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UBI Invites Applications for 1865 Apprentice Posts

UBI Apprentices Recruitment 2026: यूनियन बैंक में 1865 पदों पर बंपर भर्ती, ग्रेजुएट्स के लिए सुनहरा मौका

surbhi मई 2, 2026 0
Union Bank of India recruitment notification for 1865 apprentice posts in 2026
UBI Apprentice Recruitment 2026 Apply Online

बैंकिंग सेक्टर में करियर बनाने का सपना देख रहे युवाओं के लिए बड़ी खुशखबरी है। Union Bank of India (UBI) ने अप्रेंटिस के 1865 पदों पर भर्ती के लिए आवेदन प्रक्रिया शुरू कर दी है। यह अवसर खासतौर पर उन ग्रेजुएट उम्मीदवारों के लिए है, जो बैंकिंग क्षेत्र में अपना करियर शुरू करना चाहते हैं और व्यावहारिक अनुभव हासिल करना चाहते हैं।

आवेदन की तारीख और प्रक्रिया

इस भर्ती के लिए आवेदन प्रक्रिया 29 अप्रैल 2026 से शुरू हो चुकी है और इच्छुक उम्मीदवार 19 मई 2026 तक ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। आवेदन करने के लिए उम्मीदवारों को यूनियन बैंक की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर रजिस्ट्रेशन करना होगा।

कैसे करें अप्लाई?

  • सबसे पहले आधिकारिक वेबसाइट unionbankofindia.bank.in पर जाएं
  • “UBI Apprentices Recruitment 2026” लिंक पर क्लिक करें
  • अपनी बेसिक डिटेल्स भरकर रजिस्ट्रेशन करें
  • रजिस्ट्रेशन के बाद आवेदन फॉर्म भरें
  • जरूरी दस्तावेज अपलोड करें
  • आवेदन शुल्क जमा करें
  • अंत में फॉर्म सबमिट कर उसका प्रिंटआउट सुरक्षित रखें

कौन कर सकता है आवेदन?

इस भर्ती में आवेदन करने के लिए उम्मीदवार के पास किसी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से किसी भी विषय (BA, BSc, BCom आदि) में ग्रेजुएशन की डिग्री होना जरूरी है।

  • आयु सीमा: 20 से 28 वर्ष
  • आरक्षित वर्ग के उम्मीदवारों को नियमानुसार आयु में छूट मिलेगी
  • जिस राज्य से आवेदन कर रहे हैं, वहां की स्थानीय भाषा का ज्ञान अनिवार्य है (पढ़ना, लिखना और बोलना)

वैकेंसी का विवरण

  • UR (अनारक्षित): 823 पद
  • OBC: 447 पद
  • EWS: 175 पद
  • SC: 289 पद
  • ST: 131 पद
    कुल पद: 1865

स्टाइपेंड और फायदे

अप्रेंटिसशिप के दौरान उम्मीदवारों को हर महीने लगभग 15,000 से 18,000 रुपये तक स्टाइपेंड मिल सकता है। इसके साथ ही:

  • बैंकिंग सेक्टर में रियल टाइम वर्क एक्सपीरियंस
  • सरकारी बैंक का सर्टिफिकेट
  • भविष्य में बैंकिंग नौकरियों में प्राथमिकता मिलने की संभावना

यह भर्ती न केवल नौकरी का अवसर देती है, बल्कि बैंकिंग इंडस्ट्री को करीब से समझने और अपने स्किल्स को मजबूत करने का बेहतरीन प्लेटफॉर्म भी है।

 

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लोकसभा स्पीकर के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पर आज अमित शाह का भाषण, सदन में हंगामे के आसार

