था। सुरक्षाकर्मियों ने मौके से हथियार बरामद कर लिया है और उससे पूछताछ जारी है। जांच एजेंसियां यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि यह हमला व्यक्तिगत रंजिश का नतीजा था या इसके पीछे कोई बड़ी साजिश हो सकती है। CCTV में कैद हुई पूरी घटना घटना का CCTV फुटेज भी सामने आया है। वीडियो में दिखता है कि जैसे ही Farooq Abdullah समारोह से बाहर निकल रहे थे, आरोपी पीछे से तेजी से आया और उनकी कनपटी पर पिस्तौल तान दी। उसने फायर करने की कोशिश की, लेकिन उसी क्षण सुरक्षा में तैनात कमांडो सक्रिय हो गए और उसका हाथ झटक दिया, जिससे गोली लक्ष्य से चूक गई। इसके तुरंत बाद सुरक्षाकर्मियों और मौके पर मौजूद लोगों ने आरोपी को पकड़ लिया। घटना के बाद का वीडियो सोशल मीडिया पर भी तेजी से वायरल हो रहा है। सीएम उमर अब्दुल्ला ने उठाए सुरक्षा पर सवाल हमले के बाद जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री Omar Abdullah ने सोशल मीडिया पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि उनके पिता बाल-बाल बच गए। उन्होंने लिखा कि एक व्यक्ति भरी हुई पिस्तौल के साथ इतने करीब तक कैसे पहुंच गया, यह गंभीर सुरक्षा चूक का संकेत है। मुख्यमंत्री ने इस घटना की उच्च-स्तरीय जांच की मांग भी की है, ताकि सुरक्षा व्यवस्था में हुई संभावित खामियों का पता लगाया जा सके। घटना के समय उपमुख्यमंत्री Surinder Choudhary भी वहां मौजूद थे। इस दौरान उन्हें हल्की चोट आई, जिसके बाद मौके पर ही प्राथमिक उपचार दिया गया। पुलिस की जांच जारी जम्मू पुलिस के अनुसार हमला ग्रेटर कैलाश के रॉयल पार्क में आयोजित विवाह समारोह के दौरान हुआ। सुरक्षा दल ने तुरंत कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने बताया कि आरोपी की पिस्तौल जब्त कर ली गई है और उसके पारिवारिक पृष्ठभूमि, संपर्कों और मानसिक स्थिति की भी जांच की जा रही है। सुरक्षा एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि कहीं इस घटना के पीछे कोई बड़ी साजिश तो नहीं।
भारत के कानूनी और सामाजिक विमर्श में एक ऐतिहासिक और भावनात्मक मोड़ तब आया, जब सुप्रीम कोर्ट ने हरीश राणा को निष्क्रिय इच्छामृत्यु (Passive Euthanasia) की अनुमति दे दी। यह फैसला न केवल न्यायिक दृष्टि से अहम है, बल्कि मानवीय संवेदनाओं और पारिवारिक पीड़ा को भी गहराई से छूता है। 13 साल का संघर्ष: जीवन और मृत्यु के बीच अटका एक अस्तित्व हरीश राणा पिछले 13 वर्षों से अचेत अवस्था में जीवन और मृत्यु के बीच झूल रहे थे। एक हादसे में चंडीगढ़ स्थित हॉस्टल की चौथी मंज़िल से गिरने के बाद उनका शरीर तो जीवित रहा, लेकिन वे किसी भी प्रकार की प्रतिक्रिया देने में असमर्थ हो गए। इन वर्षों में उनके माता-पिता ने निरंतर उनकी सेवा की, लेकिन बढ़ती उम्र और शारीरिक थकान ने उन्हें एक कठिन निर्णय के सामने ला खड़ा किया-अपने ही बेटे के लिए मृत्यु की अनुमति मांगना। अदालत का फैसला: ‘गरिमामय मृत्यु’ की दिशा में कदम सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में निष्क्रिय इच्छामृत्यु की अनुमति दी, जिसमें जीवन को कृत्रिम रूप से बनाए रखने वाले उपकरणों को हटाया जाता है, ताकि व्यक्ति स्वाभाविक रूप से मृत्यु की ओर बढ़ सके। यह निर्णय भारत में इच्छामृत्यु को लेकर एक महत्वपूर्ण मिसाल बन गया है। इससे पहले भी ऐसे मामले सामने आए थे, जैसे अरुणा शानबाग का मामला, लेकिन तब अदालत ने अनुमति नहीं दी थी। एक सवाल जो दिल को झकझोरता है यह मामला सिर्फ कानूनी नहीं, बल्कि गहरे मानवीय और भावनात्मक सवाल भी खड़े करता है- क्या हरीश राणा अकेले मरेंगे? असल में, किसी की मृत्यु कभी अकेली नहीं होती। हरीश के साथ उनके माता-पिता का एक हिस्सा भी खत्म होगा-खासतौर पर उनकी मां, जिन्होंने अपने बेटे की इच्छामृत्यु की अनुमति पर हस्ताक्षर किए। यह निर्णय केवल कागज पर हस्ताक्षर नहीं, बल्कि एक मां के भीतर की पीड़ा, त्याग और टूटन का प्रतीक है। समाज और परिवार पर उठते बड़े सवाल इस घटना ने समाज के बदलते स्वरूप पर भी सवाल खड़े किए हैं- क्या आधुनिक जीवनशैली और टूटते पारिवारिक ढांचे लोगों को ऐसे फैसले लेने के लिए मजबूर कर रहे हैं? क्या ‘गरिमामय मृत्यु’ की मांग, ‘गरिमामय जीवन’ की कमी को दर्शाती है? हरीश राणा और अरुणा शानबाग जैसे मामलों ने यह दिखाया है कि कई बार जीवन केवल शरीर से नहीं, बल्कि रिश्तों और देखभाल से भी चलता है। कानून बनने की जरूरत और संभावित खतरे सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार को इच्छामृत्यु पर स्पष्ट कानून बनाने की भी सलाह दी है। हालांकि, इसके साथ एक चिंता भी जुड़ी है- कहीं इस कानून का दुरुपयोग तो नहीं होगा? विशेषज्ञों का मानना है कि बिना सख्त नियमों के, यह कानून कमजोर और बुजुर्ग लोगों के लिए खतरा बन सकता है। वहीं, कुछ परिवारों के लिए यह पीड़ा से मुक्ति का रास्ता भी साबित हो सकता है।
नई दिल्ली: लोकसभा स्पीकर Om Birla को पद से हटाने के लिए लाए गए अविश्वास प्रस्ताव पर संसद में सियासी घमासान तेज हो गया है। इस मुद्दे पर जारी बहस के बीच बुधवार को केंद्रीय गृह मंत्री Amit Shah लोकसभा में सरकार का पक्ष रखेंगे। माना जा रहा है कि उनके संबोधन के दौरान सदन में तीखी बहस और हंगामे की स्थिति बन सकती है। यह प्रस्ताव कांग्रेस सांसद Mohammed Javed ने पेश किया है, जिसे विपक्ष के कई दलों का समर्थन मिला है। प्रस्ताव को 50 से अधिक सांसदों का समर्थन मिलने के बाद इसे चर्चा के लिए स्वीकार किया गया। मंगलवार को सदन की कार्यवाही की अध्यक्षता कर रहे Jagadambika Pal ने प्रस्ताव पर चर्चा की अनुमति दी और इसके लिए कुल 10 घंटे का समय निर्धारित किया। उन्होंने सांसदों से अपील की कि वे बहस के दौरान केवल प्रस्ताव से जुड़े मुद्दों पर ही अपनी बात रखें। 118 विपक्षी सांसदों का समर्थन स्पीकर को हटाने के प्रस्ताव पर कुल 118 विपक्षी सांसदों ने हस्ताक्षर किए हैं। विपक्ष का आरोप है कि Om Birla ने सदन की कार्यवाही के दौरान निष्पक्षता नहीं बरती और कई मौकों पर ‘पक्षपातपूर्ण व्यवहार’ किया। इसी आरोप के आधार पर यह प्रस्ताव लाया गया है। मंगलवार को बहस शुरू होते ही प्रक्रिया को लेकर भी विवाद देखने को मिला। एआईएमआईएम प्रमुख Asaduddin Owaisi और कांग्रेस सांसद K. C. Venugopal ने आपत्ति जताते हुए कहा कि इस तरह की बहस की अध्यक्षता के लिए सदन को किसी सदस्य का चुनाव करना चाहिए। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि अध्यक्षों के पैनल से किसे कार्यवाही की अध्यक्षता के लिए चुना गया, इसका निर्णय किस आधार पर लिया गया। हालांकि सत्तारूढ़ दल के नेताओं ने इन आपत्तियों को खारिज कर दिया। भाजपा सांसद Ravi Shankar Prasad और Nishikant Dubey ने विपक्ष के आरोपों को निराधार बताते हुए कहा कि नियमों के तहत ही कार्यवाही चल रही है। गौरव गोगोई ने शुरू की बहस बहस की शुरुआत कांग्रेस सांसद Gaurav Gogoi ने की। उन्होंने कहा कि यह प्रस्ताव किसी व्यक्तिगत विरोध के कारण नहीं बल्कि संसद की गरिमा और निष्पक्षता बनाए रखने के उद्देश्य से लाया गया है। उन्होंने कहा, “यह प्रस्ताव सदन की गरिमा की रक्षा की जिम्मेदारी के तहत लाया गया है, न कि व्यक्तिगत रूप से स्पीकर के खिलाफ।” गोगोई ने संसदीय कार्य मंत्री Kiren Rijiju पर भी निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि वे अक्सर विपक्षी सांसदों की बातों में बाधा डालते हैं। उन्होंने कहा कि भविष्य में जब संसदीय रिकॉर्ड का अध्ययन होगा तो यह सामने आएगा कि विपक्ष की आवाज़ को सबसे अधिक बाधित किया गया। रिजिजू ने राहुल गांधी पर साधा निशाना अपने जवाब में Kiren Rijiju ने कांग्रेस नेता Rahul Gandhi पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि यदि कोई खुद को स्पीकर से ऊपर समझता है तो उसका “कोई इलाज नहीं है।” रिजिजू ने कहा कि संसद के नियम स्पष्ट हैं और सदन में बोलने के लिए स्पीकर की अनुमति जरूरी होती है, चाहे वह प्रधानमंत्री हो, मंत्री हो या विपक्ष का नेता। प्रियंका गांधी का पलटवार इस टिप्पणी पर कांग्रेस नेता Priyanka Gandhi Vadra ने तीखा पलटवार किया। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी जनता से जुड़े मुद्दों पर सरकार को बेखौफ होकर घेरते हैं और यही बात सत्तारूढ़ दल को असहज करती है। प्रियंका गांधी ने कहा, “पिछले 12 वर्षों में इस देश में केवल एक व्यक्ति है जिसने इनके सामने झुकने से इनकार किया है और वह विपक्ष के नेता हैं। वे जो सच बोलते हैं, उसे ये लोग पचा नहीं पाते।” आज जब गृह मंत्री Amit Shah इस प्रस्ताव पर सदन में अपना पक्ष रखेंगे, तब बहस और अधिक तीखी होने की संभावना है। ऐसे में लोकसभा में राजनीतिक टकराव और हंगामे के आसार बने हुए हैं।
लखनऊ, एजेंसियां। यौन उत्पीड़न के गंभीर आरोपों से घिरे Swami Avimukteshwaranand Saraswati को बड़ी कानूनी राहत मिली है। अलाहबाद हाई कोर्ट ने उनकी अग्रिम जमानत याचिका स्वीकार कर ली है, जिससे फिलहाल उनकी गिरफ्तारी पर रोक लग गई है। इसी मामले में उनके शिष्य Swami Mukundanand Giri को भी राहत दी गई है। फैसला सुरक्षित रखने के बाद सुनाया गया आदेश इस मामले में अदालत ने पहले ही सभी पक्षों की दलीलें सुन ली थीं और 27 फरवरी को फैसला सुरक्षित रख लिया था। विस्तृत सुनवाई के बाद न्यायमूर्ति जितेंद्र कुमार सिन्हा की एकल पीठ ने यह फैसला सुनाया। अदालत