  नई दिल्ली: लोकसभा स्पीकर Om Birla को पद से हटाने के लिए लाए गए अविश्वास प्रस्ताव पर संसद में सियासी घमासान तेज हो गया है। इस मुद्दे पर जारी बहस के बीच बुधवार को केंद्रीय गृह मंत्री Amit Shah लोकसभा में सरकार का पक्ष रखेंगे। माना जा रहा है कि उनके संबोधन के दौरान सदन में तीखी बहस और हंगामे की स्थिति बन सकती है। यह प्रस्ताव कांग्रेस सांसद Mohammed Javed ने पेश किया है, जिसे विपक्ष के कई दलों का समर्थन मिला है। प्रस्ताव को 50 से अधिक सांसदों का समर्थन मिलने के बाद इसे चर्चा के लिए स्वीकार किया गया। मंगलवार को सदन की कार्यवाही की अध्यक्षता कर रहे Jagadambika Pal ने प्रस्ताव पर चर्चा की अनुमति दी और इसके लिए कुल 10 घंटे का समय निर्धारित किया। उन्होंने सांसदों से अपील की कि वे बहस के दौरान केवल प्रस्ताव से जुड़े मुद्दों पर ही अपनी बात रखें।   118 विपक्षी सांसदों का समर्थन स्पीकर को हटाने के प्रस्ताव पर कुल 118 विपक्षी सांसदों ने हस्ताक्षर किए हैं। विपक्ष का आरोप है कि Om Birla ने सदन की कार्यवाही के दौरान निष्पक्षता नहीं बरती और कई मौकों पर ‘पक्षपातपूर्ण व्यवहार’ किया। इसी आरोप के आधार पर यह प्रस्ताव लाया गया है। मंगलवार को बहस शुरू होते ही प्रक्रिया को लेकर भी विवाद देखने को मिला। एआईएमआईएम प्रमुख Asaduddin Owaisi और कांग्रेस सांसद K. C. Venugopal ने आपत्ति जताते हुए कहा कि इस तरह की बहस की अध्यक्षता के लिए सदन को किसी सदस्य का चुनाव करना चाहिए। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि अध्यक्षों के पैनल से किसे कार्यवाही की अध्यक्षता के लिए चुना गया, इसका निर्णय किस आधार पर लिया गया। हालांकि सत्तारूढ़ दल के नेताओं ने इन आपत्तियों को खारिज कर दिया। भाजपा सांसद Ravi Shankar Prasad और Nishikant Dubey ने विपक्ष के आरोपों को निराधार बताते हुए कहा कि नियमों के तहत ही कार्यवाही चल रही है।   गौरव गोगोई ने शुरू की बहस बहस की शुरुआत कांग्रेस सांसद Gaurav Gogoi ने की। उन्होंने कहा कि यह प्रस्ताव किसी व्यक्तिगत विरोध के कारण नहीं बल्कि संसद की गरिमा और निष्पक्षता बनाए रखने के उद्देश्य से लाया गया है। उन्होंने कहा, “यह प्रस्ताव सदन की गरिमा की रक्षा की जिम्मेदारी के तहत लाया गया है, न कि व्यक्तिगत रूप से स्पीकर के खिलाफ।” गोगोई ने संसदीय कार्य मंत्री Kiren Rijiju पर भी निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि वे अक्सर विपक्षी सांसदों की बातों में बाधा डालते हैं। उन्होंने कहा कि भविष्य में जब संसदीय रिकॉर्ड का अध्ययन होगा तो यह सामने आएगा कि विपक्ष की आवाज़ को सबसे अधिक बाधित किया गया।   रिजिजू ने राहुल गांधी पर साधा निशाना अपने जवाब में Kiren Rijiju ने कांग्रेस नेता Rahul Gandhi पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि यदि कोई खुद को स्पीकर से ऊपर समझता है तो उसका “कोई इलाज नहीं है।” रिजिजू ने कहा कि संसद के नियम स्पष्ट हैं और सदन में बोलने के लिए स्पीकर की अनुमति जरूरी होती है, चाहे वह प्रधानमंत्री हो, मंत्री हो या विपक्ष का नेता।   प्रियंका गांधी का पलटवार इस टिप्पणी पर कांग्रेस नेता Priyanka Gandhi Vadra ने तीखा पलटवार किया। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी जनता से जुड़े मुद्दों पर सरकार को बेखौफ होकर घेरते हैं और यही बात सत्तारूढ़ दल को असहज करती है। प्रियंका गांधी ने कहा, “पिछले 12 वर्षों में इस देश में केवल एक व्यक्ति है जिसने इनके सामने झुकने से इनकार किया है और वह विपक्ष के नेता हैं। वे जो सच बोलते हैं, उसे ये लोग पचा नहीं पाते।” आज जब गृह मंत्री Amit Shah इस प्रस्ताव पर सदन में अपना पक्ष रखेंगे, तब बहस और अधिक तीखी होने की संभावना है। ऐसे में लोकसभा में राजनीतिक टकराव और हंगामे के आसार बने हुए हैं।  

यौन उत्पीड़न केस में शंकराचार्य को राहत, हाईकोर्ट ने दी अग्रिम जमानत

लखनऊ, एजेंसियां। यौन उत्पीड़न के गंभीर आरोपों से घिरे Swami Avimukteshwaranand Saraswati को बड़ी कानूनी राहत मिली है। अलाहबाद हाई कोर्ट  ने उनकी अग्रिम जमानत याचिका स्वीकार कर ली है, जिससे फिलहाल उनकी गिरफ्तारी पर रोक लग गई है। इसी मामले में उनके शिष्य Swami Mukundanand Giri को भी राहत दी गई है।   फैसला सुरक्षित रखने के बाद सुनाया गया आदेश इस मामले में अदालत ने पहले ही सभी पक्षों की दलीलें सुन ली थीं और 27 फरवरी को फैसला सुरक्षित रख लिया था। विस्तृत सुनवाई के बाद न्यायमूर्ति जितेंद्र कुमार सिन्हा की एकल पीठ ने यह फैसला सुनाया। अदालत के इस निर्णय को आरोपियों के लिए बड़ी राहत के तौर पर देखा जा रहा है, हालांकि केस की जांच और आगे की कानूनी प्रक्रिया जारी रहेगी।   मीडिया बयान पर भी कोर्ट की रोक हाईकोर्ट ने इस मामले को संवेदनशील मानते हुए एक अहम निर्देश भी दिया है। अदालत ने शिकायतकर्ता और आरोपियों—दोनों पक्षों को मीडिया में बयान देने से रोक दिया है, ताकि जांच और न्यायिक प्रक्रिया प्रभावित न हो।   क्या है पूरा मामला? यह मामला नाबालिगों के कथित यौन शोषण से जुड़ा है। आरोप है कि आश्रम से जुड़े कुछ बच्चों के साथ गलत व्यवहार किया गया। शिकायत के आधार पर विशेष POCSO अदालत ने पुलिस को मामला दर्ज करने का निर्देश दिया था। इसके बाद प्रयागराज के झूंसी थाने में एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू की गई।   जांच जारी, आगे भी होगी सुनवाई फिलहाल, अदालत से मिली अग्रिम जमानत के कारण गिरफ्तारी से राहत जरूर मिली है, लेकिन मामला खत्म नहीं हुआ है। पुलिस और संबंधित एजेंसियां जांच में जुटी हैं और आने वाले समय में इस केस में और भी कानूनी कार्रवाई हो सकती है।

इच्छामृत्यु के बाद Harish Rana को अंतिम विदाई, पिता की मार्मिक अपील- "रोना मत"

गाजियाबाद/दिल्ली, एजेंसियां। 13 साल से कोमा में रहे 31 वर्षीय हरीश राणा का पार्थिव शरीर बुधवार सुबह 8.30 बजे अंतिम संस्कार के लिए दिल्ली के ग्रीन पार्क श्मशान घाट लाया गया। पिता अशोक राणा ने बेटे को आखिरी बार प्रणाम किया और कहा, “कोई रोए न, बेटा शांति से जाए। उसे भगवान का आशीर्वाद मिले।” थोड़ी देर बाद हरीश का अंतिम संस्कार किया गया, जिसमें उनके भाई ने मुखाग्नि दी।   क्या है मामला? हरीश 2013 में हॉस्टल की चौथी मंजिल से गिरने के बाद क्वाड्रिप्लेजिया और गंभीर लकवे के कारण कोमा में चले गए थे। बीते 13 वर्षों में उनका जीवन केवल लाइफ सपोर्ट सिस्टम पर निर्भर रहा। 11 मार्च को सुप्रीम कोर्ट ने पैसिव यूथेनेशिया यानी इच्छामृत्यु की अनुमति दी थी, जिससे हरीश की जिंदगी का अंत उनके परिवार की सहमति और मेडिकल बोर्डों की मंजूरी के तहत संभव हुआ।   कैसे हुई  मौत ? एम्स में हरीश को पैसिव यूथेनेशिया के तहत जीवनरक्षक उपकरण और फीडिंग ट्यूब से हटाया गया। परिवार ने हरीश के हार्ट वाल्व और कॉर्निया दान कर दिए। इस प्रक्रिया ने भारत में इच्छामृत्यु के कानूनी मान्यता प्राप्त पहले मामले का उदाहरण पेश किया।अंतिम संस्कार के दौरान माता निर्मला राणा और पिता अशोक राणा भावुक नजर आए। यूपी कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय और ब्रह्मकुमारी लवली समेत अन्य लोग मौजूद रहे। घाट पर हरीश का पार्थिव शरीर फूलों और उपलों से सजाया गया। पिता ने अंतिम संस्कार के समय सबको संयम रखने और शांति बनाए रखने की अपील की।   सुप्रीम कोर्ट ने क्या  कहा ? सुप्रीम कोर्ट ने 2018 में इच्छामृत्यु के लिए नियम बनाए थे। इसके तहत या तो मरीज ने लिविंग विल लिखी हो या परिवार/करीबी निर्णय लें। पैसिव यूथेनेशिया में इलाज या लाइफ सपोर्ट रोक दिया जाता है, जबकि एक्टिव यूथेनेशिया भारत में गैरकानूनी है। हरीश राणा का यह मामला न केवल परिवार के साहस का प्रतीक है, बल्कि देश में इच्छामृत्यु के संवैधानिक अधिकार को भी सामने लाता है।