के इस निर्णय को आरोपियों के लिए बड़ी राहत के तौर पर देखा जा रहा है, हालांकि केस की जांच और आगे की कानूनी प्रक्रिया जारी रहेगी। मीडिया बयान पर भी कोर्ट की रोक हाईकोर्ट ने इस मामले को संवेदनशील मानते हुए एक अहम निर्देश भी दिया है। अदालत ने शिकायतकर्ता और आरोपियों—दोनों पक्षों को मीडिया में बयान देने से रोक दिया है, ताकि जांच और न्यायिक प्रक्रिया प्रभावित न हो। क्या है पूरा मामला? यह मामला नाबालिगों के कथित यौन शोषण से जुड़ा है। आरोप है कि आश्रम से जुड़े कुछ बच्चों के साथ गलत व्यवहार किया गया। शिकायत के आधार पर विशेष POCSO अदालत ने पुलिस को मामला दर्ज करने का निर्देश दिया था। इसके बाद प्रयागराज के झूंसी थाने में एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू की गई। जांच जारी, आगे भी होगी सुनवाई फिलहाल, अदालत से मिली अग्रिम जमानत के कारण गिरफ्तारी से राहत जरूर मिली है, लेकिन मामला खत्म नहीं हुआ है। पुलिस और संबंधित एजेंसियां जांच में जुटी हैं और आने वाले समय में इस केस में और भी कानूनी कार्रवाई हो सकती है।
गाजियाबाद/दिल्ली, एजेंसियां। 13 साल से कोमा में रहे 31 वर्षीय हरीश राणा का पार्थिव शरीर बुधवार सुबह 8.30 बजे अंतिम संस्कार के लिए दिल्ली के ग्रीन पार्क श्मशान घाट लाया गया। पिता अशोक राणा ने बेटे को आखिरी बार प्रणाम किया और कहा, “कोई रोए न, बेटा शांति से जाए। उसे भगवान का आशीर्वाद मिले।” थोड़ी देर बाद हरीश का अंतिम संस्कार किया गया, जिसमें उनके भाई ने मुखाग्नि दी। क्या है मामला? हरीश 2013 में हॉस्टल की चौथी मंजिल से गिरने के बाद क्वाड्रिप्लेजिया और गंभीर लकवे के कारण कोमा में चले गए थे। बीते 13 वर्षों में उनका जीवन केवल लाइफ सपोर्ट सिस्टम पर निर्भर रहा। 11 मार्च को सुप्रीम कोर्ट ने पैसिव यूथेनेशिया यानी इच्छामृत्यु की अनुमति दी थी, जिससे हरीश की जिंदगी का अंत उनके परिवार की सहमति और मेडिकल बोर्डों की मंजूरी के तहत संभव हुआ। कैसे हुई मौत ? एम्स में हरीश को पैसिव यूथेनेशिया के तहत जीवनरक्षक उपकरण और फीडिंग ट्यूब से हटाया गया। परिवार ने हरीश के हार्ट वाल्व और कॉर्निया दान कर दिए। इस प्रक्रिया ने भारत में इच्छामृत्यु के कानूनी मान्यता प्राप्त पहले मामले का उदाहरण पेश किया।अंतिम संस्कार के दौरान माता निर्मला राणा और पिता अशोक राणा भावुक नजर आए। यूपी कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय और ब्रह्मकुमारी लवली समेत अन्य लोग मौजूद रहे। घाट पर हरीश का पार्थिव शरीर फूलों और उपलों से सजाया गया। पिता ने अंतिम संस्कार के समय सबको संयम रखने और शांति बनाए रखने की अपील की। सुप्रीम कोर्ट ने क्या कहा ? सुप्रीम कोर्ट ने 2018 में इच्छामृत्यु के लिए नियम बनाए थे। इसके तहत या तो मरीज ने लिविंग विल लिखी हो या परिवार/करीबी निर्णय लें। पैसिव यूथेनेशिया में इलाज या लाइफ सपोर्ट रोक दिया जाता है, जबकि एक्टिव यूथेनेशिया भारत में गैरकानूनी है। हरीश राणा का यह मामला न केवल परिवार के साहस का प्रतीक है, बल्कि देश में इच्छामृत्यु के संवैधानिक अधिकार को भी सामने लाता है।