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UP vacancy 2026
यूपी में 2085 पदों पर वैकेंसी, 25 अप्रैल से आवेदन

लखनऊ, एजेंसियां। उत्तर प्रदेश सहकारी संस्था सेवा बोर्ड (UPCISB) ने 2026 में 2085 पदों पर भर्ती के लिए नोटिफिकेशन जारी किया है। यह भर्ती बैंकिंग, नॉन-बैंकिंग और तकनीकी सेवाओं के विभिन्न पदों पर होगी। 25 अप्रैल से उम्मीदवार ऑफिशियल वेबसाइट www.upcisb.upsdc.gov.in पर जाकर अप्लाई कर सकते हैं।   शैक्षणिक योग्यता : मैनेजर : बी.कॉम में 55% अंक या इकोनॉमिक्स/मैथ्स/स्टैटिक्स में न्यूनतम 55% अंकों के साथ ग्रेजुएशन की डिग्री। कंप्यूटर साइंस में ओ लेवल डिग्री। जूनियर मैनेजर : बी.कॉम में 55% अंक या बी.टेक (सीएस/आईटी), बीसीए, एमसीए या बैंकिंग/फायनेंस/एचआर में बीबीए/एमबीए की डिग्री। असिस्टेंट/कैशियर : न्यूनतम 55% अंकों के साथ ग्रेजुएशन की डिग्री। सीसीसी कंप्यूटर सर्टिफिकेट प्राप्त होना चाहिए। असिस्टेंट इंजीनियर : सिविल इंजीनियरिंग में ग्रेजुएशन की डिग्री। जूनियर इंजीनियर (सिविल) : सिविल इंजीनियरिंग में डिप्लोमा या ग्रेजुएशन की डिग्री। स्टेनोग्राफर : ग्रेजुएशन की डिग्री। हिंदी/अंग्रेजी शॉर्टहैंड (80 शब्द प्रति मिनट), टाइपिंग (30/40 शब्द प्रति मिनट) सीसीसी सर्टिफिकेट जरूरी। असिस्टेंट अकाउंटेंट : 50% अंकों के साथ बीएससी, सीसीसी या ‘ओ’ लेवल कंप्यूटर कोर्स किया होना जरूरी है। उम्र सीमा : न्यूनतम : 21 साल अधिकतम : 40 साल फीस : सामान्य/ओबीसी : 500 रुपए एससी/एसटी : 250 रुपए चयन प्रक्रिया : प्रीलिम्स एग्जाम मेन्स एग्जाम इंटरव्यू परीक्षा पैटर्न : प्रीलिम्स एग्जाम : सब्जेक्ट    क्वेश्चन    मार्क्स क्वांटिटेटिव एप्टीट्यूड 35    35 रीजनिंग एबिलिटी 35    35 हिंदी एंड इंग्लिश 20    20 कोऑपरेटिव 10    10 टोटल 100    100 मेन्स एग्जाम : पोस्ट टाइप    क्वेश्चन    मार्क्स आल पोस्ट    120    120 सैलरी : मैनेजर : 34,000 - 88,000 रुपए प्रतिमाह जूनियर मैनेजर : 29,600 - 82,100 रुपए प्रतिमाह असिस्टेंट/कैशियर : 25,620 - 64,670 रुपए प्रतिमाह इंजीनियर : 35,400 - 1,77,500 रुपए प्रतिमाह ऐसे करें आवेदन : ऑफिशियल वेबसाइट www.upcisb.upsdc.gov.in पर जाएं। UPCISB Recruitment 2026 पर क्लिक करें। रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया को पूरा करें। पर्सनल और एजुकेशनल डिटेल्स दर्ज करें। एजुकेशनल डॉक्यूमेंट्स सहित फोटो और सिग्नेचर अपलोड करें। आवेदन फीस भरें। अब सब्मिट बटन पर क्लिक करें। आवेदन फॉर्म डाउनलोड कर लें। इसका प्रिंटआउट निकाल कर रखें।